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गैर इरादतन हत्या में पति को आजीवन कारावास
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बदायूं। करीब साढ़े तीन साल पहले मामूली कहासुनी पर पत्नी के सिर में प्राणघातक चोट पहुंचाकर हत्या करने के मामले में नामजद आरोपी को अपर सत्र न्यायाधीश द्वादश रविकांत ने दोषी ठहराया है। कोर्ट ने नामजद पति को आजीवन कारावास की सजा सुनाई है, साथ ही पांच हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है।
जनपद हरदोई के थाना शाहबाद के गांव रनुआपुर निवासी अमन यादव पुत्र सुरेश चंद्र यादव ने छह दिसंबर 2018 को थाना उसहैत पर रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट के मुताबिक उसने अपनी बहन प्रीति की शादी तारापुर थाना मिर्जापुर जनपद शाहजहांपुर निवासी छविराम पुत्र दाताराम के साथ घटना से करीब 12 साल पहले की थी। बहन प्रीति और बच्चों को लेकर उसका बहनोई छविराम अपनी रिश्तेदारी बंगस नगला थाना उसहैत बदायूं में आया था। घटना वाले दिन उसकी बहन और बहनोई छविराम में किसी बात पर कहासुनी हो गई। छविराम ने गुस्से में आकर उसकी बहन प्रीति के सिर में धनकुटा मारकर हत्या कर दी। उसने छविराम के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने छविराम के खिलाफ गैर इरादतन हत्या में चार्जशीट दाखिल की। अपर सत्र न्यायाधीश रविकांत ने अभियोजन की ओर से विशेष लोक अभियोजक अतुल कुमार सिंह और बचाव पक्ष के अधिवक्ता को सुनने के बाद आरोपी छविराम को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई, साथ ही उस पर पांच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
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जनपद हरदोई के थाना शाहबाद के गांव रनुआपुर निवासी अमन यादव पुत्र सुरेश चंद्र यादव ने छह दिसंबर 2018 को थाना उसहैत पर रिपोर्ट दर्ज कराई थी। रिपोर्ट के मुताबिक उसने अपनी बहन प्रीति की शादी तारापुर थाना मिर्जापुर जनपद शाहजहांपुर निवासी छविराम पुत्र दाताराम के साथ घटना से करीब 12 साल पहले की थी। बहन प्रीति और बच्चों को लेकर उसका बहनोई छविराम अपनी रिश्तेदारी बंगस नगला थाना उसहैत बदायूं में आया था। घटना वाले दिन उसकी बहन और बहनोई छविराम में किसी बात पर कहासुनी हो गई। छविराम ने गुस्से में आकर उसकी बहन प्रीति के सिर में धनकुटा मारकर हत्या कर दी। उसने छविराम के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई। पुलिस ने छविराम के खिलाफ गैर इरादतन हत्या में चार्जशीट दाखिल की। अपर सत्र न्यायाधीश रविकांत ने अभियोजन की ओर से विशेष लोक अभियोजक अतुल कुमार सिंह और बचाव पक्ष के अधिवक्ता को सुनने के बाद आरोपी छविराम को दोषी ठहराते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई, साथ ही उस पर पांच हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया है।
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