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निर्माण काम बंद, मजदूरों में दहशत
Updated Sat, 02 Dec 2017 09:17 PM IST
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सरैंया(चित्रकूट)। सरैंया के पास निर्माणाधीन विद्युत उपकेंद्र में तीन दिन बाद भी काम शुरू नहीं हुआ है। डकैतोें के भय से मजदूर प्लांट वाले कैंप को छोड़कर बस्ती के बीच रह रहे हैं। पुलिस टीम लगातार घटनास्थल से लेकर आस पास के जंगल में गश्त कर रही है लेकिन अपहृत मजदूर का कुछ पता नहीं चल सका है।
गौरतलब है कि तीन चार दिन पूर्व करोंड़ों रुपये की लागत से बन रहे विद्युत उपकेंद्र के मजदूरों के कैंप पर अज्ञात असलहा धारियों ने धावा बोलकर एक मजदूर का अपहरण कर लिया था। इसके बाद ठेकेदार से छह लाख की रंगदारी पहुंचाने को कहा है। इसके बाद से मजदूरों में दहशत है। तीन दिन से निर्माण कार्य बंद है। कुछ मजदूर गांव लौट गए जबकि कुछ अब सरैंया गांव की बस्ती के पास आकर रह रहे हैं। आशंका जताई गई है कि यह वारदात डाकू गोप्पा गैंग के बचे सदस्यों के गैंग ने अंजाम दी है। कोतवाल मनोज शुक्ला ने बताया कि अज्ञात डकैतों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। अपहृत मजदूर को सकुशल छुड़ाने के प्रयास जारी हैं। दो टीमें जंगल व आस पास के इलाके में सर्च अभियान चला रहीं हैं।
निर्माण काम बंद, मजदूरों में दहशत
- अपहृत मजदूर का कुछ पता नहीं चल सका
गौरतलब है कि तीन चार दिन पूर्व करोंड़ों रुपये की लागत से बन रहे विद्युत उपकेंद्र के मजदूरों के कैंप पर अज्ञात असलहा धारियों ने धावा बोलकर एक मजदूर का अपहरण कर लिया था। इसके बाद ठेकेदार से छह लाख की रंगदारी पहुंचाने को कहा है। इसके बाद से मजदूरों में दहशत है। तीन दिन से निर्माण कार्य बंद है। कुछ मजदूर गांव लौट गए जबकि कुछ अब सरैंया गांव की बस्ती के पास आकर रह रहे हैं। आशंका जताई गई है कि यह वारदात डाकू गोप्पा गैंग के बचे सदस्यों के गैंग ने अंजाम दी है। कोतवाल मनोज शुक्ला ने बताया कि अज्ञात डकैतों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। अपहृत मजदूर को सकुशल छुड़ाने के प्रयास जारी हैं। दो टीमें जंगल व आस पास के इलाके में सर्च अभियान चला रहीं हैं।
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निर्माण काम बंद, मजदूरों में दहशत
- अपहृत मजदूर का कुछ पता नहीं चल सका