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Bijnor News: लंबी बीमारी के बाद शायर महेंद्र अश्क का निधन
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नजीबाबाद-शायर महेंद्र अश्क (फाइल फोटो)।
संवाद न्यूज एजेंसी
नजीबाबाद। जाने माने शायर महेंद्र अश्क का लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया। वे 80 वर्ष के थे। शायर महेंद्र अश्क का अंतिम संस्कार रविवार को सुबह 10 बजे हरिद्वार में किया जाएगा।
देश विदेश में मुशायरों में शिरकत करने वाले शायर महेंद्र अश्क ने शनिवार को 3:30 बजे अपने पुत्र विपिन राजपूत के सिद्धबली कॉलोनी स्थित आवास पर अंतिम सांस ली। महेंद्र अश्क ने कई दशक तक दिलों को जाेड़ने वाली शायरी से पहचान बनाई।
उन्होंने ईरान, पाकिस्तान, दुबई में कलाम पढ़े। इसी वर्ष ईरान की संस्था ने साहित्यकारों और शायरों के प्रतिनिधिमंडल में उन्हें बुलाकर अवार्ड प्रदान किया था। देश के नामचीन शायरों जिगर मुरादाबादी, जौहर कानपुरी, वसीम बरेलवी, अजीम अमरोही आदि के साथ बड़े मुशायरों का मंच साझा कर अपनी शायरी से दिलों को जीता।
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शायर डॉ.गुलशन बिजनौरी, डॉ.आफताब नोमानी, प्रदीप डेजी, डॉ.नसीम अख्तर, डॉ.इलियास, कुमार मोनू रूबा, कारी शोएब, शादाब जफर शादाब, डॉ.एसके जौहर ने उनके इंतकाल पर अफसोस का इजहार किया। इसे शायरी की दुनिया की बड़ी क्षति बताया।
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नजीबाबाद। जाने माने शायर महेंद्र अश्क का लंबी बीमारी के बाद निधन हो गया। वे 80 वर्ष के थे। शायर महेंद्र अश्क का अंतिम संस्कार रविवार को सुबह 10 बजे हरिद्वार में किया जाएगा।
देश विदेश में मुशायरों में शिरकत करने वाले शायर महेंद्र अश्क ने शनिवार को 3:30 बजे अपने पुत्र विपिन राजपूत के सिद्धबली कॉलोनी स्थित आवास पर अंतिम सांस ली। महेंद्र अश्क ने कई दशक तक दिलों को जाेड़ने वाली शायरी से पहचान बनाई।
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उन्होंने ईरान, पाकिस्तान, दुबई में कलाम पढ़े। इसी वर्ष ईरान की संस्था ने साहित्यकारों और शायरों के प्रतिनिधिमंडल में उन्हें बुलाकर अवार्ड प्रदान किया था। देश के नामचीन शायरों जिगर मुरादाबादी, जौहर कानपुरी, वसीम बरेलवी, अजीम अमरोही आदि के साथ बड़े मुशायरों का मंच साझा कर अपनी शायरी से दिलों को जीता।
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शायर डॉ.गुलशन बिजनौरी, डॉ.आफताब नोमानी, प्रदीप डेजी, डॉ.नसीम अख्तर, डॉ.इलियास, कुमार मोनू रूबा, कारी शोएब, शादाब जफर शादाब, डॉ.एसके जौहर ने उनके इंतकाल पर अफसोस का इजहार किया। इसे शायरी की दुनिया की बड़ी क्षति बताया।