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अग्निकांड पीड़ितों ने किया मुआवजे का बहिष्कार
बदायूं, ब्यूरो
Updated Sun, 05 Jun 2016 11:03 PM IST
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तहसील क्षेत्र के गांव गढ़िया पैगंबरपुर के अग्निकांड पीड़ितों ने सरकारी इमदाद का बहिष्कार कर दिया है। उन्होंने राजस्व विभाग की ओर से दिए गए राहत चेक लौटा दिए। आरोप लगाया कि तहसील प्रशासन मुआवजा के नाम पर मजाक उड़ा रहा है। इधर, एसडीएम ओपी तिवारी ने मुआवजा राशि में कुछ वृद्धि कर चेक फिर से वितरण कराने की बात कही है।
तहसील क्षेत्र के गांव गढ़िया पैगंबरपुर में 27 अप्रैल को भीषण अग्निकांड हुआ था। यहां करीब 85 घर आग की भेंट चढ़ गए थे। अग्निकांड में लाखों का नुकसान हुआ था। तमाम परिवार अब भी खुले आसमान के नीचे रह रहे हैं। पीड़ित तहसील प्रशासन से मुआवजे की उम्मीद लगाए बैठे थे। अग्निकांड के करीब 40 दिन बाद प्रशासन ने पीड़ितों की सुध ली। शनिवार को गांव में मुआवजे के चेक वितरण कराए गए। चेक 3000 से लेकर 3200 रुपये तक के थे। ग्रामीणों ने यह चेक तहसील प्रशासन को वापस कर दिए हैं।
उनका कहना है कि उनका लाखों रुपये का नुकसान हुआ, इसके बावजूद प्रशासन तीन-तीन हजार रुपये के चेक देकर उनका मजाक उड़ाया जा रहा है। 40 दिन बाद पीड़ितों की सुध ली गई। गांव के प्रेमपाल, अशोक, मदनपाल, अख्तर आदि ने बताया कि पीड़ितों ने राहत का बहिष्कार कर दिया है। आग में उनका सब कुछ जल कर राख हो गया। इसके बदले में जो राहत राशि दी जाती है वह नाकाफी है।
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अग्निकांड पीड़ितों को दो तरह से आर्थिक सहायता देने का प्रावधान है। गांव के लोगों ने कुछ चेक वापस कर दिए हैं। उच्च अधिकारियों से बात करके राहत राशि बढ़ाकर चेक दिए जाएंगे।
-ओपी तिवारी, एसडीएम दातागंज
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तहसील क्षेत्र के गांव गढ़िया पैगंबरपुर में 27 अप्रैल को भीषण अग्निकांड हुआ था। यहां करीब 85 घर आग की भेंट चढ़ गए थे। अग्निकांड में लाखों का नुकसान हुआ था। तमाम परिवार अब भी खुले आसमान के नीचे रह रहे हैं। पीड़ित तहसील प्रशासन से मुआवजे की उम्मीद लगाए बैठे थे। अग्निकांड के करीब 40 दिन बाद प्रशासन ने पीड़ितों की सुध ली। शनिवार को गांव में मुआवजे के चेक वितरण कराए गए। चेक 3000 से लेकर 3200 रुपये तक के थे। ग्रामीणों ने यह चेक तहसील प्रशासन को वापस कर दिए हैं।
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उनका कहना है कि उनका लाखों रुपये का नुकसान हुआ, इसके बावजूद प्रशासन तीन-तीन हजार रुपये के चेक देकर उनका मजाक उड़ाया जा रहा है। 40 दिन बाद पीड़ितों की सुध ली गई। गांव के प्रेमपाल, अशोक, मदनपाल, अख्तर आदि ने बताया कि पीड़ितों ने राहत का बहिष्कार कर दिया है। आग में उनका सब कुछ जल कर राख हो गया। इसके बदले में जो राहत राशि दी जाती है वह नाकाफी है।
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अग्निकांड पीड़ितों को दो तरह से आर्थिक सहायता देने का प्रावधान है। गांव के लोगों ने कुछ चेक वापस कर दिए हैं। उच्च अधिकारियों से बात करके राहत राशि बढ़ाकर चेक दिए जाएंगे।
-ओपी तिवारी, एसडीएम दातागंज