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जीवित्पुत्रिका पर बाजार गुलजार
चंदौली ब्यूरो, अमर उजाला
Updated Fri, 23 Sep 2016 01:34 AM IST
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फलों की खरीदारी करते लोग।
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संतान की दीर्घायु के लिए किया जाने वाला जीवित पुत्रिका पर्व शुक्रवार को मनाया जाएगा। गुरुवार को इसकी तैयारी पूरी कर ली गई। जिउतिया की पूर्व संध्या पर बाजारों में फल मंडी। यहां बड़े पैमानों पर फल, फूल और जिउतिया के साथ पूजन सामग्रियों की खरीद फरोख्त हुई। खरीददारों की भीड़ की वजह से मुगलसराय बाजार दिन भर जाम की चपेट में रहा। यही हाल चहनियां बाजार, इलिया बाजार,चकिया सहित पूरे जिले के बाजारों का रहा।
आश्विन मास की कृष्ण पक्ष के अष्टमी को महिलाएं संतान के दीर्घायु के लिए निराजल व्रत रखती हैं और लक्ष्मी की पूजा अर्चना के बाद शालिक वाहन की कथा सुनती हैं। इस दौरान सोने अथवा धागे की जिउतिया गले में धारण करती हैं। शुक्रवार को यह पर्व मनाया जाएगा। गुरुवार को महिलाओं ने इसकी पूरी तैयारी की। सुबह स्नान ध्यान के बाद मड़वे के आटे की रोटी, हलवा आदि बनाकर चखा तो सतपुतिया की सब्जी और नोनी की साग बनाकर सेवन किया। वहीं पूजन अर्चन के लिए गुरुवार को बाजार में फलों की मंडी सजी। आर्य समाज मंदिर, नई सट़्टी, गल्ला मंडी, धर्मशाला रोड, ईस्टर्न बाजार तक जीटी रोड के किनारे जगह जगह फलों की दुकानें सजी। यहां अनान्नास, नारियल, सेव, संतरा, अनार, केला सहित अन्य फलों को सजाया गया। सुबह से ही बाजार में फलों की खरीददारी के लिए भीड़ जुटी। इससे बाजार में दिन भर जाम की स्थिति रही। वाहनों के चिल्ल पो से लोग परेशान रहे। वहीं जगह जगह धागे की जिउतिया की दुकान भी सजी रही।
इसी तरह संपन्न महिलाओं ने स्वर्णकारों के यहां पहुंच कर सोने और चांदी की जिउतिया बनवायी। बाजार में सूप, दउरी, पूजन सामग्री आदि के दुकानों पर भी भीड़ रही। इसी तरह चहनियां बाजार में फलों की मंडी सजी औरयहां खरीददारों की भीड़ की वजह से दिन भर जाम की स्थिति रही। इलिया बाजार में फलों की मंडी सजी और यहां लोगों की भीड़ जुटी।
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आश्विन मास की कृष्ण पक्ष के अष्टमी को महिलाएं संतान के दीर्घायु के लिए निराजल व्रत रखती हैं और लक्ष्मी की पूजा अर्चना के बाद शालिक वाहन की कथा सुनती हैं। इस दौरान सोने अथवा धागे की जिउतिया गले में धारण करती हैं। शुक्रवार को यह पर्व मनाया जाएगा। गुरुवार को महिलाओं ने इसकी पूरी तैयारी की। सुबह स्नान ध्यान के बाद मड़वे के आटे की रोटी, हलवा आदि बनाकर चखा तो सतपुतिया की सब्जी और नोनी की साग बनाकर सेवन किया। वहीं पूजन अर्चन के लिए गुरुवार को बाजार में फलों की मंडी सजी। आर्य समाज मंदिर, नई सट़्टी, गल्ला मंडी, धर्मशाला रोड, ईस्टर्न बाजार तक जीटी रोड के किनारे जगह जगह फलों की दुकानें सजी। यहां अनान्नास, नारियल, सेव, संतरा, अनार, केला सहित अन्य फलों को सजाया गया। सुबह से ही बाजार में फलों की खरीददारी के लिए भीड़ जुटी। इससे बाजार में दिन भर जाम की स्थिति रही। वाहनों के चिल्ल पो से लोग परेशान रहे। वहीं जगह जगह धागे की जिउतिया की दुकान भी सजी रही।
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इसी तरह संपन्न महिलाओं ने स्वर्णकारों के यहां पहुंच कर सोने और चांदी की जिउतिया बनवायी। बाजार में सूप, दउरी, पूजन सामग्री आदि के दुकानों पर भी भीड़ रही। इसी तरह चहनियां बाजार में फलों की मंडी सजी औरयहां खरीददारों की भीड़ की वजह से दिन भर जाम की स्थिति रही। इलिया बाजार में फलों की मंडी सजी और यहां लोगों की भीड़ जुटी।
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