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Deoria News: अल्ट्रासाउंड के लिए मशक्कत, रात दो बजे लग रही लाइन
Fri, 23 Aug 2024 03:19 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
संवाद न्यूज एजेंसी, देवरिया
Updated Fri, 23 Aug 2024 03:19 AM IST
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एक रेडियोलॉजिस्ट के भरोसे जांच, ओपीडी के 40 और भर्ती मरीजों की हो पा रही जांच
संवाद न्यूज एजेंसी
देवरिया। मेडिकल कॉलेज में अल्ट्रासाउंड कराने के लिए मरीजों को मशक्कत करनी पड़ रही है। रात के करीब दो बजे से नंबर लगाना पड़ रहा है। देर से पहुंचने पर जांच नहीं हो पाती है। रोजाना ओपीडी के करीब 40 के अलावा भर्ती मरीजों की जांच हो पाती है, जबकि इससे मरीजों की संख्या अधिक रहती है, जिससे लौटना पड़ता है। एक ही रेडियोलॉजिस्ट के भरोसे जांच है, जबकि उन्हें पुलिस मेडिकोलीगल सहित अन्य कार्य की जिम्मेदारी भी है।
महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज में अल्ट्रा साउंड की सुविधा है, लेकिन जांच कराने में लोगों को काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। डॉक्टर के लिखने के बाद उसी दिन जांच नहीं हो पाती है। उन्हें लौटना पड़ता है। दूर-दराज क्षेत्र से आने वाले मरीजों को जांच कराना मुश्किल ही है। यहां लोग रात दो बजे से ही लोग नंबर लगाने पहुंच रहे हैं, तब जाकर जांच हो पा रही है। पुरुष अस्पताल की जांच के लिए एक ही रेडियोलॉजिस्ट हैं। उनके जिम्मे अल्ट्रासाउंड, पुलिस केस के लिए एक्स-रे रिपोर्ट, सीटी स्कैन रिपोर्ट पर काउंटर साइन है। इसके अलावा न्यायालय कार्य से भी जाना पड़ता है।
ओपीडी से अल्ट्रा साउंड जांच केंद्र पर रोजाना 70 से 75 मरीजों को जांच के लिए भेजा जाता है, लेकिन प्रतिदिन करीब 40 ओपीडी और 15 से 20 वार्ड में भर्ती मरीजों की ही जांच हो पाती है। इस वजह से करीब 20 से 25 लोगों को लौटना पड़ता है, जिससे मरीजों को परेशानी होती है। शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों से प्रतिदिन मरीज जांच के लिए पहुंचते हैं, पर उन्हें निराश होना पड़ रहा है। जरूरी होने पर कुछ लोगों को निजी केंद्रों पर जांच करानी पड़ रही है। इसके लिए छह से आठ सौ रुपये कीमत चुकानी पड़ रही है।
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परेशान लोग बोले-
बच्चे को पेट में दिक्कत है। डॉक्टर अल्ट्रा साउंड कराने को कहे, लेकिन जांच कराने में काफी परेशानी हो रही है। बुधवार को जांच के लिए आया, लेकिन नंबर नहीं आया, वापस घर जाना पड़ा। आज सुबह पांच आया तो 28 नंबर पर था। रात में ही ईंट से पर्ची दबाकर नंबर लगा रहे हैं। इस समस्या का समाधान जरूरी है।
-भारत द्विवेदी, रामनाथ देवरिया
पेट में दिक्कत से परेशान हूं। डॉक्टर के लिखने पर सोचा कि अल्ट्रा साउंड जांच आसानी से हो जाएगी। ओपीडी से पहुंचा तो वापस जाना पड़ा। यहां जांच कराने में काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। नंबर लगाने के लिए सुबह ही घर से निकला, तब जाकर 24वां नंबर मिला। तब से इंतजार कर रहा हूं। यहां लोग रात दो बजे से ही आकर नंबर लगा रहे हैं।
-नियाज, रघवापुर
अस्पताल में रेडियोलॉजिस्ट की कमी है। इसकी वजह से दिक्कत है। रेडियोलॉजिस्ट के लिए डिमांड की गई है। दो दिन पहले प्राचार्य ने सदर सांसद के सामने भी बात रखी थी। रेडियोलॉजिस्ट के आने के बाद मरीजों को आसानी होगी।
-डॉ. एचके मिश्रा, सीएमएस
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देवरिया। मेडिकल कॉलेज में अल्ट्रासाउंड कराने के लिए मरीजों को मशक्कत करनी पड़ रही है। रात के करीब दो बजे से नंबर लगाना पड़ रहा है। देर से पहुंचने पर जांच नहीं हो पाती है। रोजाना ओपीडी के करीब 40 के अलावा भर्ती मरीजों की जांच हो पाती है, जबकि इससे मरीजों की संख्या अधिक रहती है, जिससे लौटना पड़ता है। एक ही रेडियोलॉजिस्ट के भरोसे जांच है, जबकि उन्हें पुलिस मेडिकोलीगल सहित अन्य कार्य की जिम्मेदारी भी है।
महर्षि देवरहा बाबा मेडिकल कॉलेज में अल्ट्रा साउंड की सुविधा है, लेकिन जांच कराने में लोगों को काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। डॉक्टर के लिखने के बाद उसी दिन जांच नहीं हो पाती है। उन्हें लौटना पड़ता है। दूर-दराज क्षेत्र से आने वाले मरीजों को जांच कराना मुश्किल ही है। यहां लोग रात दो बजे से ही लोग नंबर लगाने पहुंच रहे हैं, तब जाकर जांच हो पा रही है। पुरुष अस्पताल की जांच के लिए एक ही रेडियोलॉजिस्ट हैं। उनके जिम्मे अल्ट्रासाउंड, पुलिस केस के लिए एक्स-रे रिपोर्ट, सीटी स्कैन रिपोर्ट पर काउंटर साइन है। इसके अलावा न्यायालय कार्य से भी जाना पड़ता है।
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ओपीडी से अल्ट्रा साउंड जांच केंद्र पर रोजाना 70 से 75 मरीजों को जांच के लिए भेजा जाता है, लेकिन प्रतिदिन करीब 40 ओपीडी और 15 से 20 वार्ड में भर्ती मरीजों की ही जांच हो पाती है। इस वजह से करीब 20 से 25 लोगों को लौटना पड़ता है, जिससे मरीजों को परेशानी होती है। शहर से लेकर ग्रामीण क्षेत्रों से प्रतिदिन मरीज जांच के लिए पहुंचते हैं, पर उन्हें निराश होना पड़ रहा है। जरूरी होने पर कुछ लोगों को निजी केंद्रों पर जांच करानी पड़ रही है। इसके लिए छह से आठ सौ रुपये कीमत चुकानी पड़ रही है।
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परेशान लोग बोले-
बच्चे को पेट में दिक्कत है। डॉक्टर अल्ट्रा साउंड कराने को कहे, लेकिन जांच कराने में काफी परेशानी हो रही है। बुधवार को जांच के लिए आया, लेकिन नंबर नहीं आया, वापस घर जाना पड़ा। आज सुबह पांच आया तो 28 नंबर पर था। रात में ही ईंट से पर्ची दबाकर नंबर लगा रहे हैं। इस समस्या का समाधान जरूरी है।
-भारत द्विवेदी, रामनाथ देवरिया
पेट में दिक्कत से परेशान हूं। डॉक्टर के लिखने पर सोचा कि अल्ट्रा साउंड जांच आसानी से हो जाएगी। ओपीडी से पहुंचा तो वापस जाना पड़ा। यहां जांच कराने में काफी मशक्कत करनी पड़ रही है। नंबर लगाने के लिए सुबह ही घर से निकला, तब जाकर 24वां नंबर मिला। तब से इंतजार कर रहा हूं। यहां लोग रात दो बजे से ही आकर नंबर लगा रहे हैं।
-नियाज, रघवापुर
अस्पताल में रेडियोलॉजिस्ट की कमी है। इसकी वजह से दिक्कत है। रेडियोलॉजिस्ट के लिए डिमांड की गई है। दो दिन पहले प्राचार्य ने सदर सांसद के सामने भी बात रखी थी। रेडियोलॉजिस्ट के आने के बाद मरीजों को आसानी होगी।
-डॉ. एचके मिश्रा, सीएमएस