{"_id":"64fa316a6f95cffc3007e539","slug":"only-750-landline-connections-remain-in-the-district-more-in-government-offices-only-badaun-news-c-123-1-sbly1001-3903-2023-09-08","type":"story","status":"publish","title_hn":"Budaun News: जिले में रह गए महज 750 लैंडलाइन \nकनेक्शन, सरकारी दफ्तरों में ही ज्यादा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Budaun News: जिले में रह गए महज 750 लैंडलाइन कनेक्शन, सरकारी दफ्तरों में ही ज्यादा
Fri, 08 Sep 2023 01:54 AM IST
बरेली ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, बदायूं
संवाद न्यूज एजेंसी, बदायूं
Updated Fri, 08 Sep 2023 01:54 AM IST
विज्ञापन
बदायूं। भारत संचार निगम लि. (बीएसएनएल) में लैंडलाइन कनेक्शन महज सरकारी कार्यालयों की ही शोभा बढ़ा रहे हैं। फिलहाल जिले में 750 लैंडलाइन कनेक्शन ही हैं, लेकिन करीब 10 साल पहले इनकी संख्या सात हजार से अधिक थी। अब मोबाइल फोन के अधिक इस्तेमाल होने से लैंडलाइन फोन लगाने का क्रेज लगभग खत्म हो गया है।
करीब 25 साल पहले बीएसएनएल का लैंडलाइन फोन कनेक्शन और मोबाइल फोन के लिए सिम लेने के लिए बड़ी परेशानी होती है। कई-कई दिन तक इंतजार करना पड़ता था। यहां तक कि अधिकारियों से लेकर नेताओं तक की सिफारिश लगानी होती थी। लोगों का कहना है कि विभाग से बेहतर सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। इसकी वजह से घरों से लैंडलाइन कनेक्शन धीरे-धीरे कम होने लगे हैं।
फाइबर कनेक्शन ले रहे उपभोक्ता
अब उपभोक्ता फाइबर टू दी होम से इंटरनेट कनेक्शन (इंटरनेट लैंडलाइन कनेक्शन) में बदलवा रहे है। धीरे-धीरे ऐसे लोगों की संख्या बढ़ती जा रही है।
अब लोगों का रुझान मोबाइल फोन की तरफ ज्यादा है। वह उसे कहीं पर भी उपयोग में ला सकते हैं, जिसकी वजह से लैंडलाइन फोन की संख्या भी घट रही है। -संजय कुमार, एजीएम बीएसएनएल बदायूं
विज्ञापन
विज्ञापन
करीब 25 साल पहले बीएसएनएल का लैंडलाइन फोन कनेक्शन और मोबाइल फोन के लिए सिम लेने के लिए बड़ी परेशानी होती है। कई-कई दिन तक इंतजार करना पड़ता था। यहां तक कि अधिकारियों से लेकर नेताओं तक की सिफारिश लगानी होती थी। लोगों का कहना है कि विभाग से बेहतर सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं। इसकी वजह से घरों से लैंडलाइन कनेक्शन धीरे-धीरे कम होने लगे हैं।
विज्ञापन
फाइबर कनेक्शन ले रहे उपभोक्ता
अब उपभोक्ता फाइबर टू दी होम से इंटरनेट कनेक्शन (इंटरनेट लैंडलाइन कनेक्शन) में बदलवा रहे है। धीरे-धीरे ऐसे लोगों की संख्या बढ़ती जा रही है।
अब लोगों का रुझान मोबाइल फोन की तरफ ज्यादा है। वह उसे कहीं पर भी उपयोग में ला सकते हैं, जिसकी वजह से लैंडलाइन फोन की संख्या भी घट रही है। -संजय कुमार, एजीएम बीएसएनएल बदायूं
विज्ञापन