फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Etawah News ›   farmers stock wheat

काश्तकारों ने स्टॉक कर लिया गेहूं

Thu, 02 Jun 2016 12:02 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इटावा
अमर उजाला ब्यूरो, इटावा Updated Thu, 02 Jun 2016 12:02 AM IST
विज्ञापन
farmers stock wheat
गेहूं - फोटो : अमर उजाला

गेहूं की सरकारी खरीद पटरी पर आती नजर नहीं आ रही। महज एक पखवाड़ा बचा है और अभी लक्ष्य के सापेक्ष सिर्फ 14.36 प्रतिशत खरीद संभव हो पाई है। प्रशासनिक कवायद पूरी तरह से निरर्थक साबित हुई है। खुले बाजार में सरकारी समर्थन मूल्य से अधिक रेट मिलने से किसानों ने क्रय केंद्रों का रुख करना बंद कर दिया है। केंद्र प्रभारियों की मानें तो बड़े काश्तकारों ने गेहूं स्टॉक कर लिया है।

विज्ञापन

इस बार गेहूं की सरकारी खरीद लक्ष्य के न्यूनतम स्तर पर है। जिले में 46 हजार मीट्रिक टन गेहूं की खरीद की जानी है।

मंगलवार तक 6604.16 मीट्रिक टन खरीद हो पाई है। जबकि गत वर्ष इसी अवधि में 19764.15 मीट्रिक टन गेहूं खरीदा जा चुका था। जाहिर है कि इस बार 25 फीसदी लक्ष्य पूर्ति होती नजर नहीं आ रही। क्रय केंद्रों के हालात बेहद बदतर हैं। जिले में पहली अप्रैल से खरीद शुरू हुई है और इसके लिए कुल 88 खरीद केंद्र बनाए गए हैं। लेकिन दो माह में सिर्फ 2855 किसानों ने ही गेहूं क्रय केंद्रों पर बेचा है।
विज्ञापन


गेहूं खरीद की इस किल्लत को लेकर प्रशासनिक स्तर पर मोबाइल खरीद के भी प्रयास भी हुए। केंद्र प्रभारियों से लेकर खाद्य विभाग के डिप्टी आरएमओ तक ने गांवों में जाकर किसानों को क्रय केंद्रों पर गेहूं बेचने के लिए आग्रह किया लेकिन नतीजा सिफर रहा। केंद्र प्रभारियों की मानें तो किसान वादा करके मुकर रहे हैं। इसकी वजह भी साफ है। एक तो इस बार गेहूं की फसल भी ओलावृष्टि के चलते प्रभावित हुई है। दूसरी ओर खुले बाजार में सरकारी समर्थन मूल्य से अधिक रेट चल रहा है। किसानों को उम्मीद है कि अभी रेट में और इजाफा हो सकता है। जिसके चलते बड़े काश्तकारों ने अपना गेहूं स्टॉक कर लिया है।

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed