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पति को बचाने के लिए नदी में कूदी पत्नी
देवरिया
Updated Tue, 04 Oct 2016 11:06 PM IST
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रोते बिलखते घरवाले।
- फोटो : अमर उजाला
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एकौना। गाजन डहरौली गांव में आधी रात को बंधे पर पेशाब करने गया युवक गोर्रा नदी में गिर गया। उसे बचाने के लिए उसकी पत्नी ने नदी में छलांग लगा दी और डूबने लगी। गांव वालों ने महिला को तो बचा लिया लेकिन उसके पति की जान नहीं बचाई जा सकी। मंगलवार की सुबह आठ बजे उसका शव मिला। गांव के जीउधन यादव गोर्रा नदी के किनारे स्थित मकान में सो रहा था।
उसकी तबियत खराब चल रही थी। सोमवार की रात करीब एक बजे वह बंधे पर लघुशंका करने गया। इस दौरान बंधे पर हुए बोल्डर पिचिंग से सरक कर नदी में गिर गया। उसकी आवाज सुनकर पत्नी सीता देवी घबराहट में दौड़ी। पति को डूबते देख नदी में छलांग लगा दी। लोग नदी में कूदने की आवाज सुनकर एकत्र हो गए। पति को बचाने नदी में कूदी सीता भी डूबने लगी।
गांव के युवकों ने नदी में कूदकर सीता की जान बचाई। उसके पति जीउधन को गांव के लोग रातभर नदी में तलाशते रहे। सुबह आठ बजे उसका शव मिला। परिवार के सदस्य बंधे के किनारे छप्पर डाल कर गुजारा कर रहे थे। जीउधन की मौत से चार बच्चों सहित मां पर विपत्ति का पहाड़ टूट गया है। तहसील प्रशासन की ओर नायब तहसीलदार डॉ. संजीव दीक्षित ने पीड़ितों का हाला जाना।
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उसकी तबियत खराब चल रही थी। सोमवार की रात करीब एक बजे वह बंधे पर लघुशंका करने गया। इस दौरान बंधे पर हुए बोल्डर पिचिंग से सरक कर नदी में गिर गया। उसकी आवाज सुनकर पत्नी सीता देवी घबराहट में दौड़ी। पति को डूबते देख नदी में छलांग लगा दी। लोग नदी में कूदने की आवाज सुनकर एकत्र हो गए। पति को बचाने नदी में कूदी सीता भी डूबने लगी।
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गांव के युवकों ने नदी में कूदकर सीता की जान बचाई। उसके पति जीउधन को गांव के लोग रातभर नदी में तलाशते रहे। सुबह आठ बजे उसका शव मिला। परिवार के सदस्य बंधे के किनारे छप्पर डाल कर गुजारा कर रहे थे। जीउधन की मौत से चार बच्चों सहित मां पर विपत्ति का पहाड़ टूट गया है। तहसील प्रशासन की ओर नायब तहसीलदार डॉ. संजीव दीक्षित ने पीड़ितों का हाला जाना।
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