फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Etawah News ›   Identification of those in the Chambal river plunge

चंबल नदी में छलांग लगाने वालों की हुई शिनाख्त

Wed, 10 Aug 2016 11:36 PM IST
अमर उजाला ब्यूरो इटावा
अमर उजाला ब्यूरो इटावा Updated Wed, 10 Aug 2016 11:36 PM IST
विज्ञापन
Identification of those in the Chambal river plunge
चंबल में छलांग लगाने वाले मनोज के ससुर वीरपाल बढ़पुरा थाना पहुंचे। - फोटो : अमर उजाला

इटावा । बढ़पुरा थाना  में मंगलवार शाम को एक ही परिवार के चार लोगों के चंबल नदी में कूदने वालों की शिनाख्त हो गई है। इसके पीछे परिवार के मुखिया को पारिवारिक संपत्ति में बराबर की हिस्सेदारी न मिलने की वजह सामने आई है। चंबल में कूदने वाले युवक के ससुर के मुताबिक उसके पिता ने अपने बेटों के बीच संपत्ति का बंटवारा सही ढंग से नहीं किया। इसी कारण उनका दामाद काफी दिनों से परेशान था। इसी के चलते उसने अपने पूरे परिवार को इस तरह से खत्म करने का कठोर निर्णय लिया ।

विज्ञापन


जसवंतनगर सर्किल पुलिस ऑफीसर चंद्रदेव यादव ने बताया कि मंगलवार शाम को चंबल नदी में कूदे लोगों ने एक लाल डायरी छोड़ी थी। जिससे कूदने वालों की पहचान में काफी मदद मिली।  उसमें दिए गए नंबर पर बात करने पर स्थानीय पुलिस को मनोज सिंह तोमर नामक व्यक्ति के परिजनों से संपर्क स्थापित करने में खासी मदद मिली है । उन्होंने बताया कि चंबल नदी में छलांग लगाने वाले चारों की पहचान कर ली गई है।  अभी किसी का शव नहीं मिल सका है।
विज्ञापन


उन्होने बताया कि चंबल नदी में कूदने वाले मनोज के ससुर वीरपाल सिंह निवासी भवानीपुर थाना कुर्रा जिला मैनपुरी ने अपने परिवार के कई सदस्यों के साथ बढ़पुरा थाना आकर इस बात की तस्दीक की कि नदी में कूदने वाले उनके दामाद मनोज (30), उनकी बेटी ज्योति (28), दामाद का बेटा प्रिंस (7) और बेटी रितिका (4) है । उन्होंने बताया कि मनोज के एक भाई की मौत के बाद उनके पिता सुघर सिंह ने अपनी संपत्ति का बंटवारा मनोज के बडे़ भाई के पक्ष में अधिक कर दिया।
विज्ञापन
विज्ञापन


जिसके चलते मनोज कुछ समय से तनाव में था।  इस बात की पूरी तरह से पुष्टि नहीं हो सकी है। क्योंकि मनोज के पिता अपने बेटे, बहू, नाती और नातिनों की खोज में चंबल नदी के किनारे चले गए थे ।  मनोज आगरा में जिस कमरे में रहता था उस कमरे पर करीब 15 दिन से ताला लगा हुआ है। मनोज की ससुराल मैनपुरी जिले के कुर्रा थाना इलाके भवानीपुर में है जहां से वह मंगलवार को सुबह निकला था। शाम पांच बजे के आसपास बस से उतर कर वह अपने परिवार के साथ कूद गया।


फिलहाल सभी के बचने की संभावना न के बराबर है। चंबल नदी के खतरे के निशान को पार कर जाने के कारण बचाव और खोजबीन कार्यों मे काफी कठिनाईयों का सामना करना पड़ रहा है। चंबल नदी के किनारे बसे उदी गांव के प्रत्यक्षदर्शी सचिन भदौरिया का कहना है कि वो लोग कई लोगों के साथ चंबल नदी में लगातार बढ़ रहे जलस्तर को देखने के लिए नदी के किनारे स्थापित शिवमंदिर के बुर्ज पर थे। इसी बीच देखा कि पुल के बीचोबीच से एक युवक ने पहले अपने दोनों बच्चों को नदी में फेंक दिया। उसके बाद खुद पत्नी के साथ कूद गया। मंदिर पर मौजूद लोगों ने जोर-जोर से आवाज लगाकर रोकने की कोशिश की लेकिन दूरी अधिक होने के कारण उनके पास तक शायद आवाज नहीं पहुंच सकी ।

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed