{"_id":"582767504f1c1bc868b3722b","slug":"the-amount-paid-is-less-than-the-limit","type":"story","status":"publish","title_hn":"धनराशि कम होने से भुगतान हुआ सीमित","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
धनराशि कम होने से भुगतान हुआ सीमित
ब्यूरो/अमर उजाला, बिजनौर
Updated Sun, 13 Nov 2016 12:32 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
नजीबाबाद में बैंकों में नोट बदलने तथा जमा करने पहुंचे बड़ी संख्या में नागरिकों को घंटों लाइन में लगने के बाद निराश लौटना पड़ा। बैंकों के खुलने से कई घंटे पहले लंबी कतारें लग गई थीं। बैंक कर्मचारियों ने दिनभर कड़ी मशक्कत के साथ लेनदेन किया।
स्टेट बैैंक, पंजाब नेशनल बैंक सहित नगर की विभिन्न बैंक शाखाओं में दिनभर 500 और 1000 के नोट जमा कराने और बदलने वालों का जमावड़ा रहा। अधिकांश बैंकों में नए नोट न पहुंचने से बैंकों के सामने चुनौतियां आने लगी हैं। तीन दिन से 500 और 1000 रुपये के नोट के बदले सौ, पचास और दस रुपये के नोट देने वाले बैंकों का स्टॉक खत्म होने लगा। जिसके चलते कई बैंकों ने खातों से दस हजार का भुगतान पर रोक लगाते हुए कम धनराशि देनी शुरू कर दी। चार हजार तक के पुराने नोट बदलने पर भी बैंकों ने कम धनराशि देनी शुरू कर दी, जिससे घंटों से पंक्तियों में खड़े नागरिकों ने बैंकों पर जमकर हंगामा किया। कई बैंकों ने नगदी खत्म हो जाने की बात कहकर घंटों भुगतान रोके रखा। जलालाबाद, नजीबाबाद की कई बैंक शाखाओं के बाहर भारी भीड़ उमड़ने से यातायात प्रभावित हो रहा है। लोगों की पंक्तियां लगाने और यातायात सुचारु रखने में पुलिस को कड़ी मशक्कत करनी पड़ रही है।
बैंक खुलने के समय को लेकर ग्राहकों में असमंजस की स्थिति रही। अनेक ग्राहकों का आरोप था कि कई बैंक मनमाने ढंग से समय से पूर्व बैंकों को बंद कर देते हैं, जिससे सैकड़ों लोगों को घंटों लाइनों में लगने के बाद निराश लौटना पड़ रहा है।
विज्ञापन
विज्ञापन
स्टेट बैैंक, पंजाब नेशनल बैंक सहित नगर की विभिन्न बैंक शाखाओं में दिनभर 500 और 1000 के नोट जमा कराने और बदलने वालों का जमावड़ा रहा। अधिकांश बैंकों में नए नोट न पहुंचने से बैंकों के सामने चुनौतियां आने लगी हैं। तीन दिन से 500 और 1000 रुपये के नोट के बदले सौ, पचास और दस रुपये के नोट देने वाले बैंकों का स्टॉक खत्म होने लगा। जिसके चलते कई बैंकों ने खातों से दस हजार का भुगतान पर रोक लगाते हुए कम धनराशि देनी शुरू कर दी। चार हजार तक के पुराने नोट बदलने पर भी बैंकों ने कम धनराशि देनी शुरू कर दी, जिससे घंटों से पंक्तियों में खड़े नागरिकों ने बैंकों पर जमकर हंगामा किया। कई बैंकों ने नगदी खत्म हो जाने की बात कहकर घंटों भुगतान रोके रखा। जलालाबाद, नजीबाबाद की कई बैंक शाखाओं के बाहर भारी भीड़ उमड़ने से यातायात प्रभावित हो रहा है। लोगों की पंक्तियां लगाने और यातायात सुचारु रखने में पुलिस को कड़ी मशक्कत करनी पड़ रही है।
विज्ञापन
बैंक खुलने के समय को लेकर ग्राहकों में असमंजस की स्थिति रही। अनेक ग्राहकों का आरोप था कि कई बैंक मनमाने ढंग से समय से पूर्व बैंकों को बंद कर देते हैं, जिससे सैकड़ों लोगों को घंटों लाइनों में लगने के बाद निराश लौटना पड़ रहा है।
विज्ञापन