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कार्रवाही के बाद भी चली हरे पेड़ों पर कुल्हाड़ी
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कार्रवाही के बाद भी चली हरे पेड़ों पर कुल्हाड़ी
ऊंचागांव। वन विभाग के कर्मचारियों की मिलीभगत से हरे पेड़ों पर चली कुल्हाड़ी के मामले में एक वन रक्षक को सस्पेंड कर दिया और कई लकड़ी माफियाओं के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हो गई। बावजूद इसके एक बार फिर गांव बलरामपुर में हरे पेड़ों पर कुल्हाड़ी चली। गांव गजरौला सहित दो स्थानों पर पिछले दिनों 48 हरे पेड़ों को बिना परमीशन काट लिया गया था। इसमें लकड़ी माफियाओं के साथ वन विभाग के कर्मचारियों की मिलीभगत आई। अब तक इस मामले में पांच लोगों के खिलाफ कार्रवाई हो चुकी है तो डीएम के आदेश पर एक वन रक्षक को डीएफओ ने सस्पेंड कर दिया। बावजूद इसके क्षेत्र में लकड़ी माफिया सक्रिय हैं और विगत रात्रि गांव बलरामपुर में लकड़ी माफियाओं ने करीब 22 हरे पेड़ काट लिए।
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ऊंचागांव। वन विभाग के कर्मचारियों की मिलीभगत से हरे पेड़ों पर चली कुल्हाड़ी के मामले में एक वन रक्षक को सस्पेंड कर दिया और कई लकड़ी माफियाओं के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज हो गई। बावजूद इसके एक बार फिर गांव बलरामपुर में हरे पेड़ों पर कुल्हाड़ी चली। गांव गजरौला सहित दो स्थानों पर पिछले दिनों 48 हरे पेड़ों को बिना परमीशन काट लिया गया था। इसमें लकड़ी माफियाओं के साथ वन विभाग के कर्मचारियों की मिलीभगत आई। अब तक इस मामले में पांच लोगों के खिलाफ कार्रवाई हो चुकी है तो डीएम के आदेश पर एक वन रक्षक को डीएफओ ने सस्पेंड कर दिया। बावजूद इसके क्षेत्र में लकड़ी माफिया सक्रिय हैं और विगत रात्रि गांव बलरामपुर में लकड़ी माफियाओं ने करीब 22 हरे पेड़ काट लिए।