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नकली खाद बनाने के मामले में एफसीआई का पुतला फूूंका
बदायूं, ब्यूरो
Updated Sun, 22 May 2016 12:23 AM IST
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पुतला फूूंका
- फोटो : अमर उजाला
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भाकियू ने मालवीय आवास पर पंचायत कर किया प्रदर्शन
भारतीय किसान यूनियन ने मालवीय आवास पर पंचायत में जहां किसानों की तमाम समस्याएं उठाईं वहीं वजीरगंज में नकली डीएपी की बोरों में हो रही पैकिंग के मामले में एफसीआई को दोषी करार देते हुए उसका पुतला फूंका और प्रबंधक को बर्खास्त करने की मांग की। इस मौके पर किसानों ने केसीसी का ब्याज माफ करने, पीएम कृषि बीमा को समाप्त करने, गन्ने का भाव 500 रुपये किए जाने, जिले के किसानों को पुराना सूखा राहत का धन दिलाए जाने समेत तमाम मांगें रखीं।
जिलाध्यक्ष धर्मपाल ङ्क्षसह ने कहा कि एफसीआई प्रबंधक ने जिले के किसानों को बर्बाद करने के लिए बड़ा षड्यंत्र रचा है। शासन को इसे बड़े से बड़ा दंड दे। अन्य दोषियों का भी पता लगाकर कार्रवाई की जाए। बीकेडी जिलाध्यक्ष राजेश सक्सेना ने कहा कि एसबीआई दातागंज के फील्ड ऑफीसर ने किसान यूनियन से जुड़े तमाम किसानों के बारे में यह लिखकर भेज दिया कि वे मुद्रा लोन की श्रेणी में नहीं हैं। जबकि यहां मुद्रा लोन में 10 से 20 प्रतिशत तक सुविधा शुल्क लिया जा रहा है। उन्होंने सिंचाई प्रभावित होने और किसानों के खेत सूखने पर जिले को सूखाग्रस्त घोषित किए जाने की मांग भी उठाई। उन्होंने बताया कि यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौ. राकेश टिकैत ने मुख्य मंत्री को भाकियू का ज्ञापन दिलवाने के लिए प्रशासन से फोन पर बात की है।
इस मौके पर कल्लन मियां, कमाल अंसारी, भूपेंद्र सिंह, कल्याण सिंह, बाबू खां, सुरेश चंद्र गुप्ता, राम किशन बाबू लाल, हरचरन लाल, रामनाथ, त्रिमल यादव, रामस्वरूप आदि मौजूद रहे।
भारतीय किसान यूनियन ने मालवीय आवास पर पंचायत में जहां किसानों की तमाम समस्याएं उठाईं वहीं वजीरगंज में नकली डीएपी की बोरों में हो रही पैकिंग के मामले में एफसीआई को दोषी करार देते हुए उसका पुतला फूंका और प्रबंधक को बर्खास्त करने की मांग की। इस मौके पर किसानों ने केसीसी का ब्याज माफ करने, पीएम कृषि बीमा को समाप्त करने, गन्ने का भाव 500 रुपये किए जाने, जिले के किसानों को पुराना सूखा राहत का धन दिलाए जाने समेत तमाम मांगें रखीं।
जिलाध्यक्ष धर्मपाल ङ्क्षसह ने कहा कि एफसीआई प्रबंधक ने जिले के किसानों को बर्बाद करने के लिए बड़ा षड्यंत्र रचा है। शासन को इसे बड़े से बड़ा दंड दे। अन्य दोषियों का भी पता लगाकर कार्रवाई की जाए। बीकेडी जिलाध्यक्ष राजेश सक्सेना ने कहा कि एसबीआई दातागंज के फील्ड ऑफीसर ने किसान यूनियन से जुड़े तमाम किसानों के बारे में यह लिखकर भेज दिया कि वे मुद्रा लोन की श्रेणी में नहीं हैं। जबकि यहां मुद्रा लोन में 10 से 20 प्रतिशत तक सुविधा शुल्क लिया जा रहा है। उन्होंने सिंचाई प्रभावित होने और किसानों के खेत सूखने पर जिले को सूखाग्रस्त घोषित किए जाने की मांग भी उठाई। उन्होंने बताया कि यूनियन के राष्ट्रीय प्रवक्ता चौ. राकेश टिकैत ने मुख्य मंत्री को भाकियू का ज्ञापन दिलवाने के लिए प्रशासन से फोन पर बात की है।
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इस मौके पर कल्लन मियां, कमाल अंसारी, भूपेंद्र सिंह, कल्याण सिंह, बाबू खां, सुरेश चंद्र गुप्ता, राम किशन बाबू लाल, हरचरन लाल, रामनाथ, त्रिमल यादव, रामस्वरूप आदि मौजूद रहे।
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