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पुरानी पेंशन योजना लागू हो
ब्यूरो/ अमरउजाला, चंदौली
Updated Fri, 15 Jul 2016 01:24 AM IST
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सभा को संबोधित करते शिक्षक नेता आनंद सिंह।
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उत्तर प्रदेश कर्मचारी-शिक्षक समन्वय समिति ने गुरुवार को सदर ब्लाक परिसर में पुरानी पेंशन योजना को पुन: बहाल किए जाने की मांग को लेकर धरना- प्रदर्शन किया। इस दौरान कर्मचारियों व शिक्षकों ने मांगों पर विचार नहीं किए जाने पर सरकार को जमकर कोसा। इसके बाद मुख्यमंत्री के नाम सम्बोधित ज्ञापन जिलाधिकारी को सौंपा।
इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि सरकार ने एक अप्रैल 2005 के बाद नियुक्त शिक्षकों-कर्मियों के लिए अंशदायी पेंशन योजना लागू करके उनके साथ खिलवाड़ किया है। सरकार की इस योजना का हम सभी कर्मचारी व शिक्षक विरोध करेंगे। कहा कि हमारी समस्याओं को लेकर पिछले चार वर्ष से समन्वय समिति द्वारा सरकार से वार्ता चल रही है।
बावजूद इसके समस्याओं का समाधान नहीं हो सका है। आरोप लगाया कि सरकार समस्याओं का समाधान करने का प्रयास तक नहीं कर रही है। इससे प्रदेश के कर्मचारी व शिक्षक खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। सरकार के उपेक्षात्मक रवैये से शिक्षकों में रोष बढ़ता जा रहा है। यदि आगे हालात ऐसे रहे तो विवश होकर कर्मचारियों व शिक्षकों को अपना आंदोलन तेज करना होगा। कहा कि समस्याओं के निराकरण के लिए कर्मचारी व शिक्षक नौ अगस्त को प्रदेश मुख्यालय लखनऊ में रैली निकालकर सरकार को अपनी समस्याओं व मांगों से अवगत कराएंगे। इस अवसर पर ब्रजेश कुमार सिंह, देवेंद्र प्रताप सिंह, सत्यमूर्ति ओझा, डा. संजय सिंह, राधेश्याम पाल, राजेन्द्र यादव, सुधीर सिंह, महताब आलम, अशोक कुमार, नित्यानन्द यादव, जगदीश सिंह, दीनबंधु उपाध्याय, रामप्रकाश राय आदि उपस्थित मौजूद रहे। अध्यक्षता रामइच्छा सिंह और संचालन जेपी रावत ने किया।
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इस अवसर पर वक्ताओं ने कहा कि सरकार ने एक अप्रैल 2005 के बाद नियुक्त शिक्षकों-कर्मियों के लिए अंशदायी पेंशन योजना लागू करके उनके साथ खिलवाड़ किया है। सरकार की इस योजना का हम सभी कर्मचारी व शिक्षक विरोध करेंगे। कहा कि हमारी समस्याओं को लेकर पिछले चार वर्ष से समन्वय समिति द्वारा सरकार से वार्ता चल रही है।
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बावजूद इसके समस्याओं का समाधान नहीं हो सका है। आरोप लगाया कि सरकार समस्याओं का समाधान करने का प्रयास तक नहीं कर रही है। इससे प्रदेश के कर्मचारी व शिक्षक खुद को ठगा हुआ महसूस कर रहे हैं। सरकार के उपेक्षात्मक रवैये से शिक्षकों में रोष बढ़ता जा रहा है। यदि आगे हालात ऐसे रहे तो विवश होकर कर्मचारियों व शिक्षकों को अपना आंदोलन तेज करना होगा। कहा कि समस्याओं के निराकरण के लिए कर्मचारी व शिक्षक नौ अगस्त को प्रदेश मुख्यालय लखनऊ में रैली निकालकर सरकार को अपनी समस्याओं व मांगों से अवगत कराएंगे। इस अवसर पर ब्रजेश कुमार सिंह, देवेंद्र प्रताप सिंह, सत्यमूर्ति ओझा, डा. संजय सिंह, राधेश्याम पाल, राजेन्द्र यादव, सुधीर सिंह, महताब आलम, अशोक कुमार, नित्यानन्द यादव, जगदीश सिंह, दीनबंधु उपाध्याय, रामप्रकाश राय आदि उपस्थित मौजूद रहे। अध्यक्षता रामइच्छा सिंह और संचालन जेपी रावत ने किया।
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