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Deoria News: 28 दिन बाद भी हत्या की वजह पता लगी न ही आरोपियों का सुराग
Sat, 02 May 2026 11:34 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Sat, 02 May 2026 11:34 PM IST
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भागलपुर। कस्बा निवासी रहादत की पत्नी शजमा (50) की हत्या के 28 दिन बाद भी पुलिस वजह ही नहीं खोज पाई। कुछ दिन पहले एक संदिग्ध मोबाइल नंबर वाले शख्स के खोजबीन की चर्चा थी, लेकिन उसका भी पता नहीं लगा। इससे पहले संदिग्ध पिकअप वालों से भी पूछताछ में भी खास सुराग पुलिस के हाथ नहीं लग पाया।
पांच अप्रैल को दोपहर बाद शजमा का शव सरयू नदी के किनारे सब्जी के खेत में झोपड़ी में मिला था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गला दबाकर हत्या की बात सामने आई।
परिजनों की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात पर हत्या के आरोप में प्राथमिकी दर्ज कर छानबीन शुरू की तो पता लगा कि महिला दोपहर में जब अपनी झोपड़ी में थी, उसी दौरान वहां एक पिकअप से चार-पांच लोग खीरा खरीदने गए थे।
आशंका थी पिकअप सवारों ने महिला को अकेला देखकर गहनों के लिए गला दबाकर हत्या कर दी होगी। पुलिस ने संदेह के आधार पर पिकअप वालों को पकड़ भी था।
इसके बाद घटनास्थल के आसपास सक्रिय के एक मोबाइल नंबर को संदिग्ध मानते हुए जांच की गई। संदिग्धों की तलाश में पुलिस जिले से बाहर भी गई, लेकिन कुछ खास हाथ नहीं लगा।
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पांच अप्रैल को दोपहर बाद शजमा का शव सरयू नदी के किनारे सब्जी के खेत में झोपड़ी में मिला था। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गला दबाकर हत्या की बात सामने आई।
परिजनों की तहरीर पर पुलिस ने अज्ञात पर हत्या के आरोप में प्राथमिकी दर्ज कर छानबीन शुरू की तो पता लगा कि महिला दोपहर में जब अपनी झोपड़ी में थी, उसी दौरान वहां एक पिकअप से चार-पांच लोग खीरा खरीदने गए थे।
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आशंका थी पिकअप सवारों ने महिला को अकेला देखकर गहनों के लिए गला दबाकर हत्या कर दी होगी। पुलिस ने संदेह के आधार पर पिकअप वालों को पकड़ भी था।
इसके बाद घटनास्थल के आसपास सक्रिय के एक मोबाइल नंबर को संदिग्ध मानते हुए जांच की गई। संदिग्धों की तलाश में पुलिस जिले से बाहर भी गई, लेकिन कुछ खास हाथ नहीं लगा।
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