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राम से विमुख व्यक्ति सुखी नहीं
ब्यूरो/अमर उजाला, चंदौली
Updated Tue, 01 Dec 2015 01:32 AM IST
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राम से विमुख व्यक्ति कभी सुखी नहीं हो सकता। जो व्यक्ति सच्चे मन से भगवान को याद करता है, उसे ही भगवान प्राप्त होते हैं।
भगवान सभी के आसपास विद्यमान हैं। बस जरूरत है सच्चे भक्त की। उक्त उद्गार सोमवार को फत्तेपुर आश्रम पर हजारों भक्तों के बीच स्वामी अड़गड़ानंद ने व्यक्त किए।
उन्होंने कहा कि भगवान राम की प्रेरणा से तमाम लोगों में भक्ति और ज्ञान का समन्वय हुआ। इससे राम मर्यादा पुरुषोत्तम कहलाए। आज आधुनिकता के भंवरजाल में फंसकर लोग भजन भाव से दूर हो रहे हैं।
किसी के पास प्रभु भजन के लिए समय ही नहीं रह गया है। हर कोई दौड़ा-दौड़ा नजर आ रहा है। कहा कि बेवजह भागदौड़ करने से मनुष्य को सुख नहीं प्राप्त होता है बल्कि वह और परेशान होता है।
भजन से ही मानव जीवन सफल हो सकता है। संसार दुखों की खान है। यदि मनुष्य चिंतन को ध्यान में लगाकर दही की तरह जमा ले तो मनुष्य के सभी दुखों का अपने आप नाश हो जाएगा। मानव तन बड़े भाग्य से प्राप्त होता है। मनुष्य को मानसिक प्रवृत्ति को संवारकर रखना चाहिए।
कहा कि गीता ही मानव का धर्म है। गीता से ही सभी धर्म विकसित हुए हैं। गीता सभी धर्मों का मूल है। इसके पूर्व हजारों भक्तों में स्वामी जी द्वारा रचित यथार्थ गीता का वितरण किया गया।
इस दौरान मास्टर बाबा, नंदलाल यादव, मनमोहन सिंह, अवधेश रस्तोगी, फंतू मिश्रा, रामउजागिर सिंह आदि मौजूद रहे।
इनसेट
कर्मनाशा नदी पर बनाया अस्थाई पुल
शहाबगंज। फत्तेपुर गांव स्थित आश्रम पर स्वामी अड़गड़ानंद का प्रवचन सुनने के लिए नदी के उस पार स्थित गांवों के भक्तों ने बांस-बल्ली के सहारे कर्मनाशा नदी पर अस्थाई पुल का निर्माण कर दिया।
इस पुल से भगतचुरा, भोड़सर, परासी, नरसिंहपुर, भूंसी आदि गांवों के भक्त पहुंचे थे।
इनसेट
प्रसाद के लिए लगा रहा भक्तों का रेला
शहाबगंज। प्रवचन समाप्त होने के बाद आए हुए भक्तों में प्रसाद का वितरण किया गया। इस दौरान नर-नारियों में प्रसाद लेने की होड़ लगी रही। देर शाम तक हजारों भक्तों ने प्रसाद चखा।
इनसेट
मेले जैसा दृश्य
शहाबगंज। स्वामी अड़गड़ानंद का प्रवचन सुनने के लिए सोमवार को फत्तेपुर आश्रम पर भक्तों का रेला उमड़ पड़ा। इससे वहां मेले जैसा दृश्य पैदा हो गया।
आश्रम के आसपास सजी दुकानों पर लोग चाट पकौड़ी का आनंद लेते नजर आए।
प्रवचन सुनने के लिए भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस दिनभर प्रवचन स्थल पर रही। प्रवचन खत्म होने के बाद पुलिस ने राहत की सांस ली। इस दौरान कार्यकर्ता भी जगह-जगह चौकस दिखे।
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भगवान सभी के आसपास विद्यमान हैं। बस जरूरत है सच्चे भक्त की। उक्त उद्गार सोमवार को फत्तेपुर आश्रम पर हजारों भक्तों के बीच स्वामी अड़गड़ानंद ने व्यक्त किए।
उन्होंने कहा कि भगवान राम की प्रेरणा से तमाम लोगों में भक्ति और ज्ञान का समन्वय हुआ। इससे राम मर्यादा पुरुषोत्तम कहलाए। आज आधुनिकता के भंवरजाल में फंसकर लोग भजन भाव से दूर हो रहे हैं।
किसी के पास प्रभु भजन के लिए समय ही नहीं रह गया है। हर कोई दौड़ा-दौड़ा नजर आ रहा है। कहा कि बेवजह भागदौड़ करने से मनुष्य को सुख नहीं प्राप्त होता है बल्कि वह और परेशान होता है।
भजन से ही मानव जीवन सफल हो सकता है। संसार दुखों की खान है। यदि मनुष्य चिंतन को ध्यान में लगाकर दही की तरह जमा ले तो मनुष्य के सभी दुखों का अपने आप नाश हो जाएगा। मानव तन बड़े भाग्य से प्राप्त होता है। मनुष्य को मानसिक प्रवृत्ति को संवारकर रखना चाहिए।
कहा कि गीता ही मानव का धर्म है। गीता से ही सभी धर्म विकसित हुए हैं। गीता सभी धर्मों का मूल है। इसके पूर्व हजारों भक्तों में स्वामी जी द्वारा रचित यथार्थ गीता का वितरण किया गया।
इस दौरान मास्टर बाबा, नंदलाल यादव, मनमोहन सिंह, अवधेश रस्तोगी, फंतू मिश्रा, रामउजागिर सिंह आदि मौजूद रहे।
इनसेट
कर्मनाशा नदी पर बनाया अस्थाई पुल
शहाबगंज। फत्तेपुर गांव स्थित आश्रम पर स्वामी अड़गड़ानंद का प्रवचन सुनने के लिए नदी के उस पार स्थित गांवों के भक्तों ने बांस-बल्ली के सहारे कर्मनाशा नदी पर अस्थाई पुल का निर्माण कर दिया।
इस पुल से भगतचुरा, भोड़सर, परासी, नरसिंहपुर, भूंसी आदि गांवों के भक्त पहुंचे थे।
इनसेट
प्रसाद के लिए लगा रहा भक्तों का रेला
शहाबगंज। प्रवचन समाप्त होने के बाद आए हुए भक्तों में प्रसाद का वितरण किया गया। इस दौरान नर-नारियों में प्रसाद लेने की होड़ लगी रही। देर शाम तक हजारों भक्तों ने प्रसाद चखा।
इनसेट
मेले जैसा दृश्य
शहाबगंज। स्वामी अड़गड़ानंद का प्रवचन सुनने के लिए सोमवार को फत्तेपुर आश्रम पर भक्तों का रेला उमड़ पड़ा। इससे वहां मेले जैसा दृश्य पैदा हो गया।
आश्रम के आसपास सजी दुकानों पर लोग चाट पकौड़ी का आनंद लेते नजर आए।
प्रवचन सुनने के लिए भीड़ को देखते हुए सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस दिनभर प्रवचन स्थल पर रही। प्रवचन खत्म होने के बाद पुलिस ने राहत की सांस ली। इस दौरान कार्यकर्ता भी जगह-जगह चौकस दिखे।