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दहेज हत्या में पति को 14 साल की कैद
Wed, 15 May 2019 11:12 PM IST
प्रतीक दुबे
इटावा, अमर उजाला ब्यूरो
इटावा, अमर उजाला ब्यूरो
Published by: प्रतीक दुबे
Updated Wed, 15 May 2019 11:12 PM IST
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court order
- फोटो : amar ujala
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पिछले साल हुई दहेज हत्या के मामले में जिला एवं सत्र न्यायाधीश दिलीप सिंह यादव की अदालत से मृतका के पति को 14 साल के कठोर कारावास की सजा सुनाई गई है। अदालत ने दो लाख रुपये जुर्माना भी लगाया है। जुर्माने की आधी राशि मृतका की पुत्री के नाम बैंक में जमा करने के आदेश भी कोर्ट ने दिए हैं।
जिला शासकीय अधिवक्ता शिवकुमार शुक्ला ने बताया कि औरैया जिले के अजीतमल थानाक्षेत्र के गांव सहदपुर मडै़या निवासी प्रेम नारायण पुत्र राम सिंह ने अपनी बहन मनीषा की शादी इकदिल कस्बे के मोहल्ला लक्ष्मी नगर निवासी राहुल पुत्र उमाशंकर के साथ 30 मई 2016 को की थी। शादी के बाद से मनीषा के ससुराल वालों ने दहेज में बाइक, फ्रिज व वाशिंग मशीन की मांग शुरू कर दी। मांग पूरी न होने पर मनीषा का उत्पीड़न शुरू कर दिया। इसी बीच मनीषा ने एक पुत्री को जन्म दिया।
दहेज के कारण बढ़ती कलह खत्म करने के लिए मनीषा के ससुराल और मायके पक्ष के लोगों ने 23 मई 2018 को आपस में पंचायत की। मायके वालों को उम्मीद थी कि पंचायत बाद सब ठीक चलेगा लेकिन अचानक 28 मई 2018 को मनीषा की मौत की जानकारी मिली। मृतका के भाई प्रेम नारायण जब मनीषा की ससुराल पहुंचे तो कोई सदस्य घर में नहीं मिला। प्रेम नारायण ने पति राहुल, सास क्षमा लक्ष्मी, ससुर ओम प्रकाश के खिलाफ दहेज हत्या की रिपोर्ट दर्ज करा दी।
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कोर्ट में दोनों पक्षों की जिरह के बीच दोष साबित होने पर पति को सजा सुनाई गई। संदेह का लाभ मिलने से सास-ससुर बरी हो गए।
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जिला शासकीय अधिवक्ता शिवकुमार शुक्ला ने बताया कि औरैया जिले के अजीतमल थानाक्षेत्र के गांव सहदपुर मडै़या निवासी प्रेम नारायण पुत्र राम सिंह ने अपनी बहन मनीषा की शादी इकदिल कस्बे के मोहल्ला लक्ष्मी नगर निवासी राहुल पुत्र उमाशंकर के साथ 30 मई 2016 को की थी। शादी के बाद से मनीषा के ससुराल वालों ने दहेज में बाइक, फ्रिज व वाशिंग मशीन की मांग शुरू कर दी। मांग पूरी न होने पर मनीषा का उत्पीड़न शुरू कर दिया। इसी बीच मनीषा ने एक पुत्री को जन्म दिया।
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दहेज के कारण बढ़ती कलह खत्म करने के लिए मनीषा के ससुराल और मायके पक्ष के लोगों ने 23 मई 2018 को आपस में पंचायत की। मायके वालों को उम्मीद थी कि पंचायत बाद सब ठीक चलेगा लेकिन अचानक 28 मई 2018 को मनीषा की मौत की जानकारी मिली। मृतका के भाई प्रेम नारायण जब मनीषा की ससुराल पहुंचे तो कोई सदस्य घर में नहीं मिला। प्रेम नारायण ने पति राहुल, सास क्षमा लक्ष्मी, ससुर ओम प्रकाश के खिलाफ दहेज हत्या की रिपोर्ट दर्ज करा दी।
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कोर्ट में दोनों पक्षों की जिरह के बीच दोष साबित होने पर पति को सजा सुनाई गई। संदेह का लाभ मिलने से सास-ससुर बरी हो गए।