फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Budaun News ›   Sahaswan and Ushat Ganga The test section will flood

सहसवान और उसहैत में गंगा लेगी बाढ़ खंड की परीक्षा

Sun, 05 Jul 2015 11:59 PM IST
badaun
badaun Updated Sun, 05 Jul 2015 11:59 PM IST
विज्ञापन
Sahaswan and Ushat Ganga The test section will flood

जिले में गंगा ने तटीय क्षेत्रों में गंगा ने कटान कर तबाही मचाई हुई है। बाढ़ से पहले गंगा के इस रूप की कल्पना भी बाढ़ खंड ने नहीं की थी। एक बार उफनाने के बाद गंगा कम पानी पर चल रही है लेकिन कटान तेज कर दिया है। कटान के साथ अपना सबसे अधिक प्रभाव गंगा ने सहसवान और उसहैत क्षेत्र में छोड़ा है। गंगा इन स्थानों पर बाढ़ खंड की परीक्षा लेने पर उतारू हैं।

विज्ञापन

सहसवान में गत दिवस कटान ने भारी तबाही मचाई टोटपुर गांव में गंगा ने जहां प्राथमिक और जूनियर विद्यालय की चारदीवारी और रसोई घर गिरा दिया, वहीं भमरोलिया में कई मंदिरों को भी गंगा कटान में अपने साथ ले गई। गंगा-महावा बांध से रिटायर्ड बांध को जाने वाली सड़क भी गंगा ने काट डाली। दर्जनों पेड़ भी गंगा ने निकल लिए। इस इलाके में अभी भी कटान का खौफ बरकरार है। बाढ़ या कटान से संबंधित कोई काम बाढ़ खंड ने न तो यहां प्रस्तावित किया था और न ही हाली प्रयास किए हैं।
विज्ञापन

उसहैत के पथरामई गांव के निकट बांध की सुरक्षा का काम तब हो रहा है जब बाढ़ और कटान की का समय सिर पर है। पिछले दिनों 28 जून को गंगा के उफन जाने से इस बांध की सुरक्षा को हो रहे काम को रोकना पड़ा था। ऐसा आगे कभी भी हो सकता है। पिछले दिनों गंगा में पानी आने से और बाद में पानी कम होने पर कटान होने से बाढ़ खंड विभाग के हाथ-पैर फूल गए थे। आगे बाढ़ खंड की गंगा कभी भी परीक्षा ले सकती है और तबाही भी मचा सकती है।
विज्ञापन
विज्ञापन


कछला बेल्ट के डेढ़ दर्जन गांवों पर संकट बरकरार
गंगा के जलस्तर में गिरावट से तटवर्ती इलाकों में कटान होने लगा है लेकिन बाढ़ का प्रकोप बढने की स्थिति में चंदनपुर से नूरगंज तक तटबंध ऐसे नहीं हैं जो तेज धार को सहन कर पाएं। जलस्तर में बढ़ोत्तरी की आशंका से कछला बेल्ट के डेढ़ दर्जन गांवों पर संकट बरकरार है।
गंगा के जलस्तर में बढ़ोत्तरी की मुख्य वजह पर्वतीय क्षेत्र में बरसात रही है। इलाके में इतनी बरसात नहीं हुई है जो गंगा के तटवर्ती गांवों का प्रभावित कर पाए। आठ दिन पहले जिस तेजी से जलस्तर बढ़ा, उसे देख तो यही लगा कि तटवर्ती गोवों में सहसवान और सदर तहसील क्षेत्र के गांवों स्थिति अभी से भयावह होने लगेगी। चार-पांच दिन से जलस्तर में गिरावट ने कटान शुरू कर दिया है। खेड़ा, हुसैनुपर और चंदनपुर का कुछेक इलाका मामूली कटान की चपेट में आ चुका है।
ग्रामीणों की मानें तो सदर तहसील क्षेत्र के डेढ़ दर्जन गांवों में हुसैनपुर, चंदनपुर, खेड़ा, ढकनगला, पिपरौल, हरपालपुर, कछला का पंखिया नगला, सरौता, डिलौर, चौसिंगा, नूरगंज, रमनगला, सराय स्वाले और भैंसोरा आदि तटवर्ती इलाके का हिस्सा हैं। गुलाबगंज गनिहाई में भी हर साल नुकसान ही होता रहा है। जब भी बाढ़ अपना प्रकोप दिखाती है तब-तब तटवर्ती गांवों में जनजीवन प्रभावित होने के साथ आर्थिक नुकसान भी उठाना पड़ता है। आने वाले दिनों में गंगा के जलस्तर वृद्धि की आशंका से परेशान ग्रामीणों पर बाढ़ का संकट बरकरार है।  

राजस्व विभाग ने बनाई दो चौकियां
बाढ़ के मद्देनजर तहसील प्रशासन ने कछला और चौसिंगा के पास अभी तो दो राहत चौकियां खोल दी हैं। चौकियों पर हालांकि संबंधित कर्मियों की मौजूदगी नहीं है लेकिन बाढ़ का प्रकोप बढने पर चौकियों पर राजस्व कर्मियों के साथ एएनएम, पशु चिकित्सक, ग्राम पंचायत विकास अधिकारी और चौकीदार मुस्तैद रहेंगे। राहत कर्मियों की ड्यूटी भी लगा दी गई है।

पथरामई में बांध सुरक्षा का काम रोक दिया गया है। पानी होने की वजह से काम नहीं हो पा रहा है। बाढ़ के बाद अक्तूबर में काम शुरू किया जाएगा। सहसवान क्षेत्र में कटान रोकने को काम शुरू कर दिया गया है। पेड़ों की टहनियां और मिट्टी के बैग डालकर कटान रोकने का प्रयास हो रहा है।

- प्रमोद कुमार, सहायक अभियंता, बाढ़ खंड

नरौरा से 72 घंटे पहले छोड़े गए पानी का जल स्तर घटने के साथ ही गंगा की लहरों ने कटान करते हुए तबाही मचा दी थी। लेकिन बाढ़ खंड ने कटान रोकने के लिए प्रयास शुरू कर दिए हैं जिसके चलते किसी हद तक कटान अपनी जगह पर थमा हुआ है लेकिन ग्रामीण आशंका को लेकर भयभीत है। एसडीएम दिनेश कुमार सिंह और तहसीलदार नानक सिंह ने राजस्व टीम के साथ जीएम बांध पहुंचकर बाढ़ की स्थिति का जायजा लिया और बाढ़ खंड को निर्देश दिए कि किसी भी हाल पर कटान पर नियंत्रण रखने का भरसक प्रयास करें।

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed