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जंगली जानवरों की दस्तक से गांवों में दहशत
ब्यूरो/ अमर उजाला, बिजनौर
Updated Mon, 15 Feb 2016 12:05 AM IST
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कालागढ़ में क्षेत्र में जंगली जानवरों की आवक होने से नागरिकों में दहशत का माहौल है। नागरिकों ने वन विभाग से गश्त कराने की मांग की है, वहीं उप प्रभागीय वनाधिकारी आरके तिवारी ने इनसे दूर रहने की बात कही हैं।
जैसे जैसे खेतों से गन्ने की कटाई हो रही है, वैसे वैसे खेतों में दूर तक खाली खेत जंगली जानवरों के आवक से चिंता का कारण बन गए हैं। भिक्कावाला, जामनवाला, पत्थरवाला, मीरापुर, मालोनी, लालबाग क्षेत्र में जंगली जानवरों के पैरों के निशान देखे जा रहे है।
केंद्रीय कॉलोनी में रविदास मंदिर के सामने मुख्य मार्ग पर रात में अक्सर बाघ नजर आ रहा है। दूसरी तरफ सुरक्षा बैरियर दो बटा छह से पुराना कालागढ़ के बीच हाथी और गुलदार की आवक होने से सुबह और शाम खतरा बना रहता है। क्षेत्रीय नागरिक मलखान सिंह, जगतार सिंह, मनवर सिंह, जगत सिंह आदि ने वन विभाग से मांग की कि गश्ती दलों को संबंधित स्थानों पर तैनात किया जाए। ताकि राहगीरों को सुरक्षा मिल सके।
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जैसे जैसे खेतों से गन्ने की कटाई हो रही है, वैसे वैसे खेतों में दूर तक खाली खेत जंगली जानवरों के आवक से चिंता का कारण बन गए हैं। भिक्कावाला, जामनवाला, पत्थरवाला, मीरापुर, मालोनी, लालबाग क्षेत्र में जंगली जानवरों के पैरों के निशान देखे जा रहे है।
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केंद्रीय कॉलोनी में रविदास मंदिर के सामने मुख्य मार्ग पर रात में अक्सर बाघ नजर आ रहा है। दूसरी तरफ सुरक्षा बैरियर दो बटा छह से पुराना कालागढ़ के बीच हाथी और गुलदार की आवक होने से सुबह और शाम खतरा बना रहता है। क्षेत्रीय नागरिक मलखान सिंह, जगतार सिंह, मनवर सिंह, जगत सिंह आदि ने वन विभाग से मांग की कि गश्ती दलों को संबंधित स्थानों पर तैनात किया जाए। ताकि राहगीरों को सुरक्षा मिल सके।
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