{"_id":"69668d27a52e88b77f03bf7d","slug":"emts-were-unable-to-tell-how-much-oxygen-to-give-to-a-critical-patient-etawah-news-c-216-1-etw1005-136249-2026-01-13","type":"story","status":"publish","title_hn":"Etawah News: गंभीर मरीज को कितनी देनी ऑक्सीजन... बता न पाए ईएमटी","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Etawah News: गंभीर मरीज को कितनी देनी ऑक्सीजन... बता न पाए ईएमटी
विज्ञापन
इटावा।संयुक्त जिला अस्पताल के निरीक्षण के दौरान 108 एंबुलेंस के ईएमटी (इमरजेंसी मेडिकल टेक्नीशियन ) विकास से विशेषज्ञ ने सवाल किया। पूछा, अगर कोई गंभीर मरीज है तो उसको कितनी गति पर ऑक्सीजन देते हैं। इसका वह जवाब नहीं दे सके। बाद में उन्होंने एंबुलेंस में रखी इमरजेंसी दवाओं व जीवन रक्षक उपकरणों की जानकारी नहीं दे पाए। उन्होंने नाराजगी व्यक्त कर सीएमएस व जिला प्रोग्राम प्रबंधक को ईएमटी व चालकों का प्रशिक्षण कराने के निर्देश दिए। इससे वह अस्पताल पहुंचने से पहले मरीज की जान बचा सके।
विशेषज्ञ अमरेंद्र ने मेडिसिन वार्ड के स्टॉक रजिस्टर की जांच की गई, जिसमें दवाओं की उपलब्धता और रिकॉर्ड के रखरखाव को परखा। ब्लड बैंक प्रभारी नीतू द्विवेदी को इमरजेंसी में मरीजों को खून उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। इससे किसी भी मरीज न जाए। मरीजों से बातचीत कर इलाज और सुविधाओं को लेकर फीडबैक लिया।
अमरेंद्र कुमार ने इमरजेंसी में सोमवार रात 12 बजे दोपहर 12 बजे तक आने वाले मरीजों की संख्या में पूछा। इस पर फार्मासिस्ट शरद तिवारी ने बताया कि 47 मरीज आए हैं इसमें पांच मरीजों के रेफर होने पर आपत्ति जताई। कहा कि 50 शैया व सीएचसी से रेफर होने वाले मरीज इस विश्वास से जिला अस्पताल आते हैं कि यहां उन्हें बेहतर इलाज मिलेगा। यहां से भी उन्हें रेफर कर दिया जाएगा तो यह विश्वास घटेगा। नीति आयोग से नियुक्त विशेषज्ञ ने संयुक्त जिला अस्पताल परिसर जगह-जगह खड़ी कबाड़ एंबुलेंस को नीलाम कराने की बात कही।
विज्ञापन
जसवंतनगर। जसवंतनगर सीएचसी पर मंगलवार की शाम नीति आयोग से नियुक्त विशेषज्ञ ने निरीक्षण किया। उन्होंने लेबर रूम, ऑपरेशन थिएटर, पैथोलॉजी लैब सहित अन्य कक्षों का गहन निरीक्षण किया। सीएचसी प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. वीरेंद्र सिंह को निर्देश दिए कि अल्ट्रासाउंड मशीन को शीघ्र चालू कराने की प्रक्रिया पूरी की जाए ताकि गर्भवती महिलाओं और अन्य मरीजों को जांच के लिए बाहर न जाना पड़े। इस मौके पर डॉ. विकास अग्निहोत्री, डॉ. रिद्धिमा गौर, फार्मासिस्ट भूपेंद्र, उदयवीर, आसिफ समेत अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे।
विज्ञापन
विशेषज्ञ अमरेंद्र ने मेडिसिन वार्ड के स्टॉक रजिस्टर की जांच की गई, जिसमें दवाओं की उपलब्धता और रिकॉर्ड के रखरखाव को परखा। ब्लड बैंक प्रभारी नीतू द्विवेदी को इमरजेंसी में मरीजों को खून उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। इससे किसी भी मरीज न जाए। मरीजों से बातचीत कर इलाज और सुविधाओं को लेकर फीडबैक लिया।
विज्ञापन
अमरेंद्र कुमार ने इमरजेंसी में सोमवार रात 12 बजे दोपहर 12 बजे तक आने वाले मरीजों की संख्या में पूछा। इस पर फार्मासिस्ट शरद तिवारी ने बताया कि 47 मरीज आए हैं इसमें पांच मरीजों के रेफर होने पर आपत्ति जताई। कहा कि 50 शैया व सीएचसी से रेफर होने वाले मरीज इस विश्वास से जिला अस्पताल आते हैं कि यहां उन्हें बेहतर इलाज मिलेगा। यहां से भी उन्हें रेफर कर दिया जाएगा तो यह विश्वास घटेगा। नीति आयोग से नियुक्त विशेषज्ञ ने संयुक्त जिला अस्पताल परिसर जगह-जगह खड़ी कबाड़ एंबुलेंस को नीलाम कराने की बात कही।
विज्ञापन
जसवंतनगर। जसवंतनगर सीएचसी पर मंगलवार की शाम नीति आयोग से नियुक्त विशेषज्ञ ने निरीक्षण किया। उन्होंने लेबर रूम, ऑपरेशन थिएटर, पैथोलॉजी लैब सहित अन्य कक्षों का गहन निरीक्षण किया। सीएचसी प्रभारी चिकित्साधिकारी डॉ. वीरेंद्र सिंह को निर्देश दिए कि अल्ट्रासाउंड मशीन को शीघ्र चालू कराने की प्रक्रिया पूरी की जाए ताकि गर्भवती महिलाओं और अन्य मरीजों को जांच के लिए बाहर न जाना पड़े। इस मौके पर डॉ. विकास अग्निहोत्री, डॉ. रिद्धिमा गौर, फार्मासिस्ट भूपेंद्र, उदयवीर, आसिफ समेत अन्य स्वास्थ्यकर्मी मौजूद रहे।