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Bulandshahar News: माइनर की पटरी कटने से 50 बीघा फसल डूबी
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खानपुर क्षेत्र में माईनर की पटरी कटने से किसानो की जलमग्न पड़ी फसल। संवाद
खानपुर। क्षेत्र के गांव इसनपुर में माइनर की पटरी कटने से किसानों की करीब 50 बीघा फसल डूब गई। किसानों ने सिंचाई विभाग के जेई पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए समस्या के समाधान और नष्ट फसल के मुआवजे की मांग की है।
गांव इसनपुर निवासी किसान संजीव कुमार, हरिचंद, चरन सिंह, फूल सिंह, लोकचंद, गंगा ने बताया शेखपुर रजवाहे से उनके गांव के लिए माइनर निकलकर गांव में ही बंद होता है। तीन दिन से माइनर में तेज पानी आ रहा है। लगातार तेज पानी आने के कारण नौ अगस्त को माइनर की पटरी कट गई। जिसके कारण आस पास की करीब 50 बीघा फसल पानी भरने से नष्ट हो गई। ग्रामीणों का आरोप है जेई को पटरी कटने की जानकारी देते हुए पानी बंद कराने के लिए शिकायत की थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
जिसके चलते किसानों की न केवल फसल बर्बाद हुई है, बल्कि दस किसानों को चारे के लिए भी भटकना पड़ रहा है। ऐसे में अब किसानों में सिंचाई विभाग के अधिकारियों के प्रति रोष व्याप्त है। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ही बर्बाद फसल के मुआवजे के लिए कदम नहीं उठाया गया तो वह उग्र प्रदर्शन के लिए मजबूर होंगे। मामले में एडीएम प्रशासन डा. प्रशांत कुमार का कहना है कि इस संबंध में सिंचाई विभाग के अधिकारियों से वार्ता की जाएगी। जल्द किसानों की समस्याओं का समाधान कराया जाएगा।
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गांव इसनपुर निवासी किसान संजीव कुमार, हरिचंद, चरन सिंह, फूल सिंह, लोकचंद, गंगा ने बताया शेखपुर रजवाहे से उनके गांव के लिए माइनर निकलकर गांव में ही बंद होता है। तीन दिन से माइनर में तेज पानी आ रहा है। लगातार तेज पानी आने के कारण नौ अगस्त को माइनर की पटरी कट गई। जिसके कारण आस पास की करीब 50 बीघा फसल पानी भरने से नष्ट हो गई। ग्रामीणों का आरोप है जेई को पटरी कटने की जानकारी देते हुए पानी बंद कराने के लिए शिकायत की थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
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जिसके चलते किसानों की न केवल फसल बर्बाद हुई है, बल्कि दस किसानों को चारे के लिए भी भटकना पड़ रहा है। ऐसे में अब किसानों में सिंचाई विभाग के अधिकारियों के प्रति रोष व्याप्त है। किसानों ने चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ही बर्बाद फसल के मुआवजे के लिए कदम नहीं उठाया गया तो वह उग्र प्रदर्शन के लिए मजबूर होंगे। मामले में एडीएम प्रशासन डा. प्रशांत कुमार का कहना है कि इस संबंध में सिंचाई विभाग के अधिकारियों से वार्ता की जाएगी। जल्द किसानों की समस्याओं का समाधान कराया जाएगा।
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