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गुरु अर्जनदेव की शहादत को याद किया
Etawah
Updated Mon, 02 Jun 2014 05:33 AM IST
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इटावा। गुरुनानक की गद्दी के पांचवें गुरु अर्जन देव साहिब के शहीदी दिवस पर गुरुद्वारा श्री गुरुतेग बहादुर साहिब में अखंड पाठ हुआ। राह चलते लोगों को छोले का प्रसाद व ठंडी लस्सी पिलाई गई। श्रद्धालुओं ने लंगर भी छका।
गुरुद्वारे में मुख्य ग्रंथी राजेंदर सिंह की अगुवाई में एक माह से चल रहे सुखमनी साहिब के पाठ और दलजीत सिंह, गुरुबचन सिंह पनेसर परिवार की ओर से शुरू कराए गए अखंड पाठ का समापन हुआ। लोगों ने मानवता के लिए शहीद होने वाले गुरु अर्जन देव से सेवा व त्याग की प्रेरणा ली। गुरुद्वारा कमेटी के अध्यक्ष करतार सिंह कालड़ा अस्वस्थता के चलते उपस्थित नहीं हो सके। इस मौके पर तरनपाल सिंह, चरनजीत सिंह काका, जसवीर सिंह पप्पी, मनदीप सिंह संता एवं गुरुद्वारा मार्केट के दुकानदारों के सहयोग से छबील की व्यवस्था की गई। सरदार तरनजीत सिंह एवं गुरुबचन सिंह ने सभी को सरोपा भेंट कर सम्मानित किया।
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गुरुद्वारे में मुख्य ग्रंथी राजेंदर सिंह की अगुवाई में एक माह से चल रहे सुखमनी साहिब के पाठ और दलजीत सिंह, गुरुबचन सिंह पनेसर परिवार की ओर से शुरू कराए गए अखंड पाठ का समापन हुआ। लोगों ने मानवता के लिए शहीद होने वाले गुरु अर्जन देव से सेवा व त्याग की प्रेरणा ली। गुरुद्वारा कमेटी के अध्यक्ष करतार सिंह कालड़ा अस्वस्थता के चलते उपस्थित नहीं हो सके। इस मौके पर तरनपाल सिंह, चरनजीत सिंह काका, जसवीर सिंह पप्पी, मनदीप सिंह संता एवं गुरुद्वारा मार्केट के दुकानदारों के सहयोग से छबील की व्यवस्था की गई। सरदार तरनजीत सिंह एवं गुरुबचन सिंह ने सभी को सरोपा भेंट कर सम्मानित किया।
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