फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bulandshahar News ›   Toxic water into the village stretched razor cancer

जहरीले पानी से उस्तरा गांव में फैला कैंसर

Sat, 04 Mar 2017 11:35 PM IST
अमर उजाला/बुलंदशहर
अमर उजाला/बुलंदशहर Updated Sat, 04 Mar 2017 11:35 PM IST
विज्ञापन
Toxic water into the village stretched razor cancer
काली नदी में गिरता फैक्ट्री का गंदा पानी।  - फोटो : ब्यूरो

प्रदूषण पर सख्ती और उस पर प्रशासनिक कवायद के बीच एक गांव ऐसा भी है जो जलीय प्रदूषण के चलते कैंसर से जूझ रहा है। यह गांव है उस्तरा जिसमें बीते तीन सालों में पांच लोगों की कैंसर से जान जा चुकी है और छह लोग वर्तमान में मौत से जूझ रहे हैं। इसके अलावा 25 से अधिक लोग हेपेटाइटिस बी और सी से पीड़ित हैं।

विज्ञापन


गांववाले इसका कारण पास बह रही काली नदी के पानी का प्रदूषित होना मानती है। इसकी के चलते गांव में लगे हैंडपंपों से इस कदर गंदा पानी निकल रहा है जिन्हें सिर्फ उबाल कर ही पीया जा सकता है।
विज्ञापन


ग्रामवासी अमित कुमार, ब्रजवीर सिंह, पुष्पेंद्र, सुमित बिधूड़ी, अजीत सिह आदि ने बताया कि गांव में तीन वर्ष के दौरान जिन लोगों की कैंसर से मौत हुई है उनमें हरस्वरूप (58) पुत्र रामपाल सिंह जिनकी दो साल पहले मौत हुई है। चार वर्षीय बालक अमन पुत्र ओमकार सिंह जिसकी छह माह पूर्व कैंसर से मौत हुई है।
विज्ञापन
विज्ञापन


विनीत (28) पुत्र निरंजन सिंह की तीन वर्ष पूर्व मौत हुई। श्यामवीरी (48) पत्नी बिजेंद्र सिंह जिसकी एक साल पहले कैंसर से मौत हुई है। विमला (50) पत्नी सतवीर सिंह की करीब साढ़े तीन वर्ष पूर्व कैंसर से मौत हुई है।

इससे पूर्व में पूरन शर्मा (55) पुत्र सोहनलाल, अंतराम (48) पुत्र जयकरण, रणवीर शर्मा (55) पुत्र गोपीचंद, सुनील (30) पुत्र राजवीर, धनपाली (60) पत्नी गज्जू सिंह की कैंसर से मौत हो चुकी है। ग्रामीण बताते हैं कि गांव के पास बह रही काली नदी का पानी इतना जहरीला है कि उस पानी को पीने से कई पशु मर चुके हैं तथा पानी के अंदर के सभी जीव नष्ट हो चुके हैं।

गांव में हैंडपंपों में भी पानी गंदा आता है। लोगों को विवश होकर वह पानी या तो उबालकर पीना पड़ता है अथवा कुछ लोगों ने आरओ लगवा लिए हैं।  किसान ब्रजवीर ने बताया कि गांव में सरकारी हैंडपंपों से जो पानी आता है वह पीने लायक नहीं है।

ये हैं कैंसर पीड़ित
ग्राम उस्तरा में कई लोग कैंसर से पीड़ित हैं। कैंसर पीड़ितों में छात्र सतेंद्र शर्मा (20) पुत्र चंद्र शर्मा भी शामिल है। सतेंद्र के अनुसार उसने इंटर पास किया है। वह आगे भी पढ़ना चाहता है, लेकिन कैंसर के कारण वह पढ़ाई जारी नहीं रख पा रहा। 

इसके अलावा वीर सिंह (48), भगवती (55) पत्नी शोभाराम, केसमती (58) पत्नी स्वरूप सिंह, महावीर सिंह (70) पुत्र चन्दन सिंह, मुनेश पत्नी ज्ञानेंद्र शर्मा भी शामिल हैं। ब्रजवीर एवं विमलेश हैंपेटाइटिस व किडनी की समस्या से भी जूझ रहे हैं।

उस्तरा गांव में डॉक्टरों की टीम को भेजकर लेागों का चेकअप कराया जाएगा। वहां जल्द स्वास्थ्य कैंप लगवाने की व्यवस्था की जाएगी। पानी की जांच के लिए प्रयास किया जाएगा। - दीपक ओहरी, सीएमओ, बुलंदशहर


काली नदी बना रही ग्रामीणों को बीमार
उस्तरा गांव की आबादी करीब 3500 है। इस गांव के छह लोग कैंसर से और कई लोग पीलिया, आंत्र व किडनी के रोगों से पीड़ित हैं। कई बार शिकायत के बाद भी प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे। काली नदी के प्रदूषण की कभी जांच नहीं कराई गई। - विजय कुमार, प्रधान, उस्तरा गांव

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed