{"_id":"6182cc21cbe6c96c6b55b28f","slug":"diwali-etawah-news-knp66214049","type":"story","status":"publish","title_hn":"दिवाली आज, लोगों ने जमकर खरीदारी की","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दिवाली आज, लोगों ने जमकर खरीदारी की
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
इटावा। रोशनी का पर्व दिवाली गुरुवार को मनाया जाएगा। लोग घरों तथा व्यापारी अपने प्रतिष्ठानों पर धन की देवी मां लक्ष्मी व भगवान गणेश की पूजा करेंगे। बुधवार को लोग लक्ष्मी-गणेश की मूर्तियों, खील, गट्टे तथा दिये आदि की खरीदारी करते दिखे।
मूर्ती कारोबारी धर्मेंद्र प्रजापति ने बताया कि इस बार डिमांड पर ब्रांडेड मूर्तियां भी मंगवाईं हैं। इनमें गंगासागर की मिट्टी से बनी मूर्तियों के अलावा हावड़ा ब्रांड और सिंगापुर ब्रांड की आकर्षक मूर्तियां शामिल हैं। इसकी कीमत 6 से 12 हजार के बीच में है। वहीं 400 रुपये तक की मूर्तियां भी हैं। जबकि बाजार में देशी मूर्तियों की कीमत 40 रुपये तक है।
इस बार खील के दाम पिछले साल की अपेक्षा दो गुने हैं। पिछले साल 60 रुपये में मिलने वाला लकड़ा धान 150 रुपये, 200 रुपये में मिलने वाला धनिया धान 500 रुपये है। वहीं गट्टे का दाम 70 रुपये है। पिछले साल से 10 रुपये ज्यादा है। खील कारोबारी सदाशिव श्रीवास्तव ने बताया कि हरियाणा के कैथल से खील न आने से मध्य प्रदेश के डबरा से खील मंगाया गया है, क्वालिटी भी अच्छी है। बताया कुछ समय पहले उन्होंने खील की 11 गाड़ी 50 रुपये किलो भिजवा चुके हैं।
विज्ञापन
छोटी दिवाली के मौके पर भी बुधवार को बाजारों में खरीदारों की भीड़ धनतेरस जैसी नजर आ रही थी। सराफा, रेडीमेड कपड़े, साड़ियों की दुकानों पर भीड़ रही। कचौरा रोड स्थित श्री सांई बाबा मंदिर पर दिवाली पर इलेक्ट्रॉनिक झालरों से भव्य और आकर्षक सजावट की गई। श्री साईं संस्थान न्यास परिवार की ओर से श्री निवास ने बताया गुरुवार को दिवाली पर श्री साईं जी की शयन आरती रात 9:30 बजे होगी।
विज्ञापन
मूर्ती कारोबारी धर्मेंद्र प्रजापति ने बताया कि इस बार डिमांड पर ब्रांडेड मूर्तियां भी मंगवाईं हैं। इनमें गंगासागर की मिट्टी से बनी मूर्तियों के अलावा हावड़ा ब्रांड और सिंगापुर ब्रांड की आकर्षक मूर्तियां शामिल हैं। इसकी कीमत 6 से 12 हजार के बीच में है। वहीं 400 रुपये तक की मूर्तियां भी हैं। जबकि बाजार में देशी मूर्तियों की कीमत 40 रुपये तक है।
विज्ञापन
इस बार खील के दाम पिछले साल की अपेक्षा दो गुने हैं। पिछले साल 60 रुपये में मिलने वाला लकड़ा धान 150 रुपये, 200 रुपये में मिलने वाला धनिया धान 500 रुपये है। वहीं गट्टे का दाम 70 रुपये है। पिछले साल से 10 रुपये ज्यादा है। खील कारोबारी सदाशिव श्रीवास्तव ने बताया कि हरियाणा के कैथल से खील न आने से मध्य प्रदेश के डबरा से खील मंगाया गया है, क्वालिटी भी अच्छी है। बताया कुछ समय पहले उन्होंने खील की 11 गाड़ी 50 रुपये किलो भिजवा चुके हैं।
विज्ञापन
छोटी दिवाली के मौके पर भी बुधवार को बाजारों में खरीदारों की भीड़ धनतेरस जैसी नजर आ रही थी। सराफा, रेडीमेड कपड़े, साड़ियों की दुकानों पर भीड़ रही। कचौरा रोड स्थित श्री सांई बाबा मंदिर पर दिवाली पर इलेक्ट्रॉनिक झालरों से भव्य और आकर्षक सजावट की गई। श्री साईं संस्थान न्यास परिवार की ओर से श्री निवास ने बताया गुरुवार को दिवाली पर श्री साईं जी की शयन आरती रात 9:30 बजे होगी।

बाजार में खील-गट्टा खरीदते लोग- फोटो : ETAWAH

व्यापारी सदाशिव श्रीवास्तव- फोटो : ETAWAH

रोशनी से जगमगाता कचौरा रोड स्थित श्री सार्इं बाबा का मंदिर- फोटो : ETAWAH