{"_id":"5b92cf1f867a557fe304793b","slug":"21536347935-chandauli-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"टूटा हाईवोल्टेज तार, 130 गांवों में छाया अंधेरा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
टूटा हाईवोल्टेज तार, 130 गांवों में छाया अंधेरा
Updated Sat, 08 Sep 2018 01:08 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
विज्ञापन
कंदवा। क्षेत्र के अमड़ा विद्युत उपकेंद्र को विद्युत आपूर्ति के लिए लगा 33 हजार वोल्ट का हाईटेंशन तार गुरुवार की देर शाम बरुइन गांव के पास इंसुलेटर जलने से अचानक टूटकर गिर गया। इससे विद्युत उपकेंद्र से जुड़े लगभग 130 गांवों की आपूर्ति ठप हो गई है। बिजली न मिलने से इन गांवों के राजकीय और निजी नलकूपों का संचालन भी ठप हो गया है। छोटे उद्योग धंधे भी बंद हो गए। आपूर्ति न होने से लोगों को काफी परेशानी उठानी पड़ी।
अमड़ा विद्युत उपकेंद्र को आपूर्ति गाजीपुर जनपद के जमानिया से होती है। इससे अमड़ा विद्युत उपकेंद्र के जुड़े असना, धीना, रेरुआ, ककरैत, जेवरियाबाद और विश्व बैंक फीडर संचालित होते हैं। आपूर्ति ठप होने से इन आधा दर्जन फीडरों से 130 गांवों में आपूर्ति के साथ 70 राजकीय नलकूपों के अलावा सैकड़ों निजी नलकूपों का संचालन होता है। बारिश होने से सिंचाई के लिए परेशानी तो नहीं है लेकिन बिजली आपूर्ति बहाल न होने से आटा चक्की, छोटे उद्योग, करघे बंद हो गए हैं। गांवों में आपूर्ति नहीं होने से रात में अंधेरा छाया हुआ है। आपूर्ति ठप होने के 24 घंटे बाद भी बिजली चालू न होने से ग्रामीणों में आक्रोश है। इसके अलावा निजी प्रतिष्ठानों, घरों और मोबाईल टावरों को विद्युत आपूर्ति होती है। बिजली आपूर्ति न होने से लोगों में हाहाकार मचा हुआ है। बिजली न मिलने से पानी का संकट भी खड़ा हो गया है। कमालपुर के एसडीओ विद्युत धर्मदेव प्रसाद ने बताया कि पई में 33 हजार वोल्ट तार का इंसुलेटर जलने और जमानिया में तार टूटने के चलते विद्युत आपूर्ति बाधित है। गड़बड़ी ठीक कराई जा रही है। देर रात तक आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी।
अमड़ा विद्युत उपकेंद्र को आपूर्ति गाजीपुर जनपद के जमानिया से होती है। इससे अमड़ा विद्युत उपकेंद्र के जुड़े असना, धीना, रेरुआ, ककरैत, जेवरियाबाद और विश्व बैंक फीडर संचालित होते हैं। आपूर्ति ठप होने से इन आधा दर्जन फीडरों से 130 गांवों में आपूर्ति के साथ 70 राजकीय नलकूपों के अलावा सैकड़ों निजी नलकूपों का संचालन होता है। बारिश होने से सिंचाई के लिए परेशानी तो नहीं है लेकिन बिजली आपूर्ति बहाल न होने से आटा चक्की, छोटे उद्योग, करघे बंद हो गए हैं। गांवों में आपूर्ति नहीं होने से रात में अंधेरा छाया हुआ है। आपूर्ति ठप होने के 24 घंटे बाद भी बिजली चालू न होने से ग्रामीणों में आक्रोश है। इसके अलावा निजी प्रतिष्ठानों, घरों और मोबाईल टावरों को विद्युत आपूर्ति होती है। बिजली आपूर्ति न होने से लोगों में हाहाकार मचा हुआ है। बिजली न मिलने से पानी का संकट भी खड़ा हो गया है। कमालपुर के एसडीओ विद्युत धर्मदेव प्रसाद ने बताया कि पई में 33 हजार वोल्ट तार का इंसुलेटर जलने और जमानिया में तार टूटने के चलते विद्युत आपूर्ति बाधित है। गड़बड़ी ठीक कराई जा रही है। देर रात तक आपूर्ति बहाल कर दी जाएगी।
विज्ञापन