{"_id":"6adcf6cda0dc54608e0f444a","slug":"rise-in-mosquito-menace-leads-to-an-increase-in-the-number-of-viral-infection-patients-etawah-news-c-216-1-etw1005-151969-2026-10-24","type":"story","status":"publish","title_hn":"Etawah News: मच्छरों का प्रकोप बढ़ने से वायरल के मरीजों की संख्या में इजाफा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Etawah News: मच्छरों का प्रकोप बढ़ने से वायरल के मरीजों की संख्या में इजाफा
Sat, 24 Oct 2026 11:49 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, इटावा
संवाद न्यूज एजेंसी, इटावा
Updated Sat, 24 Oct 2026 11:49 PM IST
विज्ञापन
फोटो01:: खून की जांच करवाने के लिए लाइन में लगे मरीज। संवाद
इटावा। मच्छरों का प्रकोप बढ़ने से वायरल के मरीजों की संख्या में बढ़ोतरी हुई है। पहले जहां वायरल के 35 से 40 मरीज पहुंच रहे थे, अब इनकी संख्या 50 से अधिक हो गई है। डॉक्टर मरीजों को देखने के बाद 230 से लेकर 250 मरीजों की जांच करवा रहे हैं। इसमें अधिकतर मरीजों को खांसी, जुकाम के अलावा वायरल के मरीज निकल रहे हैं। डॉक्टर दवा के साथ उन्हें बदलते मौसम में सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं।
शनिवार को बाबा भीमराव आंबेडकर संयुक्त जिला अस्पताल में 926 नए मरीजों ने दोपहर 12 बजे तक पंजीकरण करवाया। वहीं, 122 पुराने मरीज दवा लेने पहुंचे। इसमें सबसे अधिक बुखार, जुकाम, खांसी के अलावा वायरल फीवर के मरीज थे। डॉ. शांतनु निगम ने मरीजों के परीक्षण के बाद 128 लोगों की जांच करवाई। इसमें 56 मरीज वायरल फीवर की चपेट में निकले। अन्य मरीजों को सामान्य सर्दी, जुकाम व खांसी निकली। डॉक्टर ने जांच रिपोर्ट के बाद उन्हें दवा लिखी।
साथ ही बदलते मौसम में मच्छरों से बचने की सलाह दी। ठंड या तेज बुखार आने पर तुरंत जांच करवाने को कहा। उन्होंने कहा कि वायरल फीवर में प्लेटलेट्स बहुत जल्दी कम होती है। ऐसे में खतरा अधिक बढ़ जाता है। ऐसे में तुरंत डॉक्टर को दिखाकर इलाज करवाना चाहिए।
विज्ञापन
-- -- -- -
मच्छर के काटने से ये होते हैं रोग।
मच्छर के काटने से डेंगू, चिकनगुनिया, जीका वायरस, मलेरिया, वेस्ट नाइल वायरस, पीला बुखार, फाइलेरिया, टुलारेमिया, डिरोफाइलेरिया, जापानी इंसेफेलाइटिस आदि बीमारियां होती हैं।
-- -- -- -
इस तरह करें बचाव।
-सुबह-शाम फुल आस्तीन के कपड़े पहनें।
-घर व आसपास गंदगी एकत्र न होने दें।
-कूलर व नाली में गंदा पानी जमा न होने दें।
-मच्छर से बचने के लिए मच्छरदानी का इस्तेमाल करें।
-ठंड देकर या तेज बुखार आने पर तुरंत जांच करवाएं।
-बिना डॉक्टर की सलाह के बिना दवा का सेवन न करें।
विज्ञापन
शनिवार को बाबा भीमराव आंबेडकर संयुक्त जिला अस्पताल में 926 नए मरीजों ने दोपहर 12 बजे तक पंजीकरण करवाया। वहीं, 122 पुराने मरीज दवा लेने पहुंचे। इसमें सबसे अधिक बुखार, जुकाम, खांसी के अलावा वायरल फीवर के मरीज थे। डॉ. शांतनु निगम ने मरीजों के परीक्षण के बाद 128 लोगों की जांच करवाई। इसमें 56 मरीज वायरल फीवर की चपेट में निकले। अन्य मरीजों को सामान्य सर्दी, जुकाम व खांसी निकली। डॉक्टर ने जांच रिपोर्ट के बाद उन्हें दवा लिखी।
विज्ञापन
साथ ही बदलते मौसम में मच्छरों से बचने की सलाह दी। ठंड या तेज बुखार आने पर तुरंत जांच करवाने को कहा। उन्होंने कहा कि वायरल फीवर में प्लेटलेट्स बहुत जल्दी कम होती है। ऐसे में खतरा अधिक बढ़ जाता है। ऐसे में तुरंत डॉक्टर को दिखाकर इलाज करवाना चाहिए।
विज्ञापन
मच्छर के काटने से ये होते हैं रोग।
मच्छर के काटने से डेंगू, चिकनगुनिया, जीका वायरस, मलेरिया, वेस्ट नाइल वायरस, पीला बुखार, फाइलेरिया, टुलारेमिया, डिरोफाइलेरिया, जापानी इंसेफेलाइटिस आदि बीमारियां होती हैं।
इस तरह करें बचाव।
-सुबह-शाम फुल आस्तीन के कपड़े पहनें।
-घर व आसपास गंदगी एकत्र न होने दें।
-कूलर व नाली में गंदा पानी जमा न होने दें।
-मच्छर से बचने के लिए मच्छरदानी का इस्तेमाल करें।
-ठंड देकर या तेज बुखार आने पर तुरंत जांच करवाएं।
-बिना डॉक्टर की सलाह के बिना दवा का सेवन न करें।