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जयंती पर याद किए गए आजाद
ब्यूरो /बदायूं
Updated Sat, 23 Jul 2016 11:48 PM IST
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देश को स्वतंत्र कराने के लिए जान न्यौछावर करने वाले भारतमाता के वीर सपूत चंद्रशेखर आजाद की जयंती एक विचार गोष्ठी का आयोजन दुर्गा मंदिर में किया गया। इसमें चंद्रशेखर आजाद के चित्र पर माल्यार्पण करके उनके जीवन की वीरगाथा के बारे में बताया गया। पूर्व जिलाध्यक्ष पुनीत कश्यप ने कहा कि मात्र 17 साल की उम्र में आजाद ने देश को स्वतंत्र कराने के लिए अपनी इच्छाओं को त्यागते हुए क्रांतिकारी बन गए। कहा कि अब देश को फिर से भगत सिंह और चंद्रशेखर की जरूरत है।
जिलाध्यक्ष भानु तोमर ने कहा कि देश की आजादी के लिए जान देने वाले चंद्रशेखर ने कभी नहीं सोचा होगा कि लोग मंदिर और मस्जिद के नाम पर आपस में लड़ेंगे। इस मौके पर जिला संयोजक योगेंद्र सागर, विशाल वैश्य, कुनाल राठौर, अंकित शंखधार, मयंक गुप्ता, शेखर वर्मा, केंद्रभान सिंह, श्रीकांत सक्सेना, शाहनवाज अल्वी, गोविंद कश्यप, रजत कश्यप, मुदित शर्मा आदि मौजूद रहे।
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जिलाध्यक्ष भानु तोमर ने कहा कि देश की आजादी के लिए जान देने वाले चंद्रशेखर ने कभी नहीं सोचा होगा कि लोग मंदिर और मस्जिद के नाम पर आपस में लड़ेंगे। इस मौके पर जिला संयोजक योगेंद्र सागर, विशाल वैश्य, कुनाल राठौर, अंकित शंखधार, मयंक गुप्ता, शेखर वर्मा, केंद्रभान सिंह, श्रीकांत सक्सेना, शाहनवाज अल्वी, गोविंद कश्यप, रजत कश्यप, मुदित शर्मा आदि मौजूद रहे।
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