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तीन साल पहले बरामद की गईं देशी शराब की साढ़े तीन सौ पेटियां नष्ट
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उझानी कोतवाली से ट्रक में शराब की पेटियां लोड करते मजदूर। संवाद
- फोटो : BADAUN
उझानी (बदायूं)। करीब तीन साल बदायूं रोड पर एक डीसीएम से बरामद देशी शराब की 350 पेटियों में रखे सैकड़ों पौवों को कटरी में जेसीबी के जरिये नष्ट कर दिया गया। सीजेएम कोर्ट के आदेश पर सीओ शक्ति सिंह की मौजूदगी में कार्रवाई पूरी की गई। उसके अवशेष गड्ढे में दबा दिए गए।
बरामदगी के बाद से कोतवाली परिसर में कैद देशी शराब की पेटियों को सीलबंद कमरे में रखा गया था। इसे नष्ट करने के लिए पुलिस ने सीजेएम कोर्ट से अनुमति मांगी थी। अभिलेखीय औपचारिकता पूरी होने के बाद पुलिस ने मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में कमरे की सील खुलवाई। शराब की पेटियों को ट्रक में लोड करके दोपहर बाद वितरोई के जंगल में ले जाया गया। सीओ शक्ति सिंह और प्रभारी निरीक्षक हरपाल सिंह बालियान ने अपनी मौजूदगी में शराब की सभी पेटियों में सैकड़ों की संख्या में निकले पौवों पर जेसीबी चलवा दी।
शराब के पौव्वे नष्ट किए जाते समय आसपास गांवों के लोगों का भी जमघट लगा रहा। पुलिस ने गड्ढे में पौवों के अवशेष दफन करा दिए गए हैं। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि बताया कि बरामद शराब के मामले में आबकारी विभाग के जरिये नमूने की जांच करा ली गई थी। कार्रवाई की वीडियोग्राफी भी कराई गई है।
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यह था पूरा मामला
वर्ष-2019 में देशी शराब की तस्करी की सूचना के बाद तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार चाहर ने पुलिस फोर्स के साथ वाहन चेकिंग शुरू की थी। पुलिस को बाईपास की ओर से बदायूं की तरफ निकली डीसीएम को पकड़ लिया। चालक मेरठ जिले में कंकरखेड़ा निवासी राजकुमार पुत्र वीर सिंह और हेल्पर हरियाणा के पानीपत में मॉडल टाउन निवासी राहुल सिंह पुत्र संजय सिंह को दबोचकर वाहन की तलाशी ली तो 350 पेटियों में देशी शराब, सैकड़ों की संख्या में ढक्कन और कई कंपनियों के रैपर मिले थे।
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बरामदगी के बाद से कोतवाली परिसर में कैद देशी शराब की पेटियों को सीलबंद कमरे में रखा गया था। इसे नष्ट करने के लिए पुलिस ने सीजेएम कोर्ट से अनुमति मांगी थी। अभिलेखीय औपचारिकता पूरी होने के बाद पुलिस ने मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में कमरे की सील खुलवाई। शराब की पेटियों को ट्रक में लोड करके दोपहर बाद वितरोई के जंगल में ले जाया गया। सीओ शक्ति सिंह और प्रभारी निरीक्षक हरपाल सिंह बालियान ने अपनी मौजूदगी में शराब की सभी पेटियों में सैकड़ों की संख्या में निकले पौवों पर जेसीबी चलवा दी।
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शराब के पौव्वे नष्ट किए जाते समय आसपास गांवों के लोगों का भी जमघट लगा रहा। पुलिस ने गड्ढे में पौवों के अवशेष दफन करा दिए गए हैं। प्रभारी निरीक्षक ने बताया कि बताया कि बरामद शराब के मामले में आबकारी विभाग के जरिये नमूने की जांच करा ली गई थी। कार्रवाई की वीडियोग्राफी भी कराई गई है।
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यह था पूरा मामला
वर्ष-2019 में देशी शराब की तस्करी की सूचना के बाद तत्कालीन प्रभारी निरीक्षक विनोद कुमार चाहर ने पुलिस फोर्स के साथ वाहन चेकिंग शुरू की थी। पुलिस को बाईपास की ओर से बदायूं की तरफ निकली डीसीएम को पकड़ लिया। चालक मेरठ जिले में कंकरखेड़ा निवासी राजकुमार पुत्र वीर सिंह और हेल्पर हरियाणा के पानीपत में मॉडल टाउन निवासी राहुल सिंह पुत्र संजय सिंह को दबोचकर वाहन की तलाशी ली तो 350 पेटियों में देशी शराब, सैकड़ों की संख्या में ढक्कन और कई कंपनियों के रैपर मिले थे।