फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Chandauli News ›   Arhar crop growing in the coastal fields of Karmanasha

कर्मनाशा के तटवर्ती खेतों में लहलहा रही अरहर की फसल

Tue, 22 Feb 2022 12:53 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Tue, 22 Feb 2022 12:53 AM IST
विज्ञापन
Arhar crop growing in the coastal fields of Karmanasha
कंदवा। कर्मनाशा नदी के तटवर्ती इलाकों में नदी के किनारे के खेतों में इन दिनों अरहर की फसल लहलहा रही है। इस जमीन पर धान-गेहूं की फसल उपजाना संभव नहीं हो पाता है। इससे किसान केवल एक ही फसल का लाभ ले पाते हैं।
विज्ञापन

कर्मनाशा नदी के किनारे के खेत समतल नहीं हैं। वहीं किसानों को प्रतिवर्ष बाढ़ का दंश भी झेलना पड़ता है। किसानों का मानना है कि बाढ़ का पानी उतरने के बाद जमीन उपजाऊ हो जाती है। कर्मनाशा नदी के किनारे खेतों के समतल न होने के चलते धान व गेहूं की फसल पैदा करना संभव नहीं हो पाता है। ऐसे में यहां किसान सिर्फ एक फसल का ही लाभ ले पाते हैं। किसान कम लागत में अच्छा मुनाफा कमाने की सोच से अरहर की खेती करते हैं। बरहनी विकासखंड के अरंगी, मुड्डा, धनाइतपुर, पोखरा, दैथा, चारी, चिरईगांव सहित दर्जनों गांव कर्मनाशा नदी के तट पर बसे हैं। यहां कर्मनाशा नदी के किनारे की जमीन पर जुलाई माह के शुरुआत में ही खेतों की दो बार जुताई कर अरहर की बोआई कर दी जाती है। करीब डेढ़ किलो प्रति बीघा के हिसाब से बोआई और कर्मनाशा नदी के जल से एक बार की हल्की सिंचाई के बाद अरंगी से मुड्डा गांव तक अरहर की फसल खेतों में लहलहा रही है।
विज्ञापन

कंदवा। किसानों ने बताया अरहर की खेती करने में एक बीघा में एक हजार का खर्च आता है। वहीं फूल आने पर बेहतर पैदावार के लिए दवा का छिड़काव अत्यंत आवश्यक होता है। यदि समय से बारिश हो जाए तो अरहर की बोआई भी समय से हो जाती है। कहा कि यदि मौसम अनुकूल रहा तो प्रति बीघा डेढ़ से दो कुंतल अरहर पैदा हो सकता है। कर्मनाशा नदी के किनारे की जमीन पर धान व गेहूं की फसल पैदा करना संभव तो नहीं हो पाता लेकिन बाढ़ की वजह से उपजाऊ जमीन पर अरहर के अलावा चना, मसूर, अलसी, सरसो की फसल अच्छी होती है।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed