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पशु कटान के दो दोषियों को पांच-पांच वर्ष का कारावास
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पशु कटान के दो दोषियों को पांच-पांच वर्ष का कारावास
बुलंदशहर। शिकारपुर थाना पुलिस द्वारा मुठभेड़ में पशु कटान करते गिरफ्तार किए गए दो आरोपियों को न्यायालय ने दोषी करार दिया है। साथ ही एडीजे द्वितीय राम प्रता सिंह के न्यायालय ने दोनों अभियुक्तों को पांच-पांच वर्ष कारावास व दस-दस हजार रुपये अर्थदंड सुनाया है।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी विमल कुमार ने बताया कि 29 अप्रैल 2014 को शिकारपुर कोतवाली में तैनात वरिष्ठ उपनिरीक्षक उमेश चंद पचौरी ने तहरीर देकर बताया था कि दोपहर करीब तीन बजे वह अन्य टीम के साथ क्षेत्र में गश्त कर रहे थे। इस दौरान उन्हें जानकारी मिली कि गांव सरावा निवासी नसीर अपने घरनमें पशु कटान कर रहा है। उसका साथी इमरान भी उसके साथ मौजूद है। सूचना मिलते ही वह मौके पर पहुंचे। जहां दोनों आरोपी पशु कटान कर रहे थे। साथ ही पुलिस को देखकर आरोपी भागने की कोशिश करने लगे और टीम पर फायरिंग कर दी। जिसमें वह बाल बाल बचे। हालांकि, पुलिस ने दोनों आरोपियों को घेराबंदी कर दबोच लिया। बाद में पुलिस ने जांच पड़ताल के बाद दोनों आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट कोर्ट में दा लि कर दी थी। न्यायालय ने अब दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की दलीलों, गवाहों के बयानों के अवलोकन के बाद आरोपियों को दोषी मानते हुए सजा सुनाई है।
ये गवाह हुए पेश
मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से गवाह के रूप में वादी तत्कालीन वरिष्ठ उपनिरीक्षक उमेश चंद पचौरी, सेवानिवृत्त उपनिरीक्षक रमेश चंद गौतम, सेवानिवृत्त उपननिरीक्षक सत्यप्रकाश कुशवाहा, एचसीपी योगेंद्र शर्मा, सेवानिवृत्त उप मुख्य चिकित्साधिकारी देवेंद्र सिंह को पेश किया गया।
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बुलंदशहर। शिकारपुर थाना पुलिस द्वारा मुठभेड़ में पशु कटान करते गिरफ्तार किए गए दो आरोपियों को न्यायालय ने दोषी करार दिया है। साथ ही एडीजे द्वितीय राम प्रता सिंह के न्यायालय ने दोनों अभियुक्तों को पांच-पांच वर्ष कारावास व दस-दस हजार रुपये अर्थदंड सुनाया है।
सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी विमल कुमार ने बताया कि 29 अप्रैल 2014 को शिकारपुर कोतवाली में तैनात वरिष्ठ उपनिरीक्षक उमेश चंद पचौरी ने तहरीर देकर बताया था कि दोपहर करीब तीन बजे वह अन्य टीम के साथ क्षेत्र में गश्त कर रहे थे। इस दौरान उन्हें जानकारी मिली कि गांव सरावा निवासी नसीर अपने घरनमें पशु कटान कर रहा है। उसका साथी इमरान भी उसके साथ मौजूद है। सूचना मिलते ही वह मौके पर पहुंचे। जहां दोनों आरोपी पशु कटान कर रहे थे। साथ ही पुलिस को देखकर आरोपी भागने की कोशिश करने लगे और टीम पर फायरिंग कर दी। जिसमें वह बाल बाल बचे। हालांकि, पुलिस ने दोनों आरोपियों को घेराबंदी कर दबोच लिया। बाद में पुलिस ने जांच पड़ताल के बाद दोनों आरोपियों के खिलाफ चार्जशीट कोर्ट में दा लि कर दी थी। न्यायालय ने अब दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं की दलीलों, गवाहों के बयानों के अवलोकन के बाद आरोपियों को दोषी मानते हुए सजा सुनाई है।
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ये गवाह हुए पेश
मामले में अभियोजन पक्ष की ओर से गवाह के रूप में वादी तत्कालीन वरिष्ठ उपनिरीक्षक उमेश चंद पचौरी, सेवानिवृत्त उपनिरीक्षक रमेश चंद गौतम, सेवानिवृत्त उपननिरीक्षक सत्यप्रकाश कुशवाहा, एचसीपी योगेंद्र शर्मा, सेवानिवृत्त उप मुख्य चिकित्साधिकारी देवेंद्र सिंह को पेश किया गया।
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