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प्रधान ने जबरन किसान के खेत में बनवा दिया चकरोड
Updated Sun, 25 Jun 2017 04:07 PM IST
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सलेमपुर (देवरिया)। एक साल पूर्व दबंग प्रधान ने किसान के खेत में मिट्टी पाटकर चकरोड बना दिया और चकनाली पर चकरोड बनाने का दावा कर रहा था। अफसरों तक मामला पहुंचा तो जांच में प्रधान का दावा खारिज हो गया और किसान की शिकायत सही मिली तो डीएम ने चकरोड को समतल कराने का निर्देश दिए। लेकिन पुलिस के साथ गांव पहुंचे ब्लॉक के अफसर वापस चले आए।
तिलौली गांव निवासी हेमचन्द्र कुशवाहा का आरोप है कि एक साल पूर्व इनके खेत में ग्राम प्रधान ने जबरन चकनाली होने की बात कहते हुए चकरोड बनवा दिया। इसकी शिकायत किसान से पुलिस से किया। लेकिन पुलिस ने उस समय कोई मदद नहीं की। इसके बाद किसान डीएम को प्रार्थना पत्र देकर न्याय की गुहार लगाया। डीएम ने एसडीएम को जांच के लिए पत्र लिखा। एसडीएम और ब्लॉक कर्मचारियों की जांच में मालूम हुआ कि किसान के खेत में चकरोड का निर्माण हुआ है और चकनाली कही और है। इसकी रिपोर्ट ब्लॉक कर्मचारियों ने एसडीएम के माध्यम से डीएम को भेज दिया। इसके चलते चकरोड का भुगतान भी रुक गया तो बाद में प्रधान श्रमदान से काम होने की बात कही। रविवार को एडीओ पंचायत दिनेश तिवारी कोतवाली पहुंचे और पूरे प्रकरण को बताते हुए चकरोड समतल कराने के लिए फोर्स की मांग किए। पुलिस के साथ ब्लॉककर्मी गांव पहुंचे तो प्रधान ने दुबारा पैमाइश कराने की बात कहते हुए रोक दिया। इस बाबत एडीओ पंचायत दिनेश तिवारी ने बताया कि पूर्व में जांच करा लिया गया है। चकनाली पर ग्रामसभा की ओर से चकरोड का निर्माण नहीं कराया जा सकता है। प्रधान के विरोध पर टीम वापस चली आई है।
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तिलौली गांव निवासी हेमचन्द्र कुशवाहा का आरोप है कि एक साल पूर्व इनके खेत में ग्राम प्रधान ने जबरन चकनाली होने की बात कहते हुए चकरोड बनवा दिया। इसकी शिकायत किसान से पुलिस से किया। लेकिन पुलिस ने उस समय कोई मदद नहीं की। इसके बाद किसान डीएम को प्रार्थना पत्र देकर न्याय की गुहार लगाया। डीएम ने एसडीएम को जांच के लिए पत्र लिखा। एसडीएम और ब्लॉक कर्मचारियों की जांच में मालूम हुआ कि किसान के खेत में चकरोड का निर्माण हुआ है और चकनाली कही और है। इसकी रिपोर्ट ब्लॉक कर्मचारियों ने एसडीएम के माध्यम से डीएम को भेज दिया। इसके चलते चकरोड का भुगतान भी रुक गया तो बाद में प्रधान श्रमदान से काम होने की बात कही। रविवार को एडीओ पंचायत दिनेश तिवारी कोतवाली पहुंचे और पूरे प्रकरण को बताते हुए चकरोड समतल कराने के लिए फोर्स की मांग किए। पुलिस के साथ ब्लॉककर्मी गांव पहुंचे तो प्रधान ने दुबारा पैमाइश कराने की बात कहते हुए रोक दिया। इस बाबत एडीओ पंचायत दिनेश तिवारी ने बताया कि पूर्व में जांच करा लिया गया है। चकनाली पर ग्रामसभा की ओर से चकरोड का निर्माण नहीं कराया जा सकता है। प्रधान के विरोध पर टीम वापस चली आई है।
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