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अब रेल कर्मचारियों को नहीं मिलेगा ट्यूशन भता
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अब रेल कर्मचारियों को नहीं मिलेगा ट्यूशन भत्ता
कर्मचारियों को दो बच्चों को पढ़ाने को मिलते थे 25 हजार
रेलवे बोर्ड ने जारी किया फरमान, रेल कर्मचारी हलकान
सुनील कुमार सिंह
देवरिया। रेलवे अब अपने कर्मचारियों को बच्चों को पढ़ाने के लिए ट्यूशन भत्ता नहीं देगा। रेलवे बोर्ड की ओर से 14 मई को आदेश यह आदेश जारी किया है। पूर्वोत्तर रेलवे के महाप्रबंधक कार्मिक ने रेलवे बोर्ड के आदेश को जारी कर दिया है।
अब तक रेल कर्मचारियों को अपने दो बच्चों को पढ़ाई के लिए प्रतिवर्ष 25 हजार रुपये ट्यूशन भत्ता के रूप में मिलता था। इससे रेल कर्मचारियों को बच्चों को पढ़ाने में सहूलियत मिलती थी। कर्मचारियों के मिलने वाले 20 से अधिक प्रकार के भत्तों में भी शामिल था। 14 मई को रेलवे बोर्ड की ओर से आदेश जारी किया गया कि रेल कर्मचारियों को मिलने वाला ट्यूशन भत्ता अब नहीं दिया जाएगा। रेलवे बोर्ड के आदेश से पूर्वोत्तर रेलवे के महाप्रबंधक कार्मिक ने एनई रेलवे मजदूर यूनियन, प्रमोटी अधिकारी संघ, रेसुब एसोसिएशन, पूर्वोत्तर रेलवे प्रथम श्रेणी अधिकारी संघ, एससी/एसटी/ओबीसी एसोसिएशन को अवगत करा दिया है। रेलवे के एक कर्मचारी ने बताया कि केंद्र सरकार कर्मचारियों के सुविधा में कटौती कर रही है। रेलवे के निजीकरण की दिशा में इसे कदम माना जा सकता है। इसके विरोध में आंदोलन की योजना बनाई जा रही है। इस संबंध में पूर्वोत्तर रेलवे वाराणसी मंडल के पीआरओ महेश गुप्त ने बताया कि यह पॉलिसी मैटर है। रेलवे बोर्ड के डायरेक्टर तय करते हैं। इसलिए मैं कुछ कह नहीं सकता।
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कर्मचारियों को दो बच्चों को पढ़ाने को मिलते थे 25 हजार
रेलवे बोर्ड ने जारी किया फरमान, रेल कर्मचारी हलकान
सुनील कुमार सिंह
देवरिया। रेलवे अब अपने कर्मचारियों को बच्चों को पढ़ाने के लिए ट्यूशन भत्ता नहीं देगा। रेलवे बोर्ड की ओर से 14 मई को आदेश यह आदेश जारी किया है। पूर्वोत्तर रेलवे के महाप्रबंधक कार्मिक ने रेलवे बोर्ड के आदेश को जारी कर दिया है।
अब तक रेल कर्मचारियों को अपने दो बच्चों को पढ़ाई के लिए प्रतिवर्ष 25 हजार रुपये ट्यूशन भत्ता के रूप में मिलता था। इससे रेल कर्मचारियों को बच्चों को पढ़ाने में सहूलियत मिलती थी। कर्मचारियों के मिलने वाले 20 से अधिक प्रकार के भत्तों में भी शामिल था। 14 मई को रेलवे बोर्ड की ओर से आदेश जारी किया गया कि रेल कर्मचारियों को मिलने वाला ट्यूशन भत्ता अब नहीं दिया जाएगा। रेलवे बोर्ड के आदेश से पूर्वोत्तर रेलवे के महाप्रबंधक कार्मिक ने एनई रेलवे मजदूर यूनियन, प्रमोटी अधिकारी संघ, रेसुब एसोसिएशन, पूर्वोत्तर रेलवे प्रथम श्रेणी अधिकारी संघ, एससी/एसटी/ओबीसी एसोसिएशन को अवगत करा दिया है। रेलवे के एक कर्मचारी ने बताया कि केंद्र सरकार कर्मचारियों के सुविधा में कटौती कर रही है। रेलवे के निजीकरण की दिशा में इसे कदम माना जा सकता है। इसके विरोध में आंदोलन की योजना बनाई जा रही है। इस संबंध में पूर्वोत्तर रेलवे वाराणसी मंडल के पीआरओ महेश गुप्त ने बताया कि यह पॉलिसी मैटर है। रेलवे बोर्ड के डायरेक्टर तय करते हैं। इसलिए मैं कुछ कह नहीं सकता।
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