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लेखपाल ने सहायक चकबंदी विभाग के अधिकारियों के आदेशों की जमकर उड़ाई धज्जियां
Updated Tue, 13 Feb 2018 12:25 AM IST
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धामपुर। सहायक चकबंदी विभाग धामपुर में कार्यरत एक लेेखपाल ने तबादले के पांच महीने बाद भी चार्ज नहीं छोड़ा। नवनियुक्त सहायक चकबंदी अधिकारी का कहना है कि लेखपाल को दो फरवरी से कार्यमुक्त कर दिया गया है। लेखपाल के खिलाफ विभागीय कार्रवाई के लिए बंदोबस्त अधिकारी को रिपोर्ट भेज दी गई है।
लेखपाल सुशील कुमार 10 साल से वजीपुर बीए और मोहम्मदअलीपुर क्षेत्र में जमा है। विभाग की ओर से इनका तबादला सितंबर 2017 को बिजनौर चकबंदी विभाग के लिए कर दिया गया। इनकी जगह लेखपाल आशीष कुुमार को कार्यभार ग्रहण करने के आदेश हैं, लेकिन सुशील ने चार्ज नहीं छोड़ा। गौरतलब है कि सहायक चकबंदी अधिकारी सूरजपाल को बागपत के एक मामले में 15 जनवरी 2018 को निलंबित कर नूरपुर में तैैनात सहायक चकबंदी अधिकारी धर्मदेव सिंह को यहां का अतिरिक्त कार्यभार सौंपा है।
नए सहायक चकबंदी अधिकारी के रूप में 29 जनवरी को यहां कार्यभार ग्रहण करने के बाद धर्मदेव सिंह ने सुशील को 02 फरवरी को कार्यमुक्त कर दिया और आशीष कुुमार को चार्ज देने के आदेश दिए। लेकिन सुशील ने रिलीव होने के 10 दिन बाद भी चार्ज नहीं छोड़ा। इस मामले में चकबंदी अधिकारी ने बंदोबस्त चकबंदी अधिकारी मेघवरण सिंह का रिपोर्ट भेजी है।
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ट्रांसफर को निरस्त कराने का है प्रयास : सुशील
लेखपाल सुशील कुमार का कहना है कि उनका यहां से स्थानांतरण तो हो गया है। लेकिन चकबंदी अधिकारी राजकुमार वर्मा के कहने से वह अभी यहां का कार्यभार नहीं छोड़ सके हैं। उनका प्रयास स्थानांतरण को निरस्त कराकर यहीं तैनाती दिलाने का है।
देखे बगैर कुछ कहना अनुचित : बंदोबस्त अधिकारी
बंदोबस्त अधिकारी मेघवरण सिंह का कहना है कि अभी वह मेडिकल अवकाश पर हैं। मामला उनके संज्ञान में लाया गया है। वह फाइल का अवलोकन और चकबंदी अधिकारी राजकुमार वर्मा से वार्ता करने के बाद ही कुछ बता पाएंगे।
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लेखपाल सुशील कुमार 10 साल से वजीपुर बीए और मोहम्मदअलीपुर क्षेत्र में जमा है। विभाग की ओर से इनका तबादला सितंबर 2017 को बिजनौर चकबंदी विभाग के लिए कर दिया गया। इनकी जगह लेखपाल आशीष कुुमार को कार्यभार ग्रहण करने के आदेश हैं, लेकिन सुशील ने चार्ज नहीं छोड़ा। गौरतलब है कि सहायक चकबंदी अधिकारी सूरजपाल को बागपत के एक मामले में 15 जनवरी 2018 को निलंबित कर नूरपुर में तैैनात सहायक चकबंदी अधिकारी धर्मदेव सिंह को यहां का अतिरिक्त कार्यभार सौंपा है।
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नए सहायक चकबंदी अधिकारी के रूप में 29 जनवरी को यहां कार्यभार ग्रहण करने के बाद धर्मदेव सिंह ने सुशील को 02 फरवरी को कार्यमुक्त कर दिया और आशीष कुुमार को चार्ज देने के आदेश दिए। लेकिन सुशील ने रिलीव होने के 10 दिन बाद भी चार्ज नहीं छोड़ा। इस मामले में चकबंदी अधिकारी ने बंदोबस्त चकबंदी अधिकारी मेघवरण सिंह का रिपोर्ट भेजी है।
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ट्रांसफर को निरस्त कराने का है प्रयास : सुशील
लेखपाल सुशील कुमार का कहना है कि उनका यहां से स्थानांतरण तो हो गया है। लेकिन चकबंदी अधिकारी राजकुमार वर्मा के कहने से वह अभी यहां का कार्यभार नहीं छोड़ सके हैं। उनका प्रयास स्थानांतरण को निरस्त कराकर यहीं तैनाती दिलाने का है।
देखे बगैर कुछ कहना अनुचित : बंदोबस्त अधिकारी
बंदोबस्त अधिकारी मेघवरण सिंह का कहना है कि अभी वह मेडिकल अवकाश पर हैं। मामला उनके संज्ञान में लाया गया है। वह फाइल का अवलोकन और चकबंदी अधिकारी राजकुमार वर्मा से वार्ता करने के बाद ही कुछ बता पाएंगे।