फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Etawah News ›   Life at risk, still not putting a stop to arbitrariness

Etawah News: जोखिम में जान, फिर भी मनमानी पर नहीं लगा रहे विराम

Sat, 20 May 2023 12:24 AM IST
कानपुर ब्यूरो संवाद न्यूज एजेंसी, इटावा
संवाद न्यूज एजेंसी, इटावा Updated Sat, 20 May 2023 12:24 AM IST
विज्ञापन
Life at risk, still not putting a stop to arbitrariness
(फोटो संख्या 16 ) लूप लाइन पर मालगाड़ी के नीचे से निकलते लोग। संवाद
विज्ञापन

( फोटो संख्या 17 ) गोमती एक्सप्रेस आता देख लाइनपार करता यात्री व दूसरी ओर खड़े यात्री। संवाद


संवाद न्यूज एजेंसी
इटावा। आए दिन किसी न किसी व्यक्ति की ट्रेन की चपेट में आकर जान गंवाने की घटनाएं होने के बावजूद लोग कोई सबक नहीं ले रहे। जल्दबाजी में बंद रेल फाटक के नीचे या बगल से निकलना या दूसरे प्लेटफॉर्म पर जाने के लिए पैदल पुल होने के बाद भी ट्रक पार करना लोगों की आदत में शामिल है। ज्यादातर घटनाएं इस जल्दबाजी का परिणाम होती हैं।
दिल्ली जाने वाली गोमती एक्सप्रेस को आता देखकर ट्रेन में घुसने के लिए प्लेटफार्म पर खड़े यात्री कूद कर दूसरी ओर खड़े हो जाते हैं। देखा देखी बड़ी संख्या में यात्री ऐसा करते रहते हैं। लेकिन सुरक्षा कर्मी सब कुछ देखने के बावजूद कुछ नहीं कर पाते। दिल्ली जाने वाली इस ट्रेन का दो मिनट का स्टापेज होने व यात्रियों की संख्या अधिक होने की वजह से इस तरह का नजारा रोजाना ही देखने को मिलता है।
विज्ञापन

इटावा स्टेशन को जंक्शन का दर्जा मिलने और कानपुर, दिल्ली के अलावा ग्वालियर और मैनपुरी के लिए नया ट्रैक शुरू होने के बाद न सिर्फ ट्रेनों की संख्या बढ़ी बल्कि यात्रियों की संख्या में भी बढ़ोतरी हुई। करीब 66 जोड़ी ट्रेनों से 16 हजार से अधिक यात्री इटावा से सफर शुरू करते हैं। नॉन स्टापेज ट्रेनों को पास कराने के लिए मालगाड़ियों को रेलवे स्टेशन पर अक्सर रोकना पड़ता है।
विज्ञापन
विज्ञापन

रेलवे स्टेशन के दूसरी ओर एक बड़ी आबादी फ्रेंड्स कॉलोनी व विजय नगर में रहती है। इसी ओर रेलवे कॉलोनी और रेलवे चिकित्सालय भी है। इस वजह से लोगों का इस ओर दिन भर आना जाना लगा रहता है। इसके लिए रेलवे ने फुट ओवरब्रिज भी बनवाया है, लेकिन इसका प्रयोग करने वालों की संख्या बहुत ही कम रहती है। लूप लाइन पर अक्सर कोई न कोई मालगाड़ी खड़ी ही रहती है, बावजूद इसके लोग फुट ओवरब्रिज की बजाए मालगाड़ी के नीचे से निकलने में बाज नहीं आ रहे हैं।


वर्जन
लाइन पार करना व मालगाड़ी के नीचे से निकलना कानून अपराध है। ऐसा करने पर रेलवे एक्ट की धारा 147 के तहत छह महीने की सजा अथवा एक हजार रुपये के जुर्माने का प्रावधान है। या फिर दोनों सजा हो सकती है।- गजेंद्र पाल सिंह, प्रभारी निरीक्षक, आरपीएफ पोस्ट
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed