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भेष बदल कृषि अधिकारी ने खाद की दुकानें खंगालीं
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जसवंतनगर। सिर पर अंगौछा बांधे किसान बनकर खाद की दुकानों की जांच करने पहुंचे जिला कृषि अधिकारी ने कई दुकानों में गड़बड़ियां पकड़ीं। दुकानों पर पहले साधारण तरीके से बात की फिर जब स्टाक चेक करने के दौरान अपना परिचय दिया तो दुकानदारों के होश उड़ गए।
गड़बड़ी मिलने पर छह खाद दुकानों के लाइसेंस निलंबित कर दिए। सैफई और जसवंत नगर में खाद-बीज विक्रेताओं के यहां बृहस्पतिवार को जिला कृषि अधिकारी अभिनंदन सिंह ने ताबड़तोड़ छापे मारे। छापामार कार्रवाई से हड़कंप मचा रहा।
एक दूसरे से जानकारी मिलते ही कई प्रतिष्ठान बंद कर भाग गए। एक कृभको कर्मी ने तो उनसे पहचान पत्र तक मांग लिया। कृषि अधिकारी ने बताया कि पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध होने के बावजूद किसानों को खाद न मिल पाने की शिकायतें मिल रहीं थीं।
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इसी को लेकर भेष बदलकर उन्होंने 11 दुकानों पर वास्तविकता देखी। अनियमितताएं बरतने वाली छह के लाइसेंस निलंबित करने की कार्यवाही की है। जिला कृषि अधिकारी सुबह 10 बजे रजमऊ गांव की साधन सहकारी समिति पर पहुंचे, लेकिन बंद थी।
वहां कई किसान खाद मिलने के इंतजार में बैठे थे। केंद्र प्रभारी से बात की तो उसने शीघ्र पहुंचने की बात बताते हुए 300 बैग डीएपी की उपलब्धता बताई।
इसके बाद वैदपुरा की साधन सहकारी समिति पहुंचे, जहां पर्याप्त स्टॉक और बिक्री होते हुए मिली। सैफई में इफको बाजार फ्रेंचाइजी पर डीएपी उपलब्ध थी, किंतु पॉस मशीन से बिक्री में किसी और का नाम अंकित था।
चालान किसी और नाम से और रजिस्टर में कोई और नाम अंकित था। अभिलेखों में हेरफेर देखते हुए दुकान का लाइसेंस निलंबित कर दिया। यहां की साधन सहकारी समिति पर डीएपी पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध थी और बिक्री भी हो रही थी।
सैफई में ही श्याम इंटरप्राइजेज किसान सेवा केंद्र पर डीएपी देने से मना किया गया। जब स्टॉक जांचा गया, तो 228 बैग मिले। बताया कि लाइसेंस निलंबित कर दिया गया है। नगला बरी स्थित रामजी खाद भंडार पर डीएपी नहीं थी। यूरिया उपलब्ध थी।
बिक्री 267 रुपये के स्थान पर 280 रुपये में हो रही थी, लिहाजा दुकान के लाइसेंस को निलंबित करने की कार्यवाही की गई। इसके बाद वह सैफई रोड स्थित दुर्गा बीज भंडार पर पहुंचे, जहां डीएपी मांगने पर दुकानदार ने मना कर दिया व स्टॉक शून्य बताया।
जांच में स्टॉक मौजूद था। लिहाजा निलंबन कार्यवाही की गई। कृषक भारती सेवा केंद्र आगरा रोड पर स्टॉक बोर्ड पर बीस दिन पहले यानी एक अक्तूबर की सूचनाएं अंकित थीं, लेकिन स्टॉक में छह बैग ही मिले।
उसका भी लाइसेंस निलंबन कर स्पष्टीकरण मांगा। आनंद एंड संस इटावा रोड पहुंचे, जहां डीएपी नहीं थी और यूरिया पर्याप्त मात्रा में थी। जसवंतनगर बाजार में श्रीराम ट्रेडर्स पर डीएपी उपलब्ध नहीं थी।
यूरिया उचित रेट पर विक्रय की जा रही थी। किसान सेवा सहकारी समिति कैस्त पर भी खाताधारकों को खाद की बिक्री की जा रही थी। जिला कृषि अधिकारी ने कहा कि अनियमितताएं करने और किसानों को बेवजह परेशान करने वाले खाद-बीज विक्रेताओं को बख्शा नहीं जाएगा।
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गड़बड़ी मिलने पर छह खाद दुकानों के लाइसेंस निलंबित कर दिए। सैफई और जसवंत नगर में खाद-बीज विक्रेताओं के यहां बृहस्पतिवार को जिला कृषि अधिकारी अभिनंदन सिंह ने ताबड़तोड़ छापे मारे। छापामार कार्रवाई से हड़कंप मचा रहा।
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एक दूसरे से जानकारी मिलते ही कई प्रतिष्ठान बंद कर भाग गए। एक कृभको कर्मी ने तो उनसे पहचान पत्र तक मांग लिया। कृषि अधिकारी ने बताया कि पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध होने के बावजूद किसानों को खाद न मिल पाने की शिकायतें मिल रहीं थीं।
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इसी को लेकर भेष बदलकर उन्होंने 11 दुकानों पर वास्तविकता देखी। अनियमितताएं बरतने वाली छह के लाइसेंस निलंबित करने की कार्यवाही की है। जिला कृषि अधिकारी सुबह 10 बजे रजमऊ गांव की साधन सहकारी समिति पर पहुंचे, लेकिन बंद थी।
वहां कई किसान खाद मिलने के इंतजार में बैठे थे। केंद्र प्रभारी से बात की तो उसने शीघ्र पहुंचने की बात बताते हुए 300 बैग डीएपी की उपलब्धता बताई।
इसके बाद वैदपुरा की साधन सहकारी समिति पहुंचे, जहां पर्याप्त स्टॉक और बिक्री होते हुए मिली। सैफई में इफको बाजार फ्रेंचाइजी पर डीएपी उपलब्ध थी, किंतु पॉस मशीन से बिक्री में किसी और का नाम अंकित था।
चालान किसी और नाम से और रजिस्टर में कोई और नाम अंकित था। अभिलेखों में हेरफेर देखते हुए दुकान का लाइसेंस निलंबित कर दिया। यहां की साधन सहकारी समिति पर डीएपी पर्याप्त मात्रा में उपलब्ध थी और बिक्री भी हो रही थी।
सैफई में ही श्याम इंटरप्राइजेज किसान सेवा केंद्र पर डीएपी देने से मना किया गया। जब स्टॉक जांचा गया, तो 228 बैग मिले। बताया कि लाइसेंस निलंबित कर दिया गया है। नगला बरी स्थित रामजी खाद भंडार पर डीएपी नहीं थी। यूरिया उपलब्ध थी।
बिक्री 267 रुपये के स्थान पर 280 रुपये में हो रही थी, लिहाजा दुकान के लाइसेंस को निलंबित करने की कार्यवाही की गई। इसके बाद वह सैफई रोड स्थित दुर्गा बीज भंडार पर पहुंचे, जहां डीएपी मांगने पर दुकानदार ने मना कर दिया व स्टॉक शून्य बताया।
जांच में स्टॉक मौजूद था। लिहाजा निलंबन कार्यवाही की गई। कृषक भारती सेवा केंद्र आगरा रोड पर स्टॉक बोर्ड पर बीस दिन पहले यानी एक अक्तूबर की सूचनाएं अंकित थीं, लेकिन स्टॉक में छह बैग ही मिले।
उसका भी लाइसेंस निलंबन कर स्पष्टीकरण मांगा। आनंद एंड संस इटावा रोड पहुंचे, जहां डीएपी नहीं थी और यूरिया पर्याप्त मात्रा में थी। जसवंतनगर बाजार में श्रीराम ट्रेडर्स पर डीएपी उपलब्ध नहीं थी।
यूरिया उचित रेट पर विक्रय की जा रही थी। किसान सेवा सहकारी समिति कैस्त पर भी खाताधारकों को खाद की बिक्री की जा रही थी। जिला कृषि अधिकारी ने कहा कि अनियमितताएं करने और किसानों को बेवजह परेशान करने वाले खाद-बीज विक्रेताओं को बख्शा नहीं जाएगा।