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24 घंटे में एक मीटर बढ़ गया गंगा का जलस्तर
अमर उजाला ब्यूरो , भदोही
Updated Wed, 10 Aug 2016 02:14 AM IST
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सीतामढ़ी में गंगा का जलस्तर बढ़ने से उड़िया बाबा आश्रम के समीप तक पहुंचा पानी।
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गंगा का जलस्तर लगातार बढ़ रहा है। इससे तटीय इलाकों के ग्रामीणों की धड़कने बढ़ गई है। छेछुआ- भुर्रा में कटान तेज होने से लोगों की मुश्किलें भी बढ़ने लगी है। मंगलवार शाम तक जलस्तर 76.360 मीटर दर्ज किया गया। 24 घंटे में जलस्तर करीब एक मीटर तक बढ़ गया।
उत्तराखंड और पश्चिम यूपी में लगातार हो रही बारिश का असर गंगा के जलस्तर पर देखने को मिल रहा है। गत तीन दिनों से बढ़ रहा जलस्तर मंगलवार को चौथे दिन उत्तरोत्तर वृद्धि पर रहा। केंद्रीय जल आयोग के मीटर गेज पर जल स्तर 76.260 मीटर तक पहुंच गया है। जल स्तर बढ़ने की गति सुबह कम रही लेकिन शाम छह बजे के बाद तीन सेमी प्रति घंटे की रफ्तार से गंगा का जलस्तर बढ़ने लगा। जल स्तर बढ़ने से कोनिया के भुर्रा में कटान तेज हो गया है। छेछुआ- भुर्रा के किसानों की चिंता भी बढ़ने लगी है। किसानों का कहना है कि प्रशासन जल्द ही कटान रोकने का कोई ठोस इंतजाम नहीं करेगा तो उनकी ,उपजाऊ जमीन नष्ट हो जाएगी। जलस्तर बढ़ने से सीतामढ़ी स्थित उड़िया बाबा आश्रम के नींव तक पानी पहुंच गया है। मालूम हो कि गंगा क कटान से पांच दशक में इलाके की करीब 500 बीघे से अधिक कृषि भूमि गंगा की भेंट चढ़ चुकी है।
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उत्तराखंड और पश्चिम यूपी में लगातार हो रही बारिश का असर गंगा के जलस्तर पर देखने को मिल रहा है। गत तीन दिनों से बढ़ रहा जलस्तर मंगलवार को चौथे दिन उत्तरोत्तर वृद्धि पर रहा। केंद्रीय जल आयोग के मीटर गेज पर जल स्तर 76.260 मीटर तक पहुंच गया है। जल स्तर बढ़ने की गति सुबह कम रही लेकिन शाम छह बजे के बाद तीन सेमी प्रति घंटे की रफ्तार से गंगा का जलस्तर बढ़ने लगा। जल स्तर बढ़ने से कोनिया के भुर्रा में कटान तेज हो गया है। छेछुआ- भुर्रा के किसानों की चिंता भी बढ़ने लगी है। किसानों का कहना है कि प्रशासन जल्द ही कटान रोकने का कोई ठोस इंतजाम नहीं करेगा तो उनकी ,उपजाऊ जमीन नष्ट हो जाएगी। जलस्तर बढ़ने से सीतामढ़ी स्थित उड़िया बाबा आश्रम के नींव तक पानी पहुंच गया है। मालूम हो कि गंगा क कटान से पांच दशक में इलाके की करीब 500 बीघे से अधिक कृषि भूमि गंगा की भेंट चढ़ चुकी है।
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