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तीन शव देख हर किसी की आंख नम
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मृतिका रूबी भदौरिया की फाइल फोटो। संवाद
- फोटो : ETAWAH
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बकेवर। ग्वालियर के आगे घाटीगांव में हुए सड़क हादसे में जान गंवाने वाले मां और बेटी सहित तीन लोगों के शव शनिवार को बंसियापुर पहुंचे। तीनों शव देखकर हर किसी की आंख नम हो गई। गांव में तीनों का अंतिम संस्कार किया गया।
उरेंग के मजरा ग्राम बंसियापुर निवासी प्रेम सिंह राजावत के बड़े भाई ओम सिंह की मध्य प्रदेश के शाहजहांपुर में हार्ट अटैक से मौत हो गई थी। बड़े भाई की मौत पर प्रेम सिंह गुरुवार को अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए पत्नी मिथलेश, पुत्र संदीप राजावत, पुत्री रूबी व भतीजे देवेंद्र राजावत के साथ शाहजहांपुर जा रहे थे। घायल संदीप राजावत ने बताया गुरुवार को दोपहर साढ़े तीन बजे ग्वालियर के आगे घाटीगांव में सामने से आ रहे ट्रक ने कार में टक्कर मार दी। इससे कार कई बार पलटते हुए खड्ड में जा गिरी। इससे मिथलेश (52) की घटना स्थल पर ही मौत हो गई थी। बाद में अस्पताल में रूबी (30) और देवेंद्र राजावत (35) की मौत हो गई। प्रेम सिंह और संदीप राजावत गंभीर रूप से घायल हो गए। ग्वालियर से तीनों के शव बंसियापुर गांव पहुंचे। शनिवार को शवों का अंतिम संस्कार किया गया।
देवेंद्र सिंह राजावत इंदौर में रहकर ट्रक चलाता था। देवेंद्र सिंह दो दिन पूर्व ही अपने भांजे की शादी में बहन को भात पहनाने आया था। ताऊ की मौत की सूचना पर वह भी चाचा प्रेम सिंह के साथ कार से शाहजहांपुर जा रहा था।
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दुर्घटना में मरने वाले बंसियापुर के देवेंद्र सिंह राजावत के घर में अब मां, पत्नी मोनिका, तीन बेटियां तनु (10), मनु (10) और रितु (5) है। देवेंद्र सिंह अपने मां पिता का इकलौता पुत्र था। अब उनकी मौत के बाद घर में कोई भी पुरुष नहीं बचा है। मृतक के पास तीन बीघा ही जमीन थी। रूबी भदौरिया के तीन बच्चे है। मां की मौत के बाद बेटी (10) खुशी, (8), पुत्र मयंक और अज्जू (5) गुमसुुम हैं। रूबी बच्चों के पढ़ाई के कारण इटावा में रहती थी।
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उरेंग के मजरा ग्राम बंसियापुर निवासी प्रेम सिंह राजावत के बड़े भाई ओम सिंह की मध्य प्रदेश के शाहजहांपुर में हार्ट अटैक से मौत हो गई थी। बड़े भाई की मौत पर प्रेम सिंह गुरुवार को अंतिम संस्कार में शामिल होने के लिए पत्नी मिथलेश, पुत्र संदीप राजावत, पुत्री रूबी व भतीजे देवेंद्र राजावत के साथ शाहजहांपुर जा रहे थे। घायल संदीप राजावत ने बताया गुरुवार को दोपहर साढ़े तीन बजे ग्वालियर के आगे घाटीगांव में सामने से आ रहे ट्रक ने कार में टक्कर मार दी। इससे कार कई बार पलटते हुए खड्ड में जा गिरी। इससे मिथलेश (52) की घटना स्थल पर ही मौत हो गई थी। बाद में अस्पताल में रूबी (30) और देवेंद्र राजावत (35) की मौत हो गई। प्रेम सिंह और संदीप राजावत गंभीर रूप से घायल हो गए। ग्वालियर से तीनों के शव बंसियापुर गांव पहुंचे। शनिवार को शवों का अंतिम संस्कार किया गया।
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देवेंद्र सिंह राजावत इंदौर में रहकर ट्रक चलाता था। देवेंद्र सिंह दो दिन पूर्व ही अपने भांजे की शादी में बहन को भात पहनाने आया था। ताऊ की मौत की सूचना पर वह भी चाचा प्रेम सिंह के साथ कार से शाहजहांपुर जा रहा था।
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दुर्घटना में मरने वाले बंसियापुर के देवेंद्र सिंह राजावत के घर में अब मां, पत्नी मोनिका, तीन बेटियां तनु (10), मनु (10) और रितु (5) है। देवेंद्र सिंह अपने मां पिता का इकलौता पुत्र था। अब उनकी मौत के बाद घर में कोई भी पुरुष नहीं बचा है। मृतक के पास तीन बीघा ही जमीन थी। रूबी भदौरिया के तीन बच्चे है। मां की मौत के बाद बेटी (10) खुशी, (8), पुत्र मयंक और अज्जू (5) गुमसुुम हैं। रूबी बच्चों के पढ़ाई के कारण इटावा में रहती थी।

मृतिका मिथलेश की फाइल फोटो। संवाद- फोटो : ETAWAH

मृतक देवेंद्र सिंह की फाइल फोटो। संवाद- फोटो : ETAWAH