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Etah News: गर्मी में पेट दर्द, डायरिया और त्वचा रोग के बढ़े मरीज
Sun, 07 Jun 2026 11:17 PM IST
आगरा ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
संवाद न्यूज एजेंसी, एटा
Updated Sun, 07 Jun 2026 11:17 PM IST
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अलीगंज के पीएचसी नगला गजपत पर उपचार लेते मरीज। संवाद
- फोटो : सांकेतिक
एटा। जिले के 36 पीएचसी केंद्र पर जन आरोग्य मेला आयोजित किया गया। सबसे अधिक त्वचा के मरीज उपचार लेने के लिए पहुंचे जिन्हें चिकित्सकों द्वारा उपचार दिया गया। इसके साथ-साथ पेट दर्द, डायरिया के मरीजों ने भी उपचार लिया। मेले में कुल 1055 मरीजों को उपचार दिया गया।
मेले में 438 पुरुष, 487 महिलाएं, 130 बच्चे उपचार के लिए आए। चिकित्सकों ने लक्षण के आधार पर 13 बुखार रोगियों की मलेरिया और 7 की डेंगू की जांच कराई। इसमें एक भी मरीज डेंगू व मलेरिया से पीड़ित नहीं निकला। इसके साथ ही पेट दर्द, कब्ज व गैस से संबंधित 179 मरीजों ने उपचार लिया। जबकि पिछले मेले में 170 मरीजों ने उपचार लिया था। वहीं सांस के 80 मरीजों का भी उपचार किया गया। 36 मरीजों में क्षय रोग के लक्षण देखे गए। क्षय रोग के मरीजों के अलग से नाम दर्ज कर जांच कराई गई। इसके साथ ही लिवर से संबंधित 50, त्वचा के 232, बुखार के 78 के साथ 205 अन्य मरीजों ने उपचार लिया। सीएमओ डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने बताया कि मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेला सभी पीएचसी पर लगाया गया। गर्मी अधिक होने की वजह से ज्यादातर त्वचा के मरीज उपचार लेने के लिए पहुंचे हैं। इसके साथ ही पेट दर्द व डायरिया के मरीजों की संख्या भी ठीक रही है।
अलीगंज में 435 मरीजों का हुआ उपचार
अलीगंज। मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेला के अंतर्गत रविवार को ब्लॉक अलीगंज के विभिन्न स्वास्थ्य केंद्रों पर स्वास्थ्य सेवाओं का आयोजन किया गया। इस दौरान कुल 435 मरीजों का पंजीकरण कर उनका निशुल्क उपचार दिया गया।
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सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अलीगंज के अलावा भदकी, नायगांव, नगला गजपत और अलीपुर स्वास्थ्य केंद्रों पर चिकित्सकों की टीम ने मरीजों की जांच कर आवश्यक दवाइयों का वितरण किया। मेले में बुखार, सर्दी-जुकाम, त्वचा रोग, पेट संबंधी समस्याएं, रक्तचाप तथा अन्य मौसमी बीमारियों से पीड़ित मरीजों की संख्या अधिक रही। चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अश्वनी कुमार मित्तल ने नगला गजपत स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया। उन्होंने पंजीकरण व्यवस्था, दवा वितरण, साफ-सफाई तथा मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही स्वास्थ्य सुविधाओं की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों तक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाना शासन की प्राथमिकता है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
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मेले में 438 पुरुष, 487 महिलाएं, 130 बच्चे उपचार के लिए आए। चिकित्सकों ने लक्षण के आधार पर 13 बुखार रोगियों की मलेरिया और 7 की डेंगू की जांच कराई। इसमें एक भी मरीज डेंगू व मलेरिया से पीड़ित नहीं निकला। इसके साथ ही पेट दर्द, कब्ज व गैस से संबंधित 179 मरीजों ने उपचार लिया। जबकि पिछले मेले में 170 मरीजों ने उपचार लिया था। वहीं सांस के 80 मरीजों का भी उपचार किया गया। 36 मरीजों में क्षय रोग के लक्षण देखे गए। क्षय रोग के मरीजों के अलग से नाम दर्ज कर जांच कराई गई। इसके साथ ही लिवर से संबंधित 50, त्वचा के 232, बुखार के 78 के साथ 205 अन्य मरीजों ने उपचार लिया। सीएमओ डॉ. राजेंद्र प्रसाद ने बताया कि मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेला सभी पीएचसी पर लगाया गया। गर्मी अधिक होने की वजह से ज्यादातर त्वचा के मरीज उपचार लेने के लिए पहुंचे हैं। इसके साथ ही पेट दर्द व डायरिया के मरीजों की संख्या भी ठीक रही है।
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अलीगंज में 435 मरीजों का हुआ उपचार
अलीगंज। मुख्यमंत्री जन आरोग्य मेला के अंतर्गत रविवार को ब्लॉक अलीगंज के विभिन्न स्वास्थ्य केंद्रों पर स्वास्थ्य सेवाओं का आयोजन किया गया। इस दौरान कुल 435 मरीजों का पंजीकरण कर उनका निशुल्क उपचार दिया गया।
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सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र अलीगंज के अलावा भदकी, नायगांव, नगला गजपत और अलीपुर स्वास्थ्य केंद्रों पर चिकित्सकों की टीम ने मरीजों की जांच कर आवश्यक दवाइयों का वितरण किया। मेले में बुखार, सर्दी-जुकाम, त्वचा रोग, पेट संबंधी समस्याएं, रक्तचाप तथा अन्य मौसमी बीमारियों से पीड़ित मरीजों की संख्या अधिक रही। चिकित्सा अधीक्षक डॉ. अश्वनी कुमार मित्तल ने नगला गजपत स्वास्थ्य केंद्र का निरीक्षण किया। उन्होंने पंजीकरण व्यवस्था, दवा वितरण, साफ-सफाई तथा मरीजों को उपलब्ध कराई जा रही स्वास्थ्य सुविधाओं की समीक्षा की। उन्होंने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों तक बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाना शासन की प्राथमिकता है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।