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Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Bulandshahar News ›   Link Expressway: District level committee will determine the rates of land acquisition

लिंक एक्सप्रेसवे : जनपद स्तरीय कमेटी करेगी भूमि अधिग्रहण की दरों का निर्धारण

Ghaziabad Bureau गाजियाबाद ब्यूरो
Updated Sat, 07 Mar 2026 10:42 PM IST
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बुलंदशहर। पश्चिमी उत्तर प्रदेश के विकास को नई रफ्तार देने वाली सबसे महत्वाकांक्षी योजना ग्रीनफील्ड लिंक एक्सप्रेसवे के लिए अधिग्रहित की जाने वाली भूमि की दरों का निर्धारण जिला प्रशासन ही करेगा। लिंक एक्सप्रेसवे जेवर अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे को गंगा एक्सप्रेसवे से जोड़ेगा। जिसके लिए जनपद के 39 गांवों के किसानों की भूमि अधिग्रहित की जाएगी।
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बुलंदशहर जनपद की पांच तहसीलों के 39 गांव के करीब 8700 किसानों की भूमि इस एक्सप्रेसवे की जद में आएगी। कुल 677 हेक्टेयर भूमि का अधिग्रहण किया जाएगा। यूपीडा के विशेष कार्याधिकारी (भू-अर्जन ) चुनकू राम पटेल ने बताया कि एक्सप्रेसवे के लिए अधिग्रहित की जाने वाले भूमि के अधिग्रहण कर दरें जिला प्रशासन तय करेगा।
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एक्सप्रेसवे के लिए खुर्जा तहसील के गांव अमानुल्लापुर उर्फ मारहरा, इनायतपुर उर्फ मधुपुरा, कपना, भगवानपुर, हसनपुर लडूकी, बीघेपुर, सनैता शफीपुर, भदौरा, वरतौली, खवरा, धरारी, दीनौल, खलसिया चूहरपुर, विचौला और धरांऊ, बुलंदशहर तहसील के गांव औरंगाबाद, हिंगथला उर्फ भावसी, चरौरा मुस्तफाबाद, सैदपुरा, इस्माइला, सराय छबीला, अडौली, दोहली, चिरचिटा, मामन खुर्द, मामनकलां, भाईपुर, ऐमनपुर, कलौली, बंगला पूठरी और पिपाला उनके अलावा स्याना, शिकारपुर और अनूपशहर तहसीलों के भी कई महत्वपूर्ण गांव इस एक्सप्रेसवे का हिस्सा है।
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आर्थिक क्रांति का बनेगा आधार

यह केवल एक सड़क नहीं, बल्कि पश्चिमी उत्तर प्रदेश के लिए एक इकनॉमिक कॉरिडोर साबित होगा। गंगा एक्सप्रेसवे और जेवर एयरपोर्ट के बीच इस सीधे लिंक से बुलंदशहर, हापुड़ और आसपास के क्षेत्रों में औद्योगिक निवेश की बाढ़ आने की उम्मीद है। विशेषज्ञों का मानना है कि एक्सप्रेसवे के दोनों ओर वेयरहाउसिंग, लॉजिस्टिक हब और मैन्युफैक्चरिंग यूनिट्स स्थापित होंगी, जिससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के हजारों नए अवसर सृजित होंगे। वहीं, किसानों के लिए भी यह सौदा मुनाफे वाला साबित हो सकता है। सर्किल रेट से कई गुना अधिक मुआवजे के साथ-साथ, एक्सप्रेसवे के किनारे की जमीन की कीमतें आसमान छूने लगेंगी।


सफर होगा सुगम, समय की होगी बचत

वर्तमान में बुलंदशहर से जेवर एयरपोर्ट जाने के लिए यात्रियों को काफी मशक्कत करनी पड़ती है और संकरी सड़कों के कारण समय भी अधिक लगता है। ग्रीनफील्ड लिंक एक्सप्रेसवे बनने के बाद यह दूरी सिमट जाएगी। यह एक्सप्रेसवे पूरी तरह से एक्सेस कंट्रोल्ड होगा, जिससे वाहन फर्राटा भर सकेंगे। इससे न केवल समय की बचत होगी, बल्कि ईंधन की खपत भी कम होगी।
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