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जिला अस्पताल में अल्ट्रासाउंड के लिए एक माह का इंतजार

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Fri, 11 Mar 2022 10:44 PM IST
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जिला अस्पताल में अल्ट्रासाउंड के लिए एक माह का इंतजार
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बुलंदशहर। जिला अस्पताल में पिछले डेढ़ साल से रेडियोलॉजिस्ट का एक पद खाली चल रहा है। जिससे अल्ट्रासाउंड और एक्सरे कराने वालों को इंतजार करना पड़ता है। वहीं, अल्ट्रासाउंड की सीमित संख्या निर्धारित होने पर एक माह बाद का समय दिया जा रहा है। इससे मरीजों का मर्ज बढ़ने के साथ-साथ इंतजार करना पड़ रहा है।
जिला अस्पताल में रेडियोलॉजिस्ट के दो पद स्वीकृत है। इसमें एक पद पिछले एक डेढ़ वर्ष पूर्व से रिक्त चल रहा है। इस पद पर किसी अन्य रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती न होने से उसका खामियाजा मरीजों को उठाना पड़ रहा है। रेडियोलॉजिस्ट द्वारा जिला अस्पताल में अल्ट्रासाउंड के साथ-साथ एक्सरे, मेडिकल और कोर्ट का कार्य भी रहता है। ऐसे में एक रेडियोलॉजिस्ट के तैनात होने से न तो मरीजों को समय मिल पाता है और न ही समय से जांच और एक्सरे हो पाते है। जबकि प्रतिदिन अल्ट्रासाउंड कराने के लिए आने वाले मरीजों को सिर्फ मिलती है तो वह तारीख। ऐसे में मरीजों को सरकारी सुविधा का लाभ लेने के लिए एक माह से अधिक समय तक का इंतजार करना पड़ जाता है।
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एक दिन में होते है मात्र 25 अल्ट्रासाउंड
एक रेडियोलॉजिस्ट के होने से जिला अस्पताल में प्रतिदिन 25 अल्ट्रासाउंड की संख्या निर्धारित की गई है। इसके लिए उन्ही लोगों को प्राथमिकता दी जाती है जो पूर्व में संबंधित दिन की तारीख ले चुके होते हैं। जिसके लिए सुबह आठ बजे से नंबर लगना शुरू हो जाता है। ऐसे में कोई मरीज थोड़ी देरी से पहुंचता है तो उसे दूसरे दिन आना पड़ता है।
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विशेषज्ञ की कमी पर चतुर्थ श्रेणी कर्मी करता है एक्सरे
दो वार्ड में एक ही रेडियोलॉजिस्ट होने पर एक्सरे के लिए मरीजों को लंबा इंतजार न करना पड़े। इसके लिए चतुर्थ श्रेणी कर्मी द्वारा मरीजों के एक्सरे किए जाते है जो कि गलत है। लेकिन अफसर इस ओर कोई ध्यान नहीं देते।
इस माह हुए 375 अल्ट्रासाउंड
मार्च माह में अब तक 375 अल्ट्रासाउंड किए जा चुके है। नौ मार्च को 44, 10 मार्च को 36 तो 11 मार्च को 41 अल्ट्रासाउंड किए गए। इसमें 30-30 लोगों को पूर्व में समय दिया गया था तो शेष इमरजेंसी मरीज आने पर किए गए। विशेषज्ञ का कहना है कि अधिकांश मरीज पेट में जरा सा दर्द होने पर अल्ट्रासाउंड लिखवा लाते हैं। जो कि गलत है। अगर किसी मरीज को अधिक परेशानी हो रही है तो उसे अल्ट्रासाउंड कराना चाहिए। अब अस्पताल में 14 अप्रैल तक की तारीख फुल हो चुकी है। ऐसे में अब आने वाले मरीजों को 15 अप्रैल तक का इंतजार करना पड़ेगा।
बोले मरीज
पेट में पिछले काफी समय से दर्द रहता है। इसके लिए चिकित्सक द्वारा अल्ट्रासाउंड कराने का परामर्श दिया। जिला अस्पताल में अल्ट्रासाउंड कराने के लिए गया तो वहां एक माह बाद का समय दिया जा रहा है। - नाजिम अंसारी
परिचित का जिला अस्पताल में अल्ट्रासाउंड कराने के लिए गया। जहां एक माह बाद आने को कहा। दर्द अब होने पर निजी अल्ट्रासाउंड सेंटर पर जाकर अल्ट्रासाउंड कराया। - नानक चंद
जिला अस्पताल में उपचार कराने के नाम पर इंतजार करना पड़ता है। पंजीकरण और चिकित्सक से अल्ट्रासाउंड के लिए लिखवाने के बाद सेंटर पर पहुंचा तो वहां पर तारीख दे दी गई। - टीटू कुमार
पिछले दिनों कई दिनों तक रेडियोलॉजिस्ट अवकाश पर रहे। ऐसे में तीन-चार दिन लगातार सेंटर पर अल्ट्रासाउंड नहीं हुए। इसके बाद सेंटर पर समय दे दिया गया। निजी सेंटर पर अल्ट्रासाउंड कराया है। - सोनू गिरी

एक पद पिछले काफी समय से खाली चल रहा है। दो वार्ड की एक ही रेडियोलॉजिस्ट पर जिम्मेदारी होने से मरीजों को इंतजार करना पड़ जाता है। रेडियोलॉजिस्ट की तैनाती के लिए शासन को पत्र भेजा जा चुका है। - डॉ. राजीव प्रसाद, सीएमएस जिला अस्पताल
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