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गैर इरादतन हत्या में पिता-पुत्र को दस साल का कैद
Updated Thu, 17 Aug 2017 10:36 PM IST
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देवरिया। गैर इरादतन हत्या के मामले में पिता-पुत्र को सात वर्ष की सजा और 20 हजार रुपये अर्थदंड लगा है। गुरुवार को अपर जिला जज टीपी तिवारी ने यह फैसला सुनाया। फैसला आने के बाद आरोपियों को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया।
अभियोजन के अनुसार लार थाना क्षेत्र के खरवनिया गांव निवासी फुलवसिया देवी ने गांव के मैनेजर शाही को कर्ज के रूप में रकम दी थी। रकम वापस मांगने पर आठ नवंबर- 2012 को महिला की पिटाई लाठी-डंडे से कर दिया। गंभीर रूप से घायल महिला की इलाज के दौरान मौत हो गई। पुलिस इस मामले में महिला के बेटे वीरेंद्र की तहरीर पर मैनेजर शाही और बेटे मृत्युंजय शाही पर गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज किया था। पांच साल बाद उसका फैसला आया। दोनों को सात वर्ष का कैद और दस-दस हजार का अर्थदंड से दंडित किया है।
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अभियोजन के अनुसार लार थाना क्षेत्र के खरवनिया गांव निवासी फुलवसिया देवी ने गांव के मैनेजर शाही को कर्ज के रूप में रकम दी थी। रकम वापस मांगने पर आठ नवंबर- 2012 को महिला की पिटाई लाठी-डंडे से कर दिया। गंभीर रूप से घायल महिला की इलाज के दौरान मौत हो गई। पुलिस इस मामले में महिला के बेटे वीरेंद्र की तहरीर पर मैनेजर शाही और बेटे मृत्युंजय शाही पर गैर इरादतन हत्या का केस दर्ज किया था। पांच साल बाद उसका फैसला आया। दोनों को सात वर्ष का कैद और दस-दस हजार का अर्थदंड से दंडित किया है।
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