{"_id":"6424897a82271b37240c23f4","slug":"life-imprisonment-for-husband-wife-and-son-deoria-news-c-7-1-104838-2023-03-30","type":"story","status":"publish","title_hn":"Deoria News: पति-पत्नी व बेटे को उम्रकैद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Deoria News: पति-पत्नी व बेटे को उम्रकैद
Thu, 30 Mar 2023 12:24 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Thu, 30 Mar 2023 12:24 AM IST
विज्ञापन
खामपार थाना क्षेत्र के करतरवा हरदो में हुई थी हत्या
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। अपर सत्र न्यायाधीश शास्वत पांडेय की अदालत ने 18 वर्ष पूर्व खामपार थाना क्षेत्र के करतरवा हरदो में हुए हत्या के मामले में बुधवार को फैसला सुनाया। इसमें दोषी पाए जाने पर पति, पत्नी व बेटे को उम्रकैद तथा प्रत्येक को 7500 रुपये अर्थदंड से से दंडित करने का निर्णय दिया।
सहायक शासकीय अधिवक्ता आशुतोष सिंह ने बताया कि 11 मई 2005 को सुबह दस बजे ईंट चुराने की बात को लेकर खामपार थाना क्षेत्र के करतरवा हरदो निवासी राजेंद्र यादव पुत्र सुकयी यादव, अमरजीत यादव व लाल बहादुर यादव पुत्र राजेंद्र यादव, राधिका देवी पत्नी राजेंद्र यादव ने अपने ही गांव के शंकर यादव को लाठी डंडा व कुल्हाड़ी से मारकर हत्या कर दी। शंकर यादव को बचाने उनकी पत्नी लीलावती व पुत्री चिंता गई तो उन्हें भी मारपीट कर चोट पहुंचाई। मृतक शंकर यादव की पत्नी लीलावती की सूचना पर उसी दिन थाना खामपार में हत्या का मुकदमा दर्ज हुआ। उभय पक्ष के तर्कों व साक्ष्यों के अवलोकन के बाद अदालत ने पाया कि लाल बहादुर यादव घटना के समय नाबालिग था, ऐसे में उसकी सुनवाई के लिए मुकदमा बाल न्यायालय को अंतरित कर दिया। राजेंद्र यादव उनके पुत्र अमरजीत यादव व पत्नी राधिका देवी को दोषी पाए जाने पर कठोर दंड से दंडित करते हुए सजा भुगतने के लिए जेल भेज दिया।
विज्ञापन
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। अपर सत्र न्यायाधीश शास्वत पांडेय की अदालत ने 18 वर्ष पूर्व खामपार थाना क्षेत्र के करतरवा हरदो में हुए हत्या के मामले में बुधवार को फैसला सुनाया। इसमें दोषी पाए जाने पर पति, पत्नी व बेटे को उम्रकैद तथा प्रत्येक को 7500 रुपये अर्थदंड से से दंडित करने का निर्णय दिया।
सहायक शासकीय अधिवक्ता आशुतोष सिंह ने बताया कि 11 मई 2005 को सुबह दस बजे ईंट चुराने की बात को लेकर खामपार थाना क्षेत्र के करतरवा हरदो निवासी राजेंद्र यादव पुत्र सुकयी यादव, अमरजीत यादव व लाल बहादुर यादव पुत्र राजेंद्र यादव, राधिका देवी पत्नी राजेंद्र यादव ने अपने ही गांव के शंकर यादव को लाठी डंडा व कुल्हाड़ी से मारकर हत्या कर दी। शंकर यादव को बचाने उनकी पत्नी लीलावती व पुत्री चिंता गई तो उन्हें भी मारपीट कर चोट पहुंचाई। मृतक शंकर यादव की पत्नी लीलावती की सूचना पर उसी दिन थाना खामपार में हत्या का मुकदमा दर्ज हुआ। उभय पक्ष के तर्कों व साक्ष्यों के अवलोकन के बाद अदालत ने पाया कि लाल बहादुर यादव घटना के समय नाबालिग था, ऐसे में उसकी सुनवाई के लिए मुकदमा बाल न्यायालय को अंतरित कर दिया। राजेंद्र यादव उनके पुत्र अमरजीत यादव व पत्नी राधिका देवी को दोषी पाए जाने पर कठोर दंड से दंडित करते हुए सजा भुगतने के लिए जेल भेज दिया।
विज्ञापन