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सावन के दूसरे सोमवार पर शिवालयों पर उमड़ी भीड़
Updated Tue, 07 Aug 2018 06:16 PM IST
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सावन के दूसरे सोमवार पर शिवालयों में उमड़ी भीड़
खुर्जा। सावन के दूसरे सोमवार को नगर स्थित शिवालयों पर तड़के से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ लगी रही। मंदिर पर जय भोले के श्रद्धालुओं ने नारे लगवाए। पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के कडे़ इंतजाम रखे। वहीं दूसरी ओर हरिद्वार, अनूपशहर से कावंड़ियों के जत्थे निकलने शुरू हो गए हैं। नगर के शिवालय जय भोले के जयकारों से गूंजायमान हो गए।
खुर्जा के मोहल्ला मुरारीनगर चमन बिहार कॉलोनी स्थित सिद्धेश्वर मंदिर पर सावन के द्वितीय सोमवार पर तड़के पांच बजे से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतार लगने लगी। सावन माह में पूजा का श्रद्धालुओं के लिए विशेष महत्व है। श्री सिद्धेश्वर मंदिर के मंहत गिरि जी ने बताया कि श्री सिद्धेश्वर मंदिर तकरीबन 600 साल पुराना है। शिवरात्रि के पावन अवसर पर यहां हजारों कांवड़िए हरिद्वार, ऋषिकेश, अनूपशहर आदि स्थानों से जल लाकर चढ़ाते हैं। मंदिर को सजाया जाता है। वहीं दूसरी ओर पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के कडे़ इंतजाम किए। नगर में कई स्थानों पर शिवभक्तों की सेवा के लिए कैंप लगवाए गए।
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खुर्जा। सावन के दूसरे सोमवार को नगर स्थित शिवालयों पर तड़के से ही श्रद्धालुओं की भारी भीड़ लगी रही। मंदिर पर जय भोले के श्रद्धालुओं ने नारे लगवाए। पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के कडे़ इंतजाम रखे। वहीं दूसरी ओर हरिद्वार, अनूपशहर से कावंड़ियों के जत्थे निकलने शुरू हो गए हैं। नगर के शिवालय जय भोले के जयकारों से गूंजायमान हो गए।
खुर्जा के मोहल्ला मुरारीनगर चमन बिहार कॉलोनी स्थित सिद्धेश्वर मंदिर पर सावन के द्वितीय सोमवार पर तड़के पांच बजे से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतार लगने लगी। सावन माह में पूजा का श्रद्धालुओं के लिए विशेष महत्व है। श्री सिद्धेश्वर मंदिर के मंहत गिरि जी ने बताया कि श्री सिद्धेश्वर मंदिर तकरीबन 600 साल पुराना है। शिवरात्रि के पावन अवसर पर यहां हजारों कांवड़िए हरिद्वार, ऋषिकेश, अनूपशहर आदि स्थानों से जल लाकर चढ़ाते हैं। मंदिर को सजाया जाता है। वहीं दूसरी ओर पुलिस प्रशासन ने सुरक्षा के कडे़ इंतजाम किए। नगर में कई स्थानों पर शिवभक्तों की सेवा के लिए कैंप लगवाए गए।
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