फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Budaun News ›   Crowds gathered at cooperative societies, police made people stand in queues and distributed fertilizers

Budaun News: सहकारी समितियों पर उमड़ी भीड़, पुलिस ने लाइन लगवाकर बंटवाई खाद

Thu, 21 Nov 2024 10:23 PM IST
Bareily Bureau बरेली ब्यूरो
Updated Thu, 21 Nov 2024 10:23 PM IST
विज्ञापन
Crowds gathered at cooperative societies, police made people stand in queues and distributed fertilizers
उझानी के सहकारी समिति पर डीएपी वितरित कराती पुलिस। संवाद
बदायूं। सहकारी समितियों पर बृहस्पतिवार को खाद पहुंची तो एकाएक वहां भीड़ उमड़ पड़ी। कई जगह तो पुलिस बुलानी पड़ गई। पुलिस ने लाइन लगवाकर खाद बंटवाई। 28 समितियों पर 346 एमटी खाद बंटवाई गई। खाद मिलने से किसानों को राहत मिली है।
विज्ञापन

जिले में डीएपी के लिए काफी समय से मारामारी चल रही है। समितियाें पर खाद नहीं है। किसान समिति पर आकर मायूस लौट रहे थे। बृहस्पतिवार को सहकारी समितियों पर 346 एमटी डीएपी पहुंची। इसके बाद उसका वितरण शुरू हो सका। हालात यह रहे कि घंटों लाइन में लगने के बाद भी किसी किसान को एक तो किसी को दो कट्टे डीएपी मिल सकी। कई लोग खाद पाकर खुश हुए तो कुछेक किसानों का कहना था कि उन्हें जरूरत दो-तीन कट्टे की थी, लेकिन मिला एक।
विज्ञापन


महिलाओं ने भी चूल्हा-चौका छोड़ डीएपी के लिए लगाई लाइन
फसल का उत्पादन बेहतर हो सके इसके लिए किसानों को इस समय डीएपी की सख्त जरूरत है। समितियों पर खाद पहुंचने की सूचना पर उझानी, अलापुर, दातागंज, चितौरा जगहों पर किसानों के साथ महिलाएं भी लाइन में लग गईं। अलापुर निवासी सुमन देवी का कहना है कि सुबह आ गए थे। दोपहर 12 बजे के करीब कट्टा मिला है। अब घर जाकर खाना बनाएंगी। वहीं चितौरा निवासी मल्लिका ने बताया कि तड़के ही खाना बनाकर डीएपी लेने केंद्र सात बजे पहुंच गए। एक घंटा लाइन में लगने के बाद एक बोरी खाद मिल गई।
विज्ञापन
विज्ञापन


किसान बोले- जब खाद भरपूर है तो क्यों नहीं बांट रहे अधिकारी

सुबह से लाइन में लगे हैं। करीब डेढ़ घंटे बाद नंबर आ सका। दो कट्टे की जरूरत थी, लेकिन एक कट्टा ही दिया गया। कहा कि दो-तीन दिन बाद आना। खाद बचेगी तो दूसरा कट्टा दिया जाएगा। -नरेश, निवासी भसराला


किसानों को चार कट्टे की जरूरत है, लेकिन किसानों को कहीं पर एक तो कहीं पर दो कट्टे ही दिए जा रहे हैं। जब अधिकारी कह रहे हैं भरपूर मात्रा में डीएपी है तो किसानों को सहजता से उपलब्ध क्यों नहीं कराई जा रही है। -अजयवीर, निवासी हसनपुर


पुलिस न मिलने पर मुसिया नगला में नहीं बंटी डीएपी
दबतोरी। सहकारी समिति मुसिया नगला में किसान पिछले तीन दिन से डीएपी के लिए भटक रहे हैं। बृहस्पतिवार को डीएपी वितरण की सूचना पर किसान समितियों पर पहुंच गए, लेकिन सचिव ने भीड़ को देखते हुए सुरक्षा व्यवस्था न होने की बात कहकर डीएपी का वितरण नहीं किया। सहकारी समिति मुसिया नगला के सचिव नेकपाल सिंह पर इसके अलावा दूंदपुर समिति का भी चार्ज है।
मुसिया नगला स्थित सहकारी समिति मंगलवार, बृहस्पतिवार और शनिवार को खुलती है। बृहस्पतिवार को सुबह ही किसान समिति पर पहुंच गए और समिति के खुलने का इंतजार करने लगे। सचिव का कहना है कि भीड़ को देखते हुए कट्टे कम हैं। ऐसे में हंगामा हो सकता था। पुलिस फोर्स मांगी गई थी। न आ पाने के कारण वितरण नहीं किया जा सका। संवाद


उझानी में किसानों की भीड़ देख लेना पड़ा पुलिस का सहारा

उझानी। सहकारी क्रय विक्रय समिति पर डीएपी वितरण की सूचना मिलते ही बृहस्पतिवार को सुबह से ही किसानों के साथ महिलाओं की लाइन लग गई। भीड़ में शामिल कई किसान गुस्से में दिखे। आपाधापी के बीच हंगामा होने से आशंकित सचिव रवेंद्र शर्मा ने वितरण शुरू करने से पहले पुलिस फोर्स बुला ली।
इंस्पेक्टर नरेश कुमार ने किसानों को लाइन में खड़ा कराया। इसके बाद ही उन्हें डीएपी का वितरण किया गया। सचिव के मुताबिक, समिति को डीएपी के 240 कट्टे मिले थे, जिन्हें अपराह्न तक करीब दो सौ किसानों में बांट दिया गया। बता दें कि दो दिन पहले बुटला समिति पर वितरण शुरू होने से पहले किसानों ने हंगामा किया था। संवाद




ओवररेट के खेल से उझानी का
रैक प्वाइंट भी नहीं रहा अछूता

उझानी। बाजार में डीएपी के ओवररेट का खेल काफी समय से चल रहा है। समितियों से किसानों को पर्याप्त मात्रा में डीएपी नहीं मिल पाने का बाजार में दुकानदार पूरा फायदा उठा रहे हैं। गांव हरहरपुर निवासी किसान देवेंद्र सिंह ने बताया कि तीन दिन पहले उन्हें 18 सौ रुपये में डीएपी का कट्टा मिला। ओवररेट के बारे में जब दुकानदार से पूछा तो उससे कहा कि उन्हें भी रैक प्वाइंट से प्रति कट्टा करीब डेढ़ सौ रुपये महंगा मिलता है। ऐसे में वह प्रिंट पर बेचकर सिर्फ घाटा ही उठा सकते हैं। रैक प्वाइंट पर दुकानदारों से ओवररेट वसूले जाने की शिकायतें पहले भी आती रहीं हैं। संवाद

उझानी के सहकारी समिति पर डीएपी वितरित कराती पुलिस। संवाद

उझानी के सहकारी समिति पर डीएपी वितरित कराती पुलिस। संवाद

उझानी के सहकारी समिति पर डीएपी वितरित कराती पुलिस। संवाद

उझानी के सहकारी समिति पर डीएपी वितरित कराती पुलिस। संवाद

उझानी के सहकारी समिति पर डीएपी वितरित कराती पुलिस। संवाद

उझानी के सहकारी समिति पर डीएपी वितरित कराती पुलिस। संवाद

उझानी के सहकारी समिति पर डीएपी वितरित कराती पुलिस। संवाद

उझानी के सहकारी समिति पर डीएपी वितरित कराती पुलिस। संवाद

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed