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Deoria News: मतदान के बाद जीत-हार का शुरू हो गया गुणा-भाग
Thu, 04 May 2023 11:32 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Thu, 04 May 2023 11:32 PM IST
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- मोहल्ले में देर शाम तक होती रही चर्चा, प्रत्याशियों के कार्यालय पर होता रहा मंथन
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। शाम को मतदान समाप्त होने के बाद प्रत्याशी, समर्थक और आम मतदाताओं की निगाह अब मतगणना परिणाम पर टिकी हुई है। पर इससे पहले सभी हार-जीत का गुणा- भाग लगा रहे हैं। हर कोई अपने-अपने वार्ड में पड़े मतदान प्रतिशत के आधार पर जीत- हार की बाजी लगा रहा था। कइयों की नजर पार्टी प्रत्याशियों के अलावा बागियों के वोटों पर भी है। उन्हें आभास है कि निर्दलीय के वोटों का ग्राफ बढ़ा तो उनकी राह में रोड़ा अटक सकता है। इसे लेकर लोगों बीच जमकर बहसबाजी भी हो रही थी। इसके अलावा बूथ की दिनभर गतिविधियों के बारे में प्रत्याशियों के कार्यालय पर देर शाम तक चर्चा होती रही।
शाम पांच बजे के बाद जब मतदान का शोरगुल थमा तो जीत- हार से बात शुरु होने लगी। देर शाम तक शहर के विभिन्न जगहों पर प्रत्याशियों के पक्ष में जीत-हार की जबरदस्त दलीलें दी जा रही थीं। मतदान में कहीं पर मतदाताओं की चुप्पी तो किसी जगह पर मुखर होकर बोलना पर हर कयास को विराम लगा रही थी। मतदान के बाद शहर के गली, मोहल्लों की कई दुकानें खुल गई थीं। सब्जी मंडी की रौनक भी शाम को लौट गई। मतदान के बाद शहर का दृश्य रहा कि लोग एक दूसरे से अपने-अपने वार्ड के बारे में जानकारी आदान प्रदान कर रहे थे। किस वार्ड में किस प्रत्याशी के पक्ष में चुनावी बयार बही, टोह ले रहे थे। अध्यक्ष तथा सभासद पद के प्रत्याशियों के समर्थक देर शाम तक मंथन करते रहे कि मतदान का असली तस्वीर क्या रहा है। नगर पालिका परिषद देवरिया और बरहज दोनों का सीमा विस्तार होने के कारण वोटर शहर और देहात को लेकर असमंजस भी देखने को मिले। नगर पालिका परिषद में शामिल 23 गांवों को लेकर शाम को गुणा- भाग प्रत्याशी लगाते रहे कि किस के पक्ष कितना प्रतिशत वोट पड़ा होगा। पार्टी के सिंबल पर चुनावी वैतरणी पार करने वाले उम्मीदवार परंपरागत वोटों पर भरोसा जता रहे थे। जबकि दूसरी तरफ निर्दलीय प्रत्याशियों के मैदान में आने के कारण वोट खिसकने का भी भय सता रहा था। बूथों पर कौन वफादारी से रहा और किसी ने भीतरघात किया, इसे लेकर भी प्रत्याशी अपने-अपने कार्यालय पर देर शाम तक चर्चा करते रहे। इन सभी के बाद सभी की जुबां से अंतिम बार यहीं निकला कि अब मतगणना के दिन ही सब पता चल जाएगा।
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संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। शाम को मतदान समाप्त होने के बाद प्रत्याशी, समर्थक और आम मतदाताओं की निगाह अब मतगणना परिणाम पर टिकी हुई है। पर इससे पहले सभी हार-जीत का गुणा- भाग लगा रहे हैं। हर कोई अपने-अपने वार्ड में पड़े मतदान प्रतिशत के आधार पर जीत- हार की बाजी लगा रहा था। कइयों की नजर पार्टी प्रत्याशियों के अलावा बागियों के वोटों पर भी है। उन्हें आभास है कि निर्दलीय के वोटों का ग्राफ बढ़ा तो उनकी राह में रोड़ा अटक सकता है। इसे लेकर लोगों बीच जमकर बहसबाजी भी हो रही थी। इसके अलावा बूथ की दिनभर गतिविधियों के बारे में प्रत्याशियों के कार्यालय पर देर शाम तक चर्चा होती रही।
शाम पांच बजे के बाद जब मतदान का शोरगुल थमा तो जीत- हार से बात शुरु होने लगी। देर शाम तक शहर के विभिन्न जगहों पर प्रत्याशियों के पक्ष में जीत-हार की जबरदस्त दलीलें दी जा रही थीं। मतदान में कहीं पर मतदाताओं की चुप्पी तो किसी जगह पर मुखर होकर बोलना पर हर कयास को विराम लगा रही थी। मतदान के बाद शहर के गली, मोहल्लों की कई दुकानें खुल गई थीं। सब्जी मंडी की रौनक भी शाम को लौट गई। मतदान के बाद शहर का दृश्य रहा कि लोग एक दूसरे से अपने-अपने वार्ड के बारे में जानकारी आदान प्रदान कर रहे थे। किस वार्ड में किस प्रत्याशी के पक्ष में चुनावी बयार बही, टोह ले रहे थे। अध्यक्ष तथा सभासद पद के प्रत्याशियों के समर्थक देर शाम तक मंथन करते रहे कि मतदान का असली तस्वीर क्या रहा है। नगर पालिका परिषद देवरिया और बरहज दोनों का सीमा विस्तार होने के कारण वोटर शहर और देहात को लेकर असमंजस भी देखने को मिले। नगर पालिका परिषद में शामिल 23 गांवों को लेकर शाम को गुणा- भाग प्रत्याशी लगाते रहे कि किस के पक्ष कितना प्रतिशत वोट पड़ा होगा। पार्टी के सिंबल पर चुनावी वैतरणी पार करने वाले उम्मीदवार परंपरागत वोटों पर भरोसा जता रहे थे। जबकि दूसरी तरफ निर्दलीय प्रत्याशियों के मैदान में आने के कारण वोट खिसकने का भी भय सता रहा था। बूथों पर कौन वफादारी से रहा और किसी ने भीतरघात किया, इसे लेकर भी प्रत्याशी अपने-अपने कार्यालय पर देर शाम तक चर्चा करते रहे। इन सभी के बाद सभी की जुबां से अंतिम बार यहीं निकला कि अब मतगणना के दिन ही सब पता चल जाएगा।
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