{"_id":"6ab40bd531b2665bc6069cd1","slug":"pension-of-living-woman-stopped-action-to-be-taken-against-secretary-chitrakoot-news-c-215-1-ckt1003-136700-2026-09-23","type":"story","status":"publish","title_hn":"Chitrakoot News: जिंदा महिला की पेंशन रोकी, सचिव पर होगी कार्रवाई","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Chitrakoot News: जिंदा महिला की पेंशन रोकी, सचिव पर होगी कार्रवाई
Wed, 23 Sep 2026 10:56 PM IST
कानपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, चित्रकूट
संवाद न्यूज एजेंसी, चित्रकूट
Updated Wed, 23 Sep 2026 10:56 PM IST
विज्ञापन
फोटो 23 सीकेटीपी 09 वृद्ध महिला सुनैना देवी। संवाद
चित्रकूट। मानिकपुर विकास खंड के रुकमा खुर्द गांव की सुनैना देवी को सरकारी दस्तावेज में मृत घोषित कर दिया गया है। इसके चलते उनकी वृद्धा पेंशन चार साल से रुकी हुई है।
दस से अधिक बार शिकायत के बाद अब अधिकारियों ने इस मामले में कार्रवाई शुरू की है। अब पेंशन बहाल की जाएगी, साथ ही सचिव पर कार्रवाई की जाएगी।
सुनैना देवी बुधवार को अपने बेटे के साथ कलक्ट्रेट पहुंचीं। उन्होंने जिलाधिकारी पुलकित गर्ग को प्रार्थना पत्र देकर अपनी समस्या बताई। जिलाधिकारी ने जिला समाज कल्याण अधिकारी को जांच के निर्देश दिए हैं। सुनैना देवी ने बताया कि चार साल पहले गांव के सचिव ने सत्यापन में उन्हें मृत दिखा दिया था। पेंशन दोबारा चालू कराने के लिए वह दस बार से अधिक समाज कल्याण और ब्लॉक कार्यालयों के चक्कर लगा चुकी हैं।
जिला समाज कल्याण अधिकारी डॉ. वैभव त्रिपाठी ने बताया कि दस नवंबर 2022 की सत्यापन रिपोर्ट में वृद्धा को मृत दिखाया गया था। इसी आधार पर पेंशन रोकी गई थी। सत्यापन करने वाले सचिव के खिलाफ कार्रवाई के लिए पत्र लिखा गया है। ब्लॉक से रिपोर्ट मंगाकर सुनैना देवी की पेंशन दोबारा शुरू कराई जाएगी।
विज्ञापन
जिला पंचायत राज अधिकारी देवेंद्र सिंह ने भी कार्रवाई की बात कही है। उन्होंने कहा कि यदि सचिव ने जिंदा को मृत दिखाकर रिपोर्ट तैयार की है तो उन पर कार्रवाई होगी।
विज्ञापन
दस से अधिक बार शिकायत के बाद अब अधिकारियों ने इस मामले में कार्रवाई शुरू की है। अब पेंशन बहाल की जाएगी, साथ ही सचिव पर कार्रवाई की जाएगी।
सुनैना देवी बुधवार को अपने बेटे के साथ कलक्ट्रेट पहुंचीं। उन्होंने जिलाधिकारी पुलकित गर्ग को प्रार्थना पत्र देकर अपनी समस्या बताई। जिलाधिकारी ने जिला समाज कल्याण अधिकारी को जांच के निर्देश दिए हैं। सुनैना देवी ने बताया कि चार साल पहले गांव के सचिव ने सत्यापन में उन्हें मृत दिखा दिया था। पेंशन दोबारा चालू कराने के लिए वह दस बार से अधिक समाज कल्याण और ब्लॉक कार्यालयों के चक्कर लगा चुकी हैं।
विज्ञापन
जिला समाज कल्याण अधिकारी डॉ. वैभव त्रिपाठी ने बताया कि दस नवंबर 2022 की सत्यापन रिपोर्ट में वृद्धा को मृत दिखाया गया था। इसी आधार पर पेंशन रोकी गई थी। सत्यापन करने वाले सचिव के खिलाफ कार्रवाई के लिए पत्र लिखा गया है। ब्लॉक से रिपोर्ट मंगाकर सुनैना देवी की पेंशन दोबारा शुरू कराई जाएगी।
विज्ञापन
जिला पंचायत राज अधिकारी देवेंद्र सिंह ने भी कार्रवाई की बात कही है। उन्होंने कहा कि यदि सचिव ने जिंदा को मृत दिखाकर रिपोर्ट तैयार की है तो उन पर कार्रवाई होगी।