हावड़ा दिल्ली रूट पर अतिव्यस्त पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन पर यात्रियों की सस्ता शुद्ध पानी नहीं मिल पा रहा है। यात्रियों को आरओ का पानी उपलब्ध कराने के लिए तीन वर्ष पहले रेलवे स्टेशन पर निजी कंपनी की ओर से 12 आरओ बूथ लगाए गए थे। यहां पांच रुपये में एक लीटर पानी यात्रियों को मिलता था। कोरोना की वजह से पिछले वर्ष 22 मार्च से ट्रेनों का संचालन बंद किया गया तो आरओ प्लांट भी बंद हो गया। इसके बाद आज तक इसे चालू नहीं किया गया।
पं. दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन से सामान्य दिनों में 175 जोड़ी ट्रेनें गुजरती हैं। प्रतिदिन यहां से बीस हजार से अधिक यात्रियों ट्रेनों पर सवार होते हैं और उतरते हैं। इसके साथ ही स्टेशन से एक लाख से अधिक यात्री गुजरते हैं। यात्रियों को शुद्ध पेयजल उपलब्ध कराने के लिए आईआरसीटीसी ने केंट कंपनी से समझौता किया और रेलवे स्टेशन के सभी प्लेटफार्मों पर 12 आरओ बूथ लगवाया। यहां यात्रियों को पांच रुपये में एक लीटर पानी उपलब्ध हो जाता था। इसी तरह तीन रुपये, पांच रुपये, आठ रुपये, 12 और 25 रुपये में यहां पानी उपलब्ध रहता था। कोरोना की वजह से पिछले वर्ष 22 मार्च से ट्रेनों का आवागमन रोक दिया गया। इसके बाद आरओ भी बंद कर दिया गया। बाद में ट्रेनों को तो चालू कर दिया गया लेकिन आरओ बूथ आज तक नहीं चल पाया। ऐसे में यात्रियों को शुद्ध पानी के लिए 15 से बीस रुपये प्रति लीटर मूल्य का पानी का बोतल खरीदना पड़ रहा है। रेलवे स्टेशन पर जगह जगह पानी के लिए बूथ बनाए गए हैं लेकिन यहां का पानी पीने लायक नहीं है।