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2200 एनसीसी कैडेट्स के भविष्य पर खतरा

Fri, 04 Mar 2022 12:23 AM IST
Kanpur	 Bureau कानपुर ब्यूरो
Updated Fri, 04 Mar 2022 12:23 AM IST
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Threat to the future of 2200 NCC cadets
इटावा। इटावा, मैनपुरी, औरैया और फिरोजाबाद के 2200 एनसीसी कैडेट्स का ब्योरा रखने वाला चार बटालियन एनसीसी का कार्यालय कभी भी बंद किया जा सकता है। इटावा के माल गोदाम रोड स्थिति एनसीसी कार्यालय का भवन जर्जर हो चुका है। पीडब्ल्यूडी भी भवन को जर्जर घोषित कर चुकी है।
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सूत्रों के मुताबिक मुख्यालय से भी इस कार्यालय को बंद करने के लिए कागजी कार्यवाही शुरू है। यहां कार्यरत अधिकारियों ने बताया कि कार्यालय को बंद करने का फरमान कभी भी जारी हो सकता है।
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कार्यालय बंद होने के बाद कामकाज कहां से होगा, कार्यालय क्या किसी दूसरे शहर में खुलेगा, अलग-अलग जिलों में ट्रेनिंग ले रहे 2200 कैडेट्स का क्या होगा, इस पर अभी संशय की स्थिति है और किसी तरह का कोई निर्णय नहीं लिया
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गया है। शहर के माल गोदाम रोड पर स्थित एनसीसी कार्यालय की हालत देखकर यहां तैनात कर्मचारी और अधिकारी काम करने से डरते हैं। हर पल उन्हें जोखिम का डर सताते रहता है।
हाल ही में अभी एक दिन काम के दौरान ही छज्जा गिर गया था। एनसीसी के अधिकारी नया भवन उपलब्ध कराने के लिए कई बार पत्र लिख चुके हैं लेकिन अभी तक उन्हें कोई विकल्प नहीं सुझाया गया है।
इस कार्यालय में ही इटावा, औरेया, मैनपुरी, फिरोजबाद के सभी एनसीसी कैडेट्स का ब्योरा रहता है। यहीं से सभी गतिविधियों की रूपरेखा तैयार की जाती है।
दिसंबर 2021 में एनसीसी डीजी ने कार्यालय का निरीक्षण किया था। इस दौरान उन्होंने भी नए भवन की आवश्यकता बताई थी। अब एनसीसी के अधिकारियों ने कार्यालय बंद करने अथवा इसे कहीं और स्थानांतरित करने के लिए आगरा आफिस को पत्र लिखा था।
जानकारी के मुताबिक आगरा से पत्र लखनऊ में बैठे उच्च अधिकारियों को भेजा जा चुका है। वहां से एक पत्र प्रदेश सरकार और एक पत्र डीजी एनसीसी को भी लिखा गया है। यहां से अनुमति मिलते ही आफिस बंद कर दिया जाएगा।

एनसीसी के अधिकारियों ने बताया कि एनसीसी का कार्यालय भी बंद या शिफ्ट हो सकता है। इस कारण अब नए ऐडमिशन पर रोक लगा दी गई है। जिससे अगर एनसीसी का कार्यालय बंद या शिफ्ट होता है तो किसी नए बच्चे का भविष्य खराब न हो।
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