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450 करोड़ के घोटाले में कार्रवाई नए कुलपति की चुनौती
Updated Tue, 20 Feb 2018 12:32 AM IST
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450 करोड़ के घोटाले में कार्रवाई नए कुलपति की चुनौती
फैजाबाद। आचार्य नरेंद्रदेव कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय के लिए शासन ने नए कुलपति को नियुक्त कर दिया है। भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के पूर्व उपमहानिदेशक जेएस संधु बुधवार को पदभार ग्रहण करेंगे। उनके लिए नैक मूल्यांकन में विश्वविद्यालय को मानकों पर खरा उतारना, भारतीय महालेखा परीक्षक की रिपोर्ट के अनुसार 450 करोड़ के घोटाले में कार्रवाई कराना और शिक्षकों के अभाव से कोर्सों की घटती सीटें बड़ी चुनौतियां होंगी।
आचार्य नरेंद्रदेव कृषि एंव प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय में साढ़े तीन साल से ज्यादा समय तक कुलपति रहे प्रो. अख्तर हसीब के कार्यकाल में पहले से हुए कई बड़े घोटालों का पर्दाफाश हुआ था। वर्ष 2003 की सादे कागज पर दी गई तदर्थ नियुक्तियों को वर्ष 1986 से नियमित करते हुए वरिष्ठता प्रदान करने, बिना साक्षात्कार के नियुक्त हुए एसआरए व जेआरए को शिक्षक का दर्जा दिए जाने, भारत के महालेखा परीक्षक की रिपोर्ट में 450 करोड़ से अधिक की वित्तीय अनियमितता का मामला उजागर हुआ था। इसके अलावा पुस्तकालय के डिजिटलाइजेशन के लिए स्वीकृत 75 करोड़ की राशि का गबन, विश्वविद्यालय परिसर में वाई-फाई बनाने के लिए 75 लाख का घोटाले आदि के खिलाफ प्रो. अख्तर हसीब ने राज्यपाल व मुख्यमंत्री आदि से शिकायतें कीं। इससे प्रभावित होने वालों का विश्वविद्यालय में एक गुट खड़ा हो गया था। अब जब नए कुलपति का आगमन होने जा रहा है तो यह तमाम वित्तीय अनियमितताओं की जांच एक बार फिर से चर्चा का विषय है। वैसे भी अभी तक पढ़ाई की गुणवत्ता व शोध के विषयों में भी कोई क्रांतिकारी परिवर्तन नहीं हुए है। नेक ग्रेडिंग भी अभी तक विश्वविद्यालय को नहीं मिल पाई है। बताया जा रहा हैै कि नेक ग्रेडिंग टीम जब आई थी तो घोटालों के कारण ही ग्रेडिंग नहीं मिल पाई थी। नेक के लिए जो आवश्यक संसाधन चाहिए थे वह विश्वविद्यालय को नहीं मिल पाए थे। दूसरी ओर सभी विश्वविद्यालयों में पाठ्यक्रमों की निर्धारित सीट में प्रति वर्ष कुछ न कुछ बढ़ोत्तरी होती है, लेकिन एनडी यूनिवर्सिटी में सीटों का घटना अपने आप में बहुत बड़ा प्रश्न है। इसके लिए पूरी व्यवस्था में खासा परिवर्तन करना होगा। इन सब के साथ विश्वविद्यालय में अनुशासन भी किसी चुनौती से कम नहीं होगा। विश्वविद्यालय के मीडिया प्रभारी उमेश पाठक का कहना है कि भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के पूर्व उपमहानिदेशक जेएस संधु बुधवार को यहां नए कुलपति का पदभार ग्रहण करेंगे। यह सूचना आ गई है।
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फैजाबाद। आचार्य नरेंद्रदेव कृषि एवं प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय के लिए शासन ने नए कुलपति को नियुक्त कर दिया है। भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के पूर्व उपमहानिदेशक जेएस संधु बुधवार को पदभार ग्रहण करेंगे। उनके लिए नैक मूल्यांकन में विश्वविद्यालय को मानकों पर खरा उतारना, भारतीय महालेखा परीक्षक की रिपोर्ट के अनुसार 450 करोड़ के घोटाले में कार्रवाई कराना और शिक्षकों के अभाव से कोर्सों की घटती सीटें बड़ी चुनौतियां होंगी।
आचार्य नरेंद्रदेव कृषि एंव प्रौद्योगिक विश्वविद्यालय में साढ़े तीन साल से ज्यादा समय तक कुलपति रहे प्रो. अख्तर हसीब के कार्यकाल में पहले से हुए कई बड़े घोटालों का पर्दाफाश हुआ था। वर्ष 2003 की सादे कागज पर दी गई तदर्थ नियुक्तियों को वर्ष 1986 से नियमित करते हुए वरिष्ठता प्रदान करने, बिना साक्षात्कार के नियुक्त हुए एसआरए व जेआरए को शिक्षक का दर्जा दिए जाने, भारत के महालेखा परीक्षक की रिपोर्ट में 450 करोड़ से अधिक की वित्तीय अनियमितता का मामला उजागर हुआ था। इसके अलावा पुस्तकालय के डिजिटलाइजेशन के लिए स्वीकृत 75 करोड़ की राशि का गबन, विश्वविद्यालय परिसर में वाई-फाई बनाने के लिए 75 लाख का घोटाले आदि के खिलाफ प्रो. अख्तर हसीब ने राज्यपाल व मुख्यमंत्री आदि से शिकायतें कीं। इससे प्रभावित होने वालों का विश्वविद्यालय में एक गुट खड़ा हो गया था। अब जब नए कुलपति का आगमन होने जा रहा है तो यह तमाम वित्तीय अनियमितताओं की जांच एक बार फिर से चर्चा का विषय है। वैसे भी अभी तक पढ़ाई की गुणवत्ता व शोध के विषयों में भी कोई क्रांतिकारी परिवर्तन नहीं हुए है। नेक ग्रेडिंग भी अभी तक विश्वविद्यालय को नहीं मिल पाई है। बताया जा रहा हैै कि नेक ग्रेडिंग टीम जब आई थी तो घोटालों के कारण ही ग्रेडिंग नहीं मिल पाई थी। नेक के लिए जो आवश्यक संसाधन चाहिए थे वह विश्वविद्यालय को नहीं मिल पाए थे। दूसरी ओर सभी विश्वविद्यालयों में पाठ्यक्रमों की निर्धारित सीट में प्रति वर्ष कुछ न कुछ बढ़ोत्तरी होती है, लेकिन एनडी यूनिवर्सिटी में सीटों का घटना अपने आप में बहुत बड़ा प्रश्न है। इसके लिए पूरी व्यवस्था में खासा परिवर्तन करना होगा। इन सब के साथ विश्वविद्यालय में अनुशासन भी किसी चुनौती से कम नहीं होगा। विश्वविद्यालय के मीडिया प्रभारी उमेश पाठक का कहना है कि भारतीय कृषि अनुसंधान परिषद के पूर्व उपमहानिदेशक जेएस संधु बुधवार को यहां नए कुलपति का पदभार ग्रहण करेंगे। यह सूचना आ गई है।
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