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Budaun News: आग का गोला बनने से बची स्लीपर बस
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स्लीपर बस को सीज करते एआरटीओ हरिओम। स्रोत- विभाग
बिसौली। बद्दी से यात्री लेकर लौट रही स्लीपर बस रविवार की सुबह आग का गोला बनते-बनते बच गई। बस में अचानक धुंआ निकलता दिखाई दिया। जब यात्रियों को पता लगा तो हड़कंप मच गया। जैसे-तैसे सवारियों को सामान सहित उतारकर बस खाली कराई गई।
कस्बा बिसौली समेत जिले से सौ से अधिक स्लीपर बसें संचालित हो रहीं हैं। रविवार को हिमाचल प्रदेश के बद्दी से एक स्लीपर बस 60 यात्रियों को लेकर लौट रही थी। कोतवाली क्षेत्र के गांव दिसौलीगंज के पास अचानक बस में धुंआ का गुब्बार उठा। इसकी भनक न तो चालक को लगी और न यात्रियों को। क्योंकि यात्री सो रहे थे और चालक बस चला रहा था।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, चलती गाड़ी से धुआं उठता देख ग्रामीणों ने तुरंत सतर्कता दिखाई और शोर मचाकर चालक को वाहन रोकने का इशारा किया। गाड़ी रुकते ही गांव वालों ने यात्रियों को नीचे उतारा और आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू कर दिया।
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ग्रामीणों की तत्परता और सूझबूझ से आग फैलने से पहले ही स्थिति नियंत्रित कर ली गई, जिससे बड़ा हादसा बच गया। घटना की सूचना मिलते ही आसपास के लोग भी मौके पर पहुंच गए। समय रहते वाहन खाली करा लेने से कोई जनहानि नहीं हुई। बाद में संबंधित विभाग को सूचना दे दी गई। ग्रामीणों की जागरुकता की क्षेत्र में सराहना की जा रही है।
सूचना मिलते ही एआरटीओ ने संभाली कमान, कई वाहन किए सीज
बदायूं। बस आग का गोला बनने से बच गई। इसकी सूचना किसी ने एआरटीओ हरिओम कुमार का दे दी। इसके बाद वह सुबह ही अपनी टीम के साथ हाईवे पर निकल पड़े। मानकों की अनदेखी करने पर तीन बसें और आठ ओवरलोड माल वाहन को सीज कर दिया गया।
एआरटीओ हरिओम कुमार ने बताया कि त्योहार पर अनियमिताओं में संलिप्त सवारी बसों, अवैध खनन एवं ओवरलोड वाहनों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए आठ वाहनों को थाना फैजगंज एवं बिसौली में सीज किया गया है। एक स्लीपर बस, जो मानक के अनुरूप नहीं थी, उसको परिवहन निगम की वर्कशॉप में सीज किया गया है। साथ ही मानकों का पालन नहीं करने पर दो बसों के चालान किए गए। इसी के साथ 18 दोपहिया वाहनों के चालान किए गए। एक चालान नशे की हालत में वाहन चलाने पर किया गया। संवाद
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कस्बा बिसौली समेत जिले से सौ से अधिक स्लीपर बसें संचालित हो रहीं हैं। रविवार को हिमाचल प्रदेश के बद्दी से एक स्लीपर बस 60 यात्रियों को लेकर लौट रही थी। कोतवाली क्षेत्र के गांव दिसौलीगंज के पास अचानक बस में धुंआ का गुब्बार उठा। इसकी भनक न तो चालक को लगी और न यात्रियों को। क्योंकि यात्री सो रहे थे और चालक बस चला रहा था।
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प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, चलती गाड़ी से धुआं उठता देख ग्रामीणों ने तुरंत सतर्कता दिखाई और शोर मचाकर चालक को वाहन रोकने का इशारा किया। गाड़ी रुकते ही गांव वालों ने यात्रियों को नीचे उतारा और आग पर काबू पाने का प्रयास शुरू कर दिया।
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ग्रामीणों की तत्परता और सूझबूझ से आग फैलने से पहले ही स्थिति नियंत्रित कर ली गई, जिससे बड़ा हादसा बच गया। घटना की सूचना मिलते ही आसपास के लोग भी मौके पर पहुंच गए। समय रहते वाहन खाली करा लेने से कोई जनहानि नहीं हुई। बाद में संबंधित विभाग को सूचना दे दी गई। ग्रामीणों की जागरुकता की क्षेत्र में सराहना की जा रही है।
सूचना मिलते ही एआरटीओ ने संभाली कमान, कई वाहन किए सीज
बदायूं। बस आग का गोला बनने से बच गई। इसकी सूचना किसी ने एआरटीओ हरिओम कुमार का दे दी। इसके बाद वह सुबह ही अपनी टीम के साथ हाईवे पर निकल पड़े। मानकों की अनदेखी करने पर तीन बसें और आठ ओवरलोड माल वाहन को सीज कर दिया गया।
एआरटीओ हरिओम कुमार ने बताया कि त्योहार पर अनियमिताओं में संलिप्त सवारी बसों, अवैध खनन एवं ओवरलोड वाहनों के खिलाफ कार्रवाई करते हुए आठ वाहनों को थाना फैजगंज एवं बिसौली में सीज किया गया है। एक स्लीपर बस, जो मानक के अनुरूप नहीं थी, उसको परिवहन निगम की वर्कशॉप में सीज किया गया है। साथ ही मानकों का पालन नहीं करने पर दो बसों के चालान किए गए। इसी के साथ 18 दोपहिया वाहनों के चालान किए गए। एक चालान नशे की हालत में वाहन चलाने पर किया गया। संवाद

स्लीपर बस को सीज करते एआरटीओ हरिओम। स्रोत- विभाग